छत्तीसगढ़ पावर कंपनी अपने ही अधिकारी -कर्मचारियों की जान की दुश्मन

स्तरहीन दवा खरादी कर मुफ्त इलाज का श्रेय लूट रही छत्तीसगढ़ स्टेट पावर जनरेशन कंपनी
छ.ग. स्टेट जनरेशन कंपनी के अधिकारी कर्मचारी, दवा निर्माता और डीलरों में सांठगांठ
पावर कंपनी के अस्पतालों एवं डिस्पेंसरियों के लिये दवाईयों की खरीदी में घोटाला
रायपुर । पूर्व मंत्री ननकी राम कंवर ने पीएमओ के प्रधान सचिव पीके मिश्रा को लिखे एक औऱ शिकायती पत्र में विद्युत मंडल के डिस्पेंसरियों में दवाई की आपूर्ति में हो रहे भ्रष्टाचार की जांच की मांग की है। ननकी राम कंवर ने लिखा है कि लगभग 15000 कर्मचारी काम करते हैं उनका एवं उनके परिवार वालों को छ.ग. स्टेट जनरेशन के अस्पतालों एवं डिस्सपेंसरियों के द्वारा निःशुल्क उपचार एवं दवाईयां दी जाती है जिसके लिए जेनरिक दवाईयों का खरीदी किया जाता है। ।
वर्तमान में प्रदेश के नगरीय प्रशासन विभाग के माध्यम से श्री धनवंतरी जेनरिक मेडिकल स्टोर्स के द्वारा जेनरिक दवाईयां 60% से 70% MRP दर से कम पर आम जनता को लगातार उपलब्ध कराई जा रही है।
मुफ्त स्वास्थ्य सुविधा मंडल के द्वारा दी जाती है इसी कम में पूरे प्रदेश में विभिन्न जगहों पर छ.ग. राज्य विद्युत मंडल के द्वारा अस्पताल एवं डिस्पेंसरी का संचालन किया जाता है उपरोक्त सभी अस्पतालों एवं डिस्पेंसरियों के लिये दवाईयों की खरीदी में बहुत बड़ा घोटाला किया गया है जिन दवाईयों को छ.ग. सरकार के नगरीय प्रशासन विभाग के माध्यम से पूरे प्रदेश में जो दवाईयां धनवंतरी जेनरिक मेडिकल स्टोर्स में MRP दर से 60% से 70% की छूट पर आम जनता को पूरे प्रदेश में मिल रही है। उन्ही दवाईयों को छ.ग. स्टेट पावर जनरेशन कंपनी के अस्पताल एवं डिस्पेंसरी के द्वारा 28.75%, 22.80%, 36.17% एवं 48.16% MRP दर से छुट पर लेकर भारी भ्रष्टाचार किया जा रहा है । छ.ग. स्टेट पावर जनरेशन कंपनी के जिला कोरबा के अस्पताल के LOI/ 03- 03/SE-II/HP-746/2930 दिनांक 14.09.2023 में MRP दर से 28.75% छूट पर, छत्तीसगढ़ स्टेट पावर जनरेशन कंपनी के अस्पताल कोरबा ईस्ट में TO Tender Speech No. 03-03/TN-306/DP-358/2024 2025RFX No. 8100040599 के माध्यम से MRP 22.98% की छूट, छ.ग. स्टेट पावर जनरेशन कंपनी कोरबा के दर्री अस्पताल के द्वारा Tender No. 03-03/SE - II / TN-151/HP 176/2024-25RFX No. 1800038104 के माध्यम से 36.17% MRP दर पर छुट इसी प्रकार चीफ मेडिकल आफिसर सीएसपीटीसीएल रायपुर के टेण्डर नंबर 01-06/LP-MED/TS-02/2024 में MRP दर से 48.16% छुट पर दवाईयां ली जा रही है। जो कि बड़े भ्रष्टाचार की श्रेणी में आता है ।
