
Bihar:असम के जोरहाट एयरबेस पर हुए एएन-32 विमान हादसे में बिहार के दो जवान शहीद हो गए हैं। शहीदों के पार्थिव शरीर को रविवार को विशेष वायुसेना विमान से बिहटा एयरफोर्स स्टेशन लाया जाएगा। इसके बाद उन्हें अंतिम श्रद्धांजलि दी जाएगी। जैसे ही यह खबर फैली, बिहटा एयरफोर्स स्टेशन से लेकर उनके पैतृक गांवों तक लोगों की भारी भीड़ जुट गई है।
शहीदों की पहचान अग्निवीर दानिश आलम और फ्लाइट लेफ्टिनेंट शुभम कुमार के रूप में हुई है। जोरहाट एयरबेस पर वायुसेना की ओर से सैन्य सम्मान के साथ पुष्पचक्र अर्पित किया गया और उन्हें अंतिम सलामी दी गई। इसके बाद पार्थिव शरीर को गृह राज्यों के लिए रवाना किया गया।
भोजपुर जिले के कमरियांव गांव के रहने वाले दानिश आलम वर्ष 2025 में वायुसेना में अग्निवीर के रूप में शामिल हुए थे। कम समय में ही उन्होंने अपने अनुशासन और कर्तव्यनिष्ठा से पहचान बनाई। उनकी शहादत की खबर से पूरे इलाके में शोक फैल गया है।
वहीं जहानाबाद जिले के बनवरिया गांव के निवासी फ्लाइट लेफ्टिनेंट शुभम कुमार वायुसेना के एक होनहार अधिकारी थे। उनकी शहादत से परिवार, गांव और जिला गहरे शोक में हैं, लेकिन साथ ही उनके बलिदान पर गर्व भी व्यक्त किया जा रहा है।
बिहटा एयरफोर्स स्टेशन पर श्रद्धांजलि के बाद दानिश आलम का पार्थिव शरीर भोजपुर ले जाया जाएगा, जबकि शुभम कुमार का पार्थिव शरीर जहानाबाद पहुंचेगा। दोनों स्थानों पर सैन्य सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया जाएगा।
रास्ते भर लोगों द्वारा पुष्पवर्षा की तैयारी की गई है। सुबह से ही लोग तिरंगा लेकर जुटने लगे हैं और “भारत माता की जय” तथा “अमर शहीद अमर रहें” के नारे लगा रहे हैं। पूरे क्षेत्र का माहौल गमगीन है।
शहीद दानिश के बचपन के मित्र ने बताया कि वे हमेशा से देशसेवा के प्रति समर्पित थे और वायुसेना में जाने का सपना देखते थे। उनकी शहादत को लोग हमेशा याद रखेंगे।





