
बिहार: विद्यालय परीक्षा समिति (BSEB) ने 10वीं और 12वीं की आगामी परीक्षाओं को लेकर बड़ा निर्देश जारी किया है। अब छात्रों का बोर्ड परीक्षा रजिस्ट्रेशन बिना U-DISE+ और APAAR ID के नहीं किया जाएगा। इस फैसले से सीवान समेत कई जिलों में हजारों छात्रों पर असर पड़ रहा है, जहां बड़ी संख्या में छात्र अब तक इन आईडी से वंचित हैं।
सीवान जिले में कुल 1,15,119 छात्र नामांकित हैं, जिनमें से 1,08,033 छात्रों की APAAR ID बन चुकी है, लेकिन 7,086 छात्रों के पास आधार कार्ड नहीं होने के कारण उनका आईडी निर्माण नहीं हो पाया है। इसके अलावा नौवीं और 11वीं कक्षा के लगभग 50 हजार छात्रों का डेटा अभी U-DISE पोर्टल पर अपडेट नहीं किया गया है, जिससे स्थिति और गंभीर हो गई है।
बोर्ड ने स्पष्ट किया है कि परीक्षा पंजीकरण, सूचीकरण और आवेदन प्रक्रिया के दौरान U-DISE कोड और APAAR ID अनिवार्य रहेगा। शिक्षा मंत्रालय ने पहले ही 30 जून 2026 तक सभी छात्रों का डिजिटल रिकॉर्ड तैयार करने का लक्ष्य तय किया था।
BSEB ने सभी जिलाधिकारियों और जिला शिक्षा पदाधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे तेजी से APAAR ID निर्माण का कार्य पूरा करें। सभी विद्यालयों के प्रधानाचार्यों को लंबित मामलों के समाधान के लिए बैठक करने को कहा गया है। जिला शिक्षा पदाधिकारी ने अभिभावकों और छात्रों से अपील की है कि वे समय पर आवश्यक दस्तावेज पूरे कर लें, ताकि बोर्ड परीक्षा में किसी प्रकार की बाधा न आए।





