छत्तीसगढ़
धनपुरी गांव में हाथी का कहर, घर तोड़ा, धान खाया, ग्रामीणों में दहशत
Shantanu Roy
20 Aug 2025 11:57 PM IST

x
छग
Raigarh. रायगढ़। बीती रात रायगढ़ जिले के धनपुरी गांव में वह मंजर किसी फिल्मी दृश्य से कम नहीं था। गहरी नींद में सोया गांव अचानक गड़गड़ाहट से कांप उठा। रात के सन्नाटे को हाथी की चिंघाड़ ने तोड़ दिया और पलक झपकते ही बुधनाथ मांझी का घर मलबे में तब्दील हो गया। घर की दीवारें टूट गईं, बांस-खपरे का सहारा ढह गया और हाथी ने अंदर रखा सारा धान चट कर दिया। इस अचानक हमले से पूरा गांव दहशत में आ गया। जानकारी के मुताबिक, घटना देर रात करीब 1ः30 बजे की है। बुधनाथ मांझी के घर पर हाथी ने धावा बोला। लेकिन परिवारवालों ने सूझबूझ दिखाते हुए समय रहते घर छोड़ दिया और पास की गली में शरण ले ली। यह हादसा जानलेवा साबित हो सकता था। हाथी घर के भीतर घुस आया और पूरे घर को तहस-नहस कर दिया। सुबह तक गांव में सन्नाटा पसरा रहा, मानो पूरा गांव किसी अनहोनी फिल्म का हिस्सा बन गया हो।
अधिकारियों ने संभाली स्थिति
घटना की सूचना मिलते ही क्षेत्रीय बीडीसी जनकराम राठिया मौके पर पहुंचे। उन्होंने तुरंत वन विभाग की टीम को बुलवाया। संबंधित बीट गार्ड समीर तिर्की ने बताया कि यह घटना वनपरिक्षेत्र बाकारूमा के साजापाली आरएफ क्रमांक 84 में हुई है। बुधनाथ मांझी का घर पूरी तरह ढह गया और धान का भंडार हाथी खा गया। उन्होंने कहा कि उच्च अधिकारियों के निर्देश पर मौके का मुआयना कर लिया गया है और आगे की कार्रवाई की जा रही है। वन विभाग की टीम ने ग्रामीणों को चेतावनी दी है कि हाथी कभी भी दोबारा लौट सकता है। ग्रामीणों से कहा गया है कि सतर्क रहें और हाथी की जानकारी मिलते ही तुरंत विभाग को सूचित करें। टीम ने गांव में निगरानी बढ़ा दी है और लोगों को समूह में रहने की सलाह दी है।
इंसानी बस्तियों में हाथियों की बढ़ती दखलअंदाजी
धनपुरी गांव की यह घटना एक बार फिर साबित करती है कि जंगल के असली बादशाह जब बस्ती की ओर बढ़ते हैं, तो इंसानी घरौंदे पलक झपकते ही मलबे में बदल जाते हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि जंगलों में भोजन और पानी की कमी, लगातार घटते जंगल और बस्तियों के बढ़ते दायरे की वजह से हाथियों का रुख इंसानी बस्तियों की ओर बढ़ रहा है। यही कारण है कि आए दिन छत्तीसगढ़ के अलग-अलग हिस्सों से हाथियों के हमले की खबरें आती रहती हैं। घटना के बाद से धनपुरी गांव के लोगों में दहशत का माहौल है। ग्रामीणों का कहना है कि हाथी आए दिन आसपास के इलाकों में घूमते रहते हैं। ऐसे में उनकी सुरक्षा खतरे में है। उन्होंने प्रशासन और वन विभाग से मांग की है कि गांव की सुरक्षा के लिए पुख्ता इंतजाम किए जाएं। साथ ही जिन परिवारों का घर और अनाज बर्बाद हुआ है, उन्हें शीघ्र मुआवजा दिया जाए।
Tagsरायगढ़ हाथी हमलाधनपुरी गांवबुधनाथ मांझीवन विभाग रायगढ़हाथी ने घर तोड़ाधान खायाग्रामीण दहशतबाकारूमा वनपरिक्षेत्रइंसानी बस्ती में हाथीछत्तीसगढ़ वन्यजीव घटनाRaigarh elephant attackDhanpuri villageBudhnath ManjhiForest Department Raigarhelephant destroyed houseate paddyvillagers panicBakaruma forest rangeelephant in human settlementChhattisgarh wildlife incidentछत्तीसगढ़ न्यूज हिंदीछत्तीसगढ़ न्यूजछत्तीसगढ़ की खबरछत्तीसगढ़ लेटेस्ट न्यूजछत्तीसगढ़ न्यूज अपडेटछत्तीसगढ़ हिंदी न्यूज टुडेछत्तीसगढ़ हिंदीन्यूज हिंदी न्यूज छत्तीसगढ़छत्तीसगढ़ हिंदी खबरछत्तीसगढ़ समाचार लाइवchhattisgarh news hindichhattisgarh newschhattisgarh latest newschhattisgarh news updatechhattisgarh hindi news todaychhattisgarh hindinews hindi news chhattisgarhchhattisgarh hindi newschhattisgarh news liveजनता से रिश्ता न्यूज़जनता से रिश्ताआज की ताजा न्यूज़हिंन्दी न्यूज़भारत न्यूज़खबरों का सिलसिलाआज की ब्रेंकिग न्यूज़आज की बड़ी खबरमिड डे अख़बारहिंन्दी समाचारजनताJanta Se Rishta NewsJanta Se RishtaToday's Latest NewsHindi NewsIndia NewsKhabron Ka SilsilaToday's Breaking NewsToday's Big NewsMid Day Newspaperjantasamachar newssamacharHindi news
Next Story





