
भागलपुर। बिहार के भागलपुर में प्रस्तावित ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट परियोजना में देरी को लेकर जिला प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। परियोजना से जुड़े काम में लापरवाही बरतने के आरोप में जिलाधिकारी अलंकृता पांडेय ने जिला भू-अर्जन पदाधिकारी राकेश कुमार से जवाब तलब किया है। डीएम ने अधिकारी को 24 घंटे के भीतर स्पष्टीकरण देने का निर्देश दिया है।
जिलाधिकारी की ओर से जारी आदेश में कहा गया है कि यदि स्पष्टीकरण संतोषजनक नहीं पाया जाता है तो संबंधित अधिकारी के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की अनुशंसा की जाएगी। साथ ही जवाब स्वीकार होने तक उनका वेतन भी स्थगित रखने के निर्देश दिए गए हैं।
प्रशासन के अनुसार, भागलपुर में प्रस्तावित ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट परियोजना को लेकर विभाग की ओर से पहले ही कई दिशा-निर्देश जारी किए जा चुके थे। एयरपोर्ट निर्माण के लिए भेजे गए प्रस्ताव में संशोधन करने का निर्देश भी करीब एक सप्ताह पहले जिला प्रशासन को प्राप्त हो चुका था। इसके बावजूद संशोधित प्रतिवेदन समय पर उपलब्ध नहीं कराया गया, जिसे लेकर जिलाधिकारी ने नाराजगी जताई है।
बताया जा रहा है कि एयरपोर्ट परियोजना के लिए जमीन अधिग्रहण और उससे जुड़े दस्तावेजों की प्रक्रिया बेहद महत्वपूर्ण है। इसी प्रक्रिया में तेजी लाने के लिए जिला भू-अर्जन कार्यालय की अहम भूमिका है। उच्च स्तर से लगातार संशोधित रिपोर्ट जल्द भेजने के निर्देश दिए जा रहे थे, लेकिन इसमें देरी होने पर प्रशासन ने कार्रवाई की है।
डीएम अलंकृता पांडेय ने अपने आदेश में कहा है कि सरकारी योजनाओं और महत्वपूर्ण परियोजनाओं में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को समय सीमा के भीतर कार्य पूरा करने और लंबित मामलों को प्राथमिकता के आधार पर निपटाने के निर्देश दिए हैं।
ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट परियोजना को भागलपुर के विकास के लिए काफी अहम माना जा रहा है। इसके शुरू होने से क्षेत्र में हवाई कनेक्टिविटी बेहतर होने की उम्मीद है। इससे व्यापार, पर्यटन और रोजगार के नए अवसर भी बढ़ सकते हैं। यही वजह है कि प्रशासन इस परियोजना से जुड़े सभी कार्यों को जल्द पूरा करने पर जोर दे रहा है।
जिला प्रशासन अब भू-अर्जन प्रक्रिया से जुड़े सभी पहलुओं की समीक्षा कर रहा है। अधिकारियों का कहना है कि जमीन संबंधी कार्यों में तेजी लाकर परियोजना को आगे बढ़ाने का प्रयास किया जा रहा है। वहीं, संबंधित अधिकारी से मांगे गए स्पष्टीकरण के बाद आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।
इस मामले में जिला प्रशासन की सख्ती से साफ संकेत मिल रहा है कि ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट जैसी बड़ी परियोजनाओं में देरी को लेकर अब जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी। प्रशासन की कोशिश है कि सभी बाधाओं को दूर कर परियोजना को निर्धारित समय के अनुसार आगे बढ़ाया जाए।





