
पटना। बिहार में पिछले कुछ दिनों से हो रही झमाझम बारिश के बाद अब लोगों को राहत मिलने की उम्मीद है। मौसम विज्ञान केंद्र पटना की ताजा रिपोर्ट के अनुसार पिछले 24 घंटों के दौरान प्रदेश में मानसून सक्रिय रहा। इस दौरान कई जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश दर्ज की गई। पश्चिमी चंपारण और सीतामढ़ी जिले के एक-दो स्थानों पर बहुत भारी वर्षा हुई, जबकि गोपालगंज, सिवान, पूर्वी चंपारण, शिवहर, मधुबनी, सुपौल और पटना में भी भारी बारिश दर्ज की गई।
पिछले 24 घंटों के बारिश के आंकड़ों पर नजर डालें तो वाल्मीकिनगर में सबसे अधिक 194.8 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। इसके बाद सोनबरसा में 190 मिलीमीटर और मैनाटांड़ में 168.4 मिलीमीटर वर्षा रिकॉर्ड हुई। मधुबनी में 108.6 मिलीमीटर, रघुनाथपुर में 102.2 मिलीमीटर और पिपराही में 100.8 मिलीमीटर बारिश हुई।
राजधानी पटना भी बारिश से अछूती नहीं रही। यहां पिछले 24 घंटे में 61.2 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। लगातार बारिश के कारण राजधानी के लोगों को भी परेशानी का सामना करना पड़ा। बारिश का सिलसिला बने रहने से कई स्थानों पर सामान्य गतिविधियां प्रभावित हुईं।
बिहार में मानसून के सक्रिय रहने के कारण उत्तर बिहार के कई जिलों में बारिश की तीव्रता अधिक रही। विशेष रूप से पश्चिमी चंपारण और सीतामढ़ी में बहुत भारी बारिश दर्ज की गई। पश्चिमी चंपारण के वाल्मीकिनगर और मैनाटांड़ में बारिश के आंकड़े काफी अधिक रहे।
वाल्मीकिनगर में 194.8 मिलीमीटर बारिश दर्ज होना पिछले 24 घंटों के दौरान प्रदेश में हुई तेज बारिश की स्थिति को दर्शाता है। इसी तरह सोनबरसा में भी 190 मिलीमीटर बारिश रिकॉर्ड की गई। इन इलाकों में कुछ ही समय में बड़ी मात्रा में पानी गिरने से स्थानीय स्तर पर जनजीवन प्रभावित हुआ।
मैनाटांड़ में 168.4 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। वहीं मधुबनी में बारिश का आंकड़ा 108.6 मिलीमीटर रहा। रघुनाथपुर और पिपराही में भी 100 मिलीमीटर से अधिक बारिश रिकॉर्ड की गई। इससे स्पष्ट है कि मानसून की सक्रियता का असर बिहार के अलग-अलग हिस्सों में व्यापक रूप से देखने को मिला।
गोपालगंज और सिवान में भी भारी वर्षा दर्ज की गई। पूर्वी चंपारण, शिवहर, मधुबनी और सुपौल में बारिश का जोर बना रहा। लगातार बारिश के कारण लोगों की दैनिक गतिविधियां प्रभावित हुईं और कई स्थानों पर लोगों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ा।
सितंबर के अंतिम दिनों में भी मानसून की सक्रियता ने मौसम का मिजाज बदला हुआ है। पिछले कुछ दिनों से बिहार के कई हिस्सों में बादल और बारिश का दौर बना हुआ था। अब लोगों को लगातार हो रही बारिश से राहत मिलने की उम्मीद है।
बारिश के आंकड़ों में उत्तर बिहार के जिलों का दबदबा दिखाई दिया। पश्चिमी चंपारण और सीतामढ़ी में बहुत भारी बारिश हुई, जबकि आसपास के कई जिलों में भारी बारिश दर्ज की गई। इससे इन इलाकों में मौसम पूरी तरह बारिश वाला बना रहा।
राजधानी पटना में 61.2 मिलीमीटर बारिश दर्ज होने से शहर में भी मौसम बदला रहा। पिछले कुछ दिनों से हो रही बारिश ने तापमान और वातावरण पर भी असर डाला। लगातार बारिश के बीच लोगों को घरों से बाहर निकलने और अपने दैनिक कामकाज में परेशानी हुई।
बिहार में मानसून सक्रिय होने के कारण एक साथ कई जिलों में बारिश दर्ज की गई। अलग-अलग स्थानों पर बारिश की मात्रा में काफी अंतर रहा। कुछ इलाकों में सामान्य बारिश हुई तो पश्चिमी चंपारण और सीतामढ़ी के कुछ स्थानों पर बहुत भारी बारिश दर्ज की गई।
पश्चिमी चंपारण के वाल्मीकिनगर में दर्ज 194.8 मिलीमीटर बारिश सबसे अधिक रही। इसके बेहद करीब सोनबरसा में 190 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई। इन दोनों स्थानों पर हुई बारिश ने पूरे प्रदेश में पिछले 24 घंटों की वर्षा के आंकड़ों में प्रमुख स्थान बनाया।
मैनाटांड़ में भी 168.4 मिलीमीटर बारिश हुई, जो काफी अधिक है। इसके अलावा मधुबनी, रघुनाथपुर और पिपराही में 100 मिलीमीटर से ज्यादा बारिश रिकॉर्ड हुई। इन आंकड़ों से पता चलता है कि प्रदेश में मानसून की गतिविधियां काफी मजबूत बनी रहीं।
लगातार बारिश का सबसे अधिक असर उन क्षेत्रों में महसूस किया गया जहां पहले से पानी जमा होने की स्थिति थी। भारी वर्षा के कारण निचले इलाकों में पानी बढ़ने की स्थिति बन सकती है। ग्रामीण क्षेत्रों में भी लगातार बारिश से रास्तों और खेतों में पानी जमा होने जैसी परिस्थितियां पैदा होती हैं।
बिहार में मानसून के इस दौर में पश्चिमी और उत्तरी हिस्सों में बारिश की गतिविधियां अधिक रही हैं। पश्चिमी चंपारण, सीतामढ़ी, गोपालगंज, सिवान, पूर्वी चंपारण, शिवहर, मधुबनी और सुपौल जैसे जिलों में बारिश का प्रभाव स्पष्ट रूप से दिखाई दिया।
पटना मौसम विज्ञान केंद्र की रिपोर्ट के मुताबिक पिछले 24 घंटे के दौरान मानसून सक्रिय रहा। अलग-अलग जिलों में हुई भारी और बहुत भारी बारिश के कारण प्रदेश में मौसम पूरी तरह बदला रहा। अब लगातार झमाझम बारिश का सामना कर रहे लोगों को मौसम में सुधार और बारिश से राहत मिलने की उम्मीद है।
पिछले 24 घंटों में वाल्मीकिनगर में 194.8 मिलीमीटर, सोनबरसा में 190 मिलीमीटर, मैनाटांड़ में 168.4 मिलीमीटर, मधुबनी में 108.6 मिलीमीटर, रघुनाथपुर में 102.2 मिलीमीटर और पिपराही में 100.8 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। राजधानी पटना में 61.2 मिलीमीटर वर्षा हुई।
कई दिनों की बारिश के बाद लोगों की नजर अब मौसम के अगले बदलाव पर है। भारी बारिश से प्रभावित