अतः आपसे अनुरोध है कि छ.ग. सरकार के नगरीय प्रशासन विभाग के द्वारा संचालित श्री धनवंतरी जेनरिक मेडिकल स्टोर्स के माध्यम से 60% से 70% MRP दर से छुट पर आम जनता को जेनरिक दवाईयां उपलब्ध है वहीं दवाईयां छ.ग. स्टेट जनरेशन कंपनी के द्वारा कोरबा अस्पताल 28.75% कोरबा ईस्ट 22.98%, कोरबा दर्री 36.17% एवं रायपुर 48.16% MRP दर से छुट में जेनरिक दवाईयों की खरीदी की जा रही है छ.ग. स्टेट जनरेशन कंपनी के अधिकारी कर्मचारी, दवा निर्माता एवं उनके डीलरों के द्वारा आपसी सांठगांठ कर जेनरिक दवाईयां अधिक दर पर खरीदकर भारी भ्रष्टाचार किया जा रहा है उपरोक्त निविदा को निरस्त करते हुए भ्रष्टाचार में सम्मिलित कर्मचारी अधिकारी, दवा निर्माता व दवा व्यापारियों के विरूद्ध कार्यवाही करने हेतु निर्देश देना चाहेंगे ।
करोड़ो की कमीशनखोरी, निविदा को निरस्त करें
छ.ग. राज्य विद्युत मंडल में लगभग 15000 कर्मचारी एवं अधिकारी कार्यरत है उनका व उनके परिवार वालों का उपचार व दवा छ.ग. स्टेट जनरेशन कम्पनी के अस्पताल व डिस्पेंसरियों के माध्यम से निःशुल्क किया जाता है और उन्हें निःशुल्क दवाइयां भी दी जाती है जिसके लिये जेनरिक दवाइयों की खरीदी की जाती है। लगातार कई वर्षों से CMO CSPTCL के द्वारा निविदा में यह प्रतिबंध किया हुआ है कि निविदा में जिन कम्पनियों का उल्लेख है उन्हीं कम्पनियों के डीलर ही निविदा में भाग ले सकते है इनके द्वारा निविदा में उल्लेखित कम्पनियों के डीलरो से अधिक दर पर दवाइंया खरीदी कर लगातार कई वर्षों से छ.ग. राज्य विद्युत मण्डल को नुकसान पहुंचा कर करोड़ो का भ्रष्टाचार CMO CSPTCL के कर्मचारी अधिकारी एवं दवा कम्पनियों के डीलर मिलकर भ्रष्टाचार कर रहें है
छ.ग. भंडार कय नियम 2002 के नियमों के उल्लंघन के संबंध में :-
भंडार कय नियम 2 का उपनियम 2.1 में स्पष्ट उल्लेख है कि समस्त शासकीय विभागों के अतिरिक्त छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत मंडल प्रदेश के समस्त सार्वजनिक उपक्रम, मंडल, जिला पंचायत, जनपद पंचायत एवं नगरीय निकाय भी भंडार कय नियमों की परिधि में रहेंगे । परन्तु आपके द्वारा भंडार कय नियम 2 के उपनियम 2.1 का उल्लंघन किया जा रहा है ।जिसमें दवा निर्माता कंपनियां भाग ले सकती है अतः आपके द्वारा भण्डार कय नियम 4 के उप नियम 4.3.2 का उल्लंघन किया गया है। भंडार क्रय नियम 4 के उपनियम 4.3.3 खुली निविदा के संबंध में जांच हो।. इस पद्धति में हमेशा लोक विज्ञापन द्वारा नियमानुसार खुली निविदाये बुलाकर करना चाहिये। निविदा आमंत्रित करने हेतु निविदा के अनुमानित मूल्य के आधार पर निम्नानुसार लोक विज्ञापन किया जावे ( अ - 4 ) रूपये 20 लाख से अधिक प्रदेश स्तरीय बहुप्रचारित दो समाचार पत्रों में तथा राष्ट्रीय स्तर के दो समाचार पत्रों में विज्ञापन जारी किया जाये। लेकिन आपके द्वारा निविदा जारी करते समय 68 निर्माता कंपनियों की लिस्ट जारी की है इससे यह प्रतीत होता है कि इन 68 निर्माता कंपनियों के अलावा और कोई भी कंपनी इस निविदा में भाग नही ले सकेगा इसका मतलब यह है कि आपके द्वारा अन्य निर्माता कंपनियों को निविदा में भाग लेने से रोका जा रहा है जो कि भंडार कय नियम 4 के उपनियम 4.3.3 का उलंघन है।
