बिहार

मांझी का दावा: बिहार जनता ने तेजस्वी यादव के खिलाफ मन बना लिया

SHIDDHANT
25 Oct 2025 9:17 PM IST
मांझी का दावा: बिहार जनता ने तेजस्वी यादव के खिलाफ मन बना लिया
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Bihar बिहार। केंद्रीय मंत्री और जनता दल (सेकुलर) के वरिष्ठ नेता जीतन राम मांझी ने बिहार की राजनीति को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि बिहार की जनता भलीभांति जानती है कि 2005 के पहले तेजस्वी यादव के माता-पिता—राबड़ी देवी और लालू प्रसाद यादव—के राज में राज्य का क्या हाल था। मांझी ने कहा कि इसी कारण से बिहार की जनता ने मन बना लिया है और 14 नवंबर को NDA की सरकार बनाना सुनिश्चित करेगी। मांझी ने पटना में एक प्रेस वार्ता के दौरान कहा, "लोग भूल नहीं सकते कि पिछली सरकारों के दौरान भ्रष्टाचार और विकास की कमी ने बिहार के लोगों की परेशानियां बढ़ा दीं। जनता अब जानती है कि किसे चुनना है और किसे नहीं।" उन्होंने यह भी कहा कि आगामी विधानसभा चुनाव में जनता अपने निर्णय से स्पष्ट संदेश देगी।
मांझी के इस बयान से यह संकेत मिलता है कि NDA अपने उम्मीदवारों और कार्यक्रमों को लेकर जनता का भरोसा जीतने की पूरी कोशिश कर रही है। उन्होंने तेजस्वी यादव और उनके परिवार पर निशाना साधते हुए कहा कि पिछली सरकारों में लोगों को निराशा ही हाथ लगी थी और अब समय आ गया है कि विकास और सुशासन की ओर ध्यान दिया जाए। राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि मांझी का यह बयान चुनावी रणनीति का हिस्सा है। उन्होंने कहा कि बिहार में चुनाव नजदीक आते ही नेताओं द्वारा विपक्ष पर जोरदार हमले आम हो जाते हैं। इस बार मांझी ने विशेष रूप से तेजस्वी यादव के परिवार और उनके प्रशासन की विफलताओं को जनता के सामने पेश किया है।
बीते कुछ वर्षों में बिहार में विकास और शासन के मुद्दों ने राजनीतिक बहस में प्रमुख स्थान ले लिया है। मांझी ने यह भी कहा कि NDA सरकार आने पर राज्य के विकास और सुधार के लिए कई योजनाओं को लागू किया जाएगा। उन्होंने जनता से अपील की कि वे चुनाव में सही विकल्प चुनें और बिहार के भविष्य को सुरक्षित बनाने में योगदान दें। मांझी के अनुसार, बिहार की जनता ने पिछली सरकारों के दौरान अनुभव किए गए भ्रष्टाचार, बेरोजगारी और अव्यवस्था को अच्छी तरह याद रखा है। उन्होंने कहा कि जनता अब जागरूक हो चुकी है और वह ऐसे नेतृत्व को पसंद करेगी जो विकास और सुशासन की दिशा में काम करे।
उल्लेखनीय है कि आगामी विधानसभा चुनाव 14 नवंबर को होने वाले हैं। राजनीतिक दल अपनी-अपनी रणनीति को अंतिम रूप देने में जुटे हैं। इस बीच, जनता और विश्लेषक दोनों ही मांझी के इस बयान पर ध्यान दे रहे हैं, क्योंकि यह चुनावी माहौल को और गर्म कर सकता है। राजनीतिक विशेषज्ञों का मानना है कि मांझी जैसे वरिष्ठ नेताओं के बयान से NDA को चुनाव में बढ़त मिल सकती है, खासकर उन क्षेत्रों में जहां जनता पिछले शासन के अनुभव से प्रभावित रही है। वहीं, विपक्षी दल इसे चुनौतीपूर्ण मानकर अपनी रणनीति मजबूत करने पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं।
मांझी का यह बयान बिहार में चुनावी समर की शुरुआत का संकेत भी देता है। उन्होंने कहा कि सरकार बनने पर विकास, रोजगार और सुशासन की दिशा में ठोस कदम उठाए जाएंगे। उनका मानना है कि जनता अपने अधिकार और भविष्य को सुरक्षित रखने के लिए मतदान करेगी। इस प्रकार, बिहार में राजनीतिक चर्चा तेज हो गई है और जनता इस चुनाव में अपने वोट से यह तय करेगी कि राज्य किस दिशा में आगे बढ़ेगा। मांझी का बयान साफ संकेत देता है कि NDA अपने चुनावी एजेंडे और विकास योजनाओं के माध्यम से जनता का विश्वास जीतने की पूरी कोशिश कर रही है।
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