
Bihar: बक्सर जिले के केसठ प्रखंड में आद्रा नक्षत्र खत्म होने के बाद भी पर्याप्त बारिश नहीं होने से किसानों की परेशानी बढ़ गई है। बारिश की कमी के कारण धान का बिचड़ा सूखने लगा है और खेतों में नमी न होने से रोपनी का काम भी प्रभावित हो रहा है। इससे खरीफ फसलों की खेती पर संकट गहराता जा रहा है। जानकारी के अनुसार, लगातार बारिश नहीं होने से खेत पूरी तरह सूखे पड़े हैं। धान की नर्सरी को बचाने के लिए किसान प्रयास तो कर रहे हैं, लेकिन प्राकृतिक बारिश न होने से स्थिति बिगड़ती जा रही है। समय पर रोपनी न होने से कृषि कार्यों का पूरा चक्र प्रभावित हो रहा है।
स्थानीय किसानों पप्पू यादव, पिंटू दुबे, संजय सिंह और सोनू तिवारी ने बताया कि आद्रा नक्षत्र को खेती के लिए बेहद अहम माना जाता है, क्योंकि इसी समय अच्छी बारिश से रोपनी शुरू हो जाती है। लेकिन इस बार बारिश न होने से खेतों में दरारें पड़ने लगी हैं और बिचड़ा सूख रहा है। किसानों का कहना है कि कई लोग निजी संसाधनों से सिंचाई कर फसल बचाने की कोशिश कर रहे हैं, जिससे खेती की लागत बढ़ गई है। यदि आने वाले दिनों में बारिश नहीं हुई तो धान की फसल पर गंभीर असर पड़ेगा और उत्पादन में भारी गिरावट आ सकती है।
बारिश की कमी के साथ गर्मी और उमस ने हालात और खराब कर दिए हैं। किसान अब मानसून की अगली बारिश का इंतजार कर रहे हैं, ताकि खरीफ सीजन की खेती को बचाया जा सके।





