छत्तीसगढ़

मनरेगा योजना से बना आंगनबाड़ी अब संवर रहा बच्चों का भविष्य

Nil dhankar
14 Aug 2025 4:01 PM IST
मनरेगा योजना से बना आंगनबाड़ी अब संवर रहा बच्चों का भविष्य
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धमतरी। जिले के विकासखंड मगरलोड के ग्राम पंचायत सौंगा में नौनिहाल बच्चों की पढ़ाई और पोषण की व्यवस्था चुनौती बनी हुई थी। गांव में आंगनबाड़ी भवन नहीं होने के कारण बच्चों को कभी खुले बरामदे में पढ़ाया जाता था। बरसात और गर्मी के मौसम में यह और भी कठिन हो जाता था।

ग्राम पंचायत ने इस समस्या को गंभीरता से लिया और महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना योजना के तहत आंगनबाड़ी भवन निर्माण का प्रस्ताव तैयार किया। वित्तीय वर्ष 2021-22 में मनरेगा योजना के तहत राशि 6 लाख 45 हजार रुपये की स्वीकृति मिलने के बाद एक पक्का, सुरक्षित और आकर्षक रंगों से सुसज्जित आंगनबाड़ी भवन तैयार हुआ। आज यह आंगनबाड़ी केवल एक भवन नहीं, बल्कि गांव के बच्चों के उज्ज्वल भविष्य की नींव बन चुकी है। यहां बच्चों को सुरक्षित एवं स्वच्छ वातावरण, बैठने के लिए टेबल-कुर्सी और खेल सामग्रियां, स्वच्छ पेयजल,पोषणहार (गर्म भोजन एवं नाश्ता), स्वास्थ्य जांच और टीकाकरण, प्रारंभिक शिक्षा की सामग्री मिल रही है।

आंगनबाड़ी कार्यकर्ता चेमन साहू अब बेहतर तरीके से पढ़ाई और गतिविधियां करा पा रही हैं। माता-पिता भी निश्चिंत हैं कि उनके बच्चे सुरक्षित माहौल में सीख और खेल दोनों का आनंद ले रहे हैं। ग्राम पंचायत सरपंच वंदना साहू ने बताया पहले बच्चे धूप-बारिश में परेशान होते थे, अब उन्हें अच्छा कमरा और पोषण दोनों मिल रहा है। पढ़ाई में भी रुचि बढ़ी है। यह पहल दिखाती है कि महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना सिर्फ रोजगार का साधन नहीं, बल्कि ग्रामीण जीवन में शिक्षा और विकास का मजबूत आधार बन रही है। ग्राम पंचायत सौंगा की यह सफलता, अन्य गांवों के लिए प्रेरणा है कि योजनाओं का सही उपयोग कैसे बच्चों के भविष्य को संवार सकता है।

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