छत्तीसगढ़

कैट ने महापौर मीनल चौबे से मुलाकात की

Nilmani Pal
2 April 2025 5:40 PM IST
कैट ने महापौर मीनल चौबे से मुलाकात की
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रायपुर। देश के सबसे बड़े व्यापारिक संगठन कन्फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (कैट) के चेयरमेन मगेलाल मालू, अमर गिदवानी, प्रदेश अध्यक्ष जितेन्द्र दोशी, कार्यकारी अध्यक्ष विक्रम सिंहदेव, परमानन्द जैन, वाशु माखीजा, महामंत्री सुरिन्द्रर सिंह, कार्यकारी महामंत्री भरत जैन, एवं कोषाध्यक्ष अजय अग्रवाल ने बताया कि आज कन्फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (कैट) के प्रदेश अध्यक्ष जितेन्द्र दोशी के नेतृत्व में कैट का एक प्रतिनिधी मंडल मीनल चौबे , महापौर, रायपुर नगर निगम, से सौजन्य मुलाकात कर रायपुर के पारंपरिक बाजारों के पुनरुद्धार एवं व्यापारिक विकास के लिए आवश्यक सुझाव दिये।

कन्फ़ेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (कैट) के प्रदेश अध्यक्ष जितेन्द्र दोशी ने बताया कि कैट ने आज कैट का एक प्रतिनिधी मंडल माननीया श्रीमती मीनल चौबे जी, महापौर, रायपुर नगर निगम, से सौजन्य मुलाकात कर रायपुर के पारंपरिक बाजारों के पुनरुद्धार एवं व्यापारिक विकास के लिए आवश्यक सुझाव दिये। श्री दोशी ने आगे बताया कि रायपुर नगर निगम क्षेत्र के पारंपरिक बाजार नगर की अर्थव्यवस्था की रीढ़ हैं, जहां लघु एवं मध्यम श्रेणी के व्यापारी अपनी आजीविका के साथ-साथ अन्य लोगों को रोजगार भी उपलब्ध कराते हैं। ये बाजार निम्न एवं मध्यम वर्गीय जनता के लिए आवश्यक वस्तुओं की सहज उपलब्धता सुनिश्चित करते हैं। किंतु वर्तमान में ये बाजार अत्यंत दयनीय स्थिति में हैं, जिसके कारण पारंपरिक व्यवसायी संकट में हैं, उपभोक्ता ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स एवं मॉल की ओर रुख कर रहे हैं, और इससे राज्य सरकार के राजस्व में भी गिरावट आ रही है। अतः इन बाजारों के पुनरुद्धार हेतु निम्नलिखित सुझाव प्रस्तुत किए जा रहे हैं।

ऽ बाजारों में पक्की सड़कों एवं सुदृढ़ जल निकासी प्रणाली का निर्माण।

ऽ सुव्यवस्थित यातायात एवं पार्किंग की समुचित व्यवस्था।

ऽ अग्निशमन की समुचित व्यवस्था (वर्तमान में अधिकांश पारंपरिक बाजारों में दमकल वाहन प्रवेश नहीं कर सकते)।

ऽ बाजारों में सीसीटीवी कैमरों की स्थापना एवं सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करना।

ऽ बिजली की खुली तारों को भूमिगत करना तथा पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था हेतु लाइट्स तथा मुख्य चौक चौराहों पर हाइमास्क लाइट लगवाई जाए।

ऽ स्वच्छता व्यवस्था को नियमित एवं प्रभावी बनाना।

ऽ बच्चों के लिए खेल मैदान एवं आम नागरिकों के लिए उद्यान।

ऽ व्यवस्थित रिटेल बाजारों की स्थापना।

ऽ सार्वजनिक शौचालयों एवं जनसुविधा केंद्रों का निर्माण।

ऽ नवीन फुटकर बाजारों की स्थापना ।

ऽ यूजर चार्ज की समीक्षा ।

ऽ ट्रांसपोर्ट नगर की स्थापना ।

ऽ अनुपयोगी सरकारी परिसंपत्तियों का पुनः उपयोग।

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