
औरंगाबाद। बिहार के औरंगाबाद जिले के ओबरा थाना क्षेत्र में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। यहां मानसिक रूप से विक्षिप्त बताए जा रहे 19 वर्षीय पोते ने अपने ही दादा पर डंडे से हमला कर दिया, जिससे गंभीर रूप से घायल वृद्ध की इलाज के दौरान मौत हो गई। घटना के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है।
यह घटना ओबरा थाना क्षेत्र के रतनपुर पंचायत अंतर्गत लोकन बिगहा (अतरौली) गांव की बताई जा रही है। मृतक की पहचान गांव निवासी सुरेश सिंह यादव के रूप में हुई है। परिजनों के अनुसार, सोमवार की सुबह करीब तीन बजे सुरेश सिंह यादव अपने बेटे संजय कुमार के साथ दशरथ बिगहा के पास गांव के ही रवि कुमार के मुर्गी फार्म पर सो रहे थे। इसी दौरान उनका 19 वर्षीय पोता गुड्डू कुमार वहां पहुंचा और अचानक दरवाजा पीटने लगा।
बताया जा रहा है कि गुड्डू कुमार मानसिक रूप से विक्षिप्त है। जब अंदर से दरवाजा नहीं खोला गया तो उसने दरवाजा तोड़ दिया और हाथ में मौजूद डंडे से अपने दादा पर हमला कर दिया। अचानक हुए इस हमले से मौके पर अफरा-तफरी मच गई। हमले के दौरान संजय कुमार ने किसी तरह वहां से निकलकर अपनी जान बचाई और तुरंत आसपास के ग्रामीणों को घटना की जानकारी दी।
ग्रामीण जब तक मौके पर पहुंचे, तब तक सुरेश सिंह यादव गंभीर रूप से घायल हो चुके थे। हमले में उनके दोनों पैर और एक हाथ बुरी तरह टूट गए थे। उनकी हालत बेहद गंभीर थी। ग्रामीणों और परिजनों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद डायल-112 की टीम मौके पर पहुंची।
पुलिस ने घायल सुरेश सिंह यादव को इलाज के लिए ओबरा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया। वहां प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने उनकी गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें बेहतर इलाज के लिए सदर अस्पताल औरंगाबाद रेफर कर दिया। सदर अस्पताल में चिकित्सकों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया।
घटना की जानकारी मिलते ही ओबरा थाना पुलिस सक्रिय हो गई। प्रभारी थानाध्यक्ष कुणाल कुमार, एसआई दीपक कुमार और एएसआई अरुण कुमार पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। पुलिस ने मौके का निरीक्षण किया और पूरे मामले की जानकारी जुटाई। इसके बाद मृतक के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है। परिजनों से आवेदन मिलने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि घटना के समय आरोपी युवक की मानसिक स्थिति कैसी थी और किन परिस्थितियों में उसने इस तरह का कदम उठाया।
घटना के बाद गांव में शोक का माहौल है। बड़ी संख्या में ग्रामीण मृतक के घर पहुंचे और परिजनों को सांत्वना दी। पंचायत समिति सदस्य ओमप्रकाश यादव, सरपंच प्रतिनिधि संतोष कुमार शर्मा, पूर्व प्रधान अजीत कुमार सहित कई ग्रामीणों ने घटना पर दुख जताया और आरोपी के खिलाफ उचित कानूनी कार्रवाई की मांग की।
ग्रामीणों के अनुसार, सुरेश सिंह यादव परिवार के सम्मानित सदस्य थे। इस घटना ने पूरे गांव को झकझोर कर रख दिया है। लोग इस बात से हैरान हैं कि परिवार के ही एक सदस्य द्वारा इस तरह की घटना को अंजाम दिया गया। घटना को लेकर गांव में तरह-तरह की चर्चाएं भी हो रही हैं।
फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस का कहना है कि हर पहलू की गंभीरता से जांच की जा रही है ताकि घटना की वास्तविक वजह सामने आ सके। इस दर्दनाक घटना ने पूरे क्षेत्र में चिंता और दहशत का माहौल पैदा कर दिया है।





