आंगनबाड़ी सहायिका अब मानने लगी प्रभु को, पढ़ने नहीं आ रहे बच्चे

कांकेर। प्रदेश में धर्मांतरण का मामला थमने का नाम नहीं ले रहा है। आए दिन अलग-अलग जिलों से धर्मांतरण से जुड़ी खबरें सामने आ रही हैं, जिससे प्रशासन और समाज दोनों ही चिंतित हैं। इसी बीच धर्मांतरण को लेकर अब तक का सबसे गंभीर मामला सामने आया है। जिसका असर अब आंगनबाड़ी केंद्र पर दिखाई दे रहा है। मामला रिसेवाडा पंचायत के आश्रित ग्राम भैंसमुंडी का है।
दरअसल, ग्राम में तैनाम आंगनबाड़ी सहायिका ने धर्म परिवर्तन किया। जिसके बाद ग्रामीणों में आक्रोश देखने को मिला है। ग्रामीणों ने पिछले 15 दिनों से अपने बच्चों को आंगनबाड़ी जाने से मना कर दिया है। ग्रामीणों का कहना है कि सहायिका के इस कदम ने बच्चों की पढ़ाई और पोषण व्यवस्था पर असर डाला है।
जानकारी मिलते ही अब महिला एवं बाल विकास विभाग पहुंच गई है और मामले की जांच में जुट गई है। विभाग यह पता लगाने में जुटा है कि धर्मांतरण के बाद बच्चों की शिक्षा पर क्या असर पड़ रहा है।





