छत्तीसगढ़
पत्नी की बेरहमी से हत्या करने वाले आरोपी को 10 वर्ष सश्रम कारावास
Shantanu Roy
6 Dec 2025 10:04 PM IST

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Raigarh. रायगढ़। एक साल पहले घरेलू विवाद के दौरान अपनी पत्नी की बेरहमी से बांस के डंडे से मारपीट कर हत्या करने वाले आरोपी को रायगढ़ सत्र न्यायालय ने दस वर्ष का सश्रम कारावास और 100 रुपए अर्थदंड की सजा सुनाई है। यह सजा पुलिस की सटीक और निष्पक्ष विवेचना का परिणाम है, जिसने मृतिका को न्याय दिलाने में अहम भूमिका निभाई। पुलिस अधीक्षक दिव्यांग पटेल के कुशल नेतृत्व और मार्गदर्शन में रायगढ़ जिले में कानून की सख्ती और प्रभावी जांच का यह एक और उदाहरण सामने आया है। तत्कालीन थाना प्रभारी खरसिया और वर्तमान में घरघोड़ा थाना प्रभारी निरीक्षक कुमार गौरव साहू ने मामले की वैज्ञानिक, निष्पक्ष और प्रभावी जांच सुनिश्चित की। वहीं अभियोजन पक्ष की ओर से लोक अभियोजक पी.एन. गुप्ता ने ठोस साक्ष्यों और सशक्त तर्कों के माध्यम से न्यायालय में मामला मजबूती से प्रस्तुत किया।
सत्र न्यायाधीश रायगढ़ जितेंद्र कुमार जैन के न्यायालय ने सत्र प्रकरण क्रमांक 114/2024 (थाना खरसिया अपराध क्रमांक 544/2024) में आरोपी कुशल चौहान पिता झाडूराम चौहान, उम्र 41 वर्ष, निवासी बाम्हनपाली, थाना खरसिया को धारा 105 भारतीय न्याय संहिता 2023 के तहत दोषसिद्ध कर 10 वर्ष का सश्रम कारावास एवं 100 रुपए अर्थदंड से दंडित किया। अभियोजन के अनुसार, 11 सितंबर 2024 को ग्राम पंचायत बाम्हनपाली के सरपंच पति दयाराम राठिया को सूचना मिली कि आरोपी ने घरेलू विवाद के दौरान अपनी पत्नी विमला खड़िया के साथ बेरहमी से मारपीट की है। आरोपी ने पत्नी को कमरे में घसीटकर बांस के डंडे से पीटा, जिससे महिला गंभीर रूप से घायल हो गई। परिजनों ने डायल 112 को सूचना दी और घायल महिला को सिविल अस्पताल खरसिया में भर्ती कराया गया। इलाज के दौरान उसकी मृत्यु हो गई, जिसके बाद थाना खरसिया में मर्ग कायम कर आरोपी के विरुद्ध अपराध पंजीबद्ध किया गया।
निरीक्षक कुमार गौरव साहू ने तत्परता दिखाते हुए आरोपी को गिरफ्तार किया। घटना में प्रयुक्त बांस का डंडा, खून से सने कपड़े, पटवारी नक्शा, गवाहों के बयान और फॉरेंसिक रिपोर्ट सहित सभी वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाकर मजबूत अभियोग पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया। सत्र न्यायालय में सुनवाई के दौरान 15 गवाहों के बयान कराए गए, जिनके आधार पर आरोपी को दोषी ठहराया गया। यह उल्लेखनीय है कि निरीक्षक कुमार गौरव साहू की विवेचना में हाल ही में थाना दीनदयाल नगर, रायपुर के हत्या मामले में भी आरोपी को आजीवन कारावास दिलाया गया था। अब इस अपराधिक मानववध प्रकरण में बैक-टू-बैक सजा दिलाकर उन्होंने अपनी दक्षता एक बार फिर साबित की। इस सफलता को पुलिस विभाग के लिए बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है। रायगढ़ पुलिस ने इस मामले में न्याय सुनिश्चित करने के साथ-साथ यह संदेश भी दिया है कि घरेलू हिंसा और महिला सुरक्षा के मामलों में कानून सख्ती से लागू होगा। पुलिस और अभियोजन पक्ष की समन्वित कार्रवाई ने सुनिश्चित किया कि दोषी को कड़ी सजा मिल सके और भविष्य में ऐसे अपराधों पर प्रभावी नकेल कसी जा सके।
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