निविदा विज्ञप्ति का प्रकाशन ही नही
भंडार क्रय नियम 4 के उपनियम 45 में स्पष्ट उल्लेख है कि खुली निविदा 10.00 लाख से अधिक के लिये समय सीमा 30 दिन होगी उपरोक्त सीमा की गणना निविदा विज्ञप्ति प्रकाशन के तिथि से होगी। लेकिन आपके द्वारा निविदा विज्ञप्ति का प्रकाशन ही नही किया गया है जो कि भंडार कय नियम 4 के उपनियम 4.5 का उलंघन किया गया है।
भंडार कय नियम 4 के उपनियम 4.7.1 में सुरक्षा निधि के संबंध में स्पष्ट निर्देश कि पात्र सफल निविदाकार को कय आदेश जारी करने के पूर्व वास्तविक कय मू का कम से कम 3% (तीन प्रतिशत) सुरक्षा निधि प्राप्त की जाये । जारी निविदा में सुरक्षा निधि 10% (दस प्रतिशत) म जा रही है। जो कि भंडार कय नियम 4 के उपनियम 4.7.1 का उलंघन है ।
भंडार क्रय नियम 4 के उपनियम 4. 14 (3) में स्पष्ट उल्लेख है कि पुनरावृत्ति अ की मात्रा के 25% (पच्चीस प्रतिशत) से अधिक का नही होगा । निविदा जारी करते समय 3 (b) पुनरावृत्ति आर्डर के संदर्भ में लिखा है कि पुनरावृत्ति आदेश की मात्रा के 50% (पचास प्रतिशत) होगी जो कि भंडार कय नियम 4 के उपनियम 4. 14 (3) का उल्लंघन है।
भंडार कय नियम 15 के उपनियम 15.2 में स्पष्ट उल्लेख
निविदा का समाचार पत्रों में प्रकाशन के साथ निविदा को विभाग की वेबसाइट पर भी प्रकाशित किया जाये। इससे निविदा में भाग लेने वाली इकाई के लिये यह आवश्यक नही रहेगा कि वह विभाग से निविदा प्रपत्र प्राप्त करे । निविदाकार वेबसाइट में उपलब्ध निविदा प्रपत्र को डाउनलोड करके निविदा में भाग ले सकेगा जिसे मान्यता प्रदान की जायेगी । परन्तु आपके द्वारा भंडार क्रय नियम का उलंघन किया गया है। पिछले कई वर्षों से CMO CSPTCL व उनके कर्मचारी अधिकारी निविदा में उल्लेखित दवा कंपनियों के डीलरों से मिली भगत कर छत्तीसगढ़ भण्डार कय नियमों का उल्लंघन कर अधिक दर पर दवाईयों की खरीदी कर छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत मंडल को प्रतिवर्ष भ्रष्टाचार कर ( कमिशनखोरी ) करोड़ो का नुकसान पहुंचा रहें है CMO CSPTCL व उनके कर्मचारी अधिकारी एवं दवा कंपनियों के डीलरों के विरूद्ध कार्यवाही एवं की गई निविदा क्रमांक 01-06 / CP - Med/TS-01/2025 को निरस्त करने हेतु निर्देश देना चाहेंगे ।
प्रधान सचिव प्रधानमंत्री कार्यालय भारत सरकार तई दिल्ली पी. के. मिश्रा को प्रेषित पत्र में ननकीराम कंवर ने कोरबा सहित प्रदेश के सभी विद्युत मंडल की डिस्पेंसरिय़ों की दवा खरीदी घोटाले की जांच पीएमओ के निर्देशन में हो।





