
वैशाली। बिहार के वैशाली जिले के गंगा ब्रिज थाना क्षेत्र में मंगलवार को बड़ा हादसा सामने आया। तेरसिया दियारा इलाके में महात्मा गांधी सेतु के पाया नंबर-9 के पास एक नाव बाढ़ के पानी में डूब गई। बताया जा रहा है कि नाव पर एक दर्जन से अधिक लोग सवार थे।
हादसे के बाद मौके पर अफरातफरी मच गई। कुछ लोगों को स्थानीय ग्रामीणों की मदद से सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, जबकि कई लोगों के लापता होने की सूचना सामने आई है। स्थानीय लोगों के अनुसार, करीब आधा दर्जन लोग अब भी लापता बताए जा रहे हैं।
बोल्डर से टकराने के बाद असंतुलित हुई नाव
प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, नाव गंगा नदी के बाढ़ प्रभावित क्षेत्र में चल रही थी। इसी दौरान महात्मा गांधी सेतु के पाया नंबर-9 के पास नाव पानी के अंदर मौजूद बोल्डर से टकरा गई।
टक्कर के बाद नाव अचानक असंतुलित हो गई और देखते ही देखते बाढ़ के तेज पानी में पलट गई।
नाव में सवार लोगों को संभलने का मौका नहीं मिला और कई लोग पानी में गिर गए।
स्थानीय लोगों ने शुरू किया बचाव अभियान
घटना के बाद आसपास मौजूद लोगों ने तुरंत राहत और बचाव कार्य शुरू कर दिया।
ग्रामीणों ने अपनी जान जोखिम में डालकर पानी में उतरकर लोगों को बाहर निकालने की कोशिश की। कुछ लोगों को स्थानीय लोगों ने सुरक्षित निकाल लिया, जबकि कुछ लोग खुद तैरकर बाहर निकलने में सफल रहे।
हालांकि, कई लोगों का अभी तक पता नहीं चल सका है।
आधा दर्जन लोगों के लापता होने की सूचना
स्थानीय लोगों के अनुसार, हादसे के समय नाव पर एक दर्जन से अधिक लोग मौजूद थे।
नाव डूबने के बाद करीब आधा दर्जन लोगों के लापता होने की सूचना मिली है। लापता लोगों की तलाश के लिए स्थानीय स्तर पर रेस्क्यू अभियान चलाया जा रहा है।
परिजन और ग्रामीण अपने स्तर से भी नदी और आसपास के बाढ़ क्षेत्र में लोगों की तलाश कर रहे हैं।
एसडीआरएफ टीम मौके के लिए रवाना
घटना की जानकारी मिलते ही प्रशासन सक्रिय हो गया।
लापता लोगों की तलाश और राहत कार्य के लिए एसडीआरएफ की टीम, स्थानीय थाना पुलिस और वरीय अधिकारी घटनास्थल के लिए रवाना हो गए हैं।
प्रशासन की टीम पहुंचने के बाद रेस्क्यू ऑपरेशन को और तेज किए जाने की संभावना है।
मुखिया प्रतिनिधि ने दी जानकारी
स्थानीय मुखिया प्रतिनिधि ने बताया कि बाढ़ के पानी में नाव डूबने से कई लोग लापता हैं।
उन्होंने बताया कि स्थानीय लोगों द्वारा तुरंत बचाव कार्य शुरू किया गया है और लापता लोगों की तलाश की जा रही है।
उन्होंने प्रशासन से जल्द से जल्द रेस्क्यू टीम और जरूरी संसाधन उपलब्ध कराने की मांग की है।
बाढ़ के बीच बढ़ी मुश्किलें
बिहार में इन दिनों कई इलाकों में बाढ़ की स्थिति बनी हुई है। ऐसे में ग्रामीण क्षेत्रों में नाव ही आवागमन का प्रमुख साधन बन जाती है।
बाढ़ के दौरान नदी और जलधाराओं में तेज बहाव के कारण नाव दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ जाता है।
विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसे समय में नाव संचालन के दौरान सुरक्षा मानकों का पालन बेहद जरूरी है।
प्रशासन ने शुरू की निगरानी
घटना के बाद प्रशासन ने क्षेत्र की स्थिति पर नजर रखनी शुरू कर दी है।
अधिकारियों द्वारा मौके पर पहुंचकर हादसे की पूरी जानकारी जुटाई जा रही है। साथ ही यह भी पता लगाया जा रहा है कि नाव पर कितने लोग सवार थे और हादसा किस वजह से हुआ।
लोगों से सतर्क रहने की अपील
प्रशासन की ओर से बाढ़ प्रभावित इलाकों में रहने वाले लोगों से सतर्क रहने की अपील की जाती रही है।
खासकर नदी पार करने के दौरान क्षमता से अधिक लोगों को नाव पर नहीं बैठने और सुरक्षा नियमों का पालन करने की सलाह दी जाती है।





