बिहार

पटना में दवा दुकान की आड़ में शराब का धंधा, छापेमारी में बीयर और शराब की बोतलें बरामद; 3 गिरफ्तार

Kavita2
10 Oct 2026 9:29 AM IST
पटना में दवा दुकान की आड़ में शराब का धंधा, छापेमारी में बीयर और शराब की बोतलें बरामद; 3 गिरफ्तार
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पटना। बिहार की राजधानी पटना के शहरी इलाके में दवा की दुकान की आड़ में शराब का कारोबार किए जाने का मामला सामने आया है। कंकड़बाग के पीसी कॉलोनी स्थित एक निजी दवा दुकान में शुक्रवार को राज्य औषधि नियंत्रक की टीम ने छापेमारी की। इस दौरान दुकान से एक्सपायर दवाओं के साथ बीयर और शराब की बोतलें भी बरामद हुईं। दुकान में दवाओं के बीच शराब की बोतलें मिलने से छापेमारी टीम हैरान रह गई। मामले में पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर तीन लोगों को गिरफ्तार किया है। साथ ही दुकान के मुख्य द्वार को सील कर दिया गया है।

प्रारंभिक छानबीन में सामने आया कि दवा बेचने की आड़ में दुकान से शराब का कारोबार किया जा रहा था। आरोप है कि दुकानदार पुलिस और प्रशासन की नजरों से बचकर इस धंधे को चला रहा था। हालांकि, मामले से जुड़े सभी तथ्यों की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी।

दवा दुकान में छापेमारी के दौरान खुलासा

जानकारी के अनुसार, शुक्रवार को राज्य औषधि नियंत्रक की टीम ने कंकड़बाग स्थित पीसी कॉलोनी की एक निजी दवा दुकान पर छापेमारी की। टीम दुकान में दवाओं की जांच करने पहुंची थी। जांच के दौरान वहां एक्सपायर दवाएं मिलीं। इसके साथ ही दुकान में बीयर और शराब की बोतलें भी बरामद हुईं।

दवा की दुकान में शराब की बोतलें मिलने के बाद छापेमारी टीम ने मामले को गंभीरता से लिया। इसके बाद संबंधित अधिकारियों और पुलिस को इसकी जानकारी दी गई। जांच के दौरान दुकान में रखे सामान की पड़ताल की गई और मामले से जुड़े तथ्यों को जुटाया गया।

एक दवा दुकान से एक्सपायर दवाओं और शराब की बोतलों का मिलना कई सवाल खड़े करता है। दवाओं की बिक्री के लिए संचालित प्रतिष्ठान में इस तरह की सामग्री मिलने के बाद संबंधित विभाग ने कार्रवाई की।

एक्सपायर दवाएं भी मिलीं

छापेमारी के दौरान शराब और बीयर की बोतलों के अलावा दुकान से एक्सपायर दवाएं भी बरामद हुईं। दवाओं की एक्सपायरी डेट के बाद उनका इस्तेमाल या बिक्री लोगों के स्वास्थ्य के लिए जोखिम पैदा कर सकती है। ऐसे में दवा दुकानों में रखी दवाओं की नियमित जांच और उनकी वैधता का ध्यान रखना जरूरी है।

इस मामले में औषधि नियंत्रक की टीम ने दुकान में मौजूद दवाओं की जांच की। हालांकि, उपलब्ध जानकारी में बरामद एक्सपायर दवाओं की संख्या, उनके नाम और उनकी बिक्री किए जाने के संबंध में विस्तृत विवरण सामने नहीं आया है। जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा कि इन दवाओं को किस उद्देश्य से दुकान में रखा गया था और क्या इनकी बिक्री भी की जा रही थी।

पुलिस ने तीन लोगों को किया गिरफ्तार

मामले के सामने आने के बाद पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज की और कार्रवाई करते हुए तीन लोगों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस और संबंधित विभाग की जांच में यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि दुकान से शराब का कारोबार किस तरह संचालित किया जा रहा था और इसमें किन लोगों की भूमिका थी।

दुकान के मुख्य द्वार को भी सील कर दिया गया है। इससे फिलहाल दुकान का संचालन बंद हो गया है। आगे की कार्रवाई जांच में सामने आने वाले तथ्यों और संबंधित नियमों के तहत की जाएगी।

हालांकि, गिरफ्तार किए गए लोगों की पहचान, उनके खिलाफ दर्ज धाराओं और बरामद शराब की कुल मात्रा के संबंध में उपलब्ध विवरण में अधिक जानकारी नहीं दी गई है। इसलिए इन पहलुओं पर आधिकारिक जानकारी सामने आने के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।

दवा की आड़ में शराब कारोबार का आरोप

प्रारंभिक छानबीन के मुताबिक, दुकानदार पर दवा की दुकान की आड़ में शराब का धंधा चलाने का आरोप है। बताया गया है कि इस तरीके से पुलिस और प्रशासन की नजरों से बचने की कोशिश की जा रही थी। हालांकि, इस आरोप की पुष्टि जांच और कानूनी प्रक्रिया के आधार पर होगी।

बिहार में शराब से जुड़े मामलों को लेकर लागू कानूनों के तहत अवैध कारोबार की शिकायत मिलने पर पुलिस कार्रवाई करती है। इस मामले में भी प्राथमिकी दर्ज होने के बाद पुलिस ने तीन लोगों को गिरफ्तार किया है। अब जांच के जरिए यह पता लगाया जाएगा कि शराब कहां से लाई जाती थी, इसे किसे बेचा जाता था और क्या इस कारोबार में अन्य लोग भी शामिल थे।

जांच के बाद सामने आएगा पूरा मामला

पटना के कंकड़बाग स्थित पीसी कॉलोनी की दवा दुकान में हुई छापेमारी ने इलाके में हलचल पैदा कर दी है। दवा की दुकान से एक्सपायर दवाओं के साथ बीयर और शराब की बोतलें मिलने के बाद पुलिस और औषधि नियंत्रक विभाग मामले की पड़ताल में जुटे हैं।

फिलहाल तीन लोगों की गिरफ्तारी, दुकान के मुख्य द्वार को सील किए जाने और प्राथमिकी दर्ज होने की जानकारी सामने आई है। बरामद सामग्री की विस्तृत सूची और आरोपियों की भूमिका को लेकर जांच के बाद अधिक जानकारी मिलने की संभावना है।

इस मामले में आगे की कार्रवाई जांच के निष्कर्षों के आधार पर की जाएगी। साथ ही, यह भी स्पष्ट किया जाएगा कि दुकान में एक्सपायर दवाएं क्यों रखी गई थीं और शराब का कथित कारोबार कितने समय से चल रहा था। फिलहाल, दवा की दुकान की आड़ में शराब का धंधा किए जाने का आरोप इस पूरे मामले का प्रमुख पहलू बना हुआ है।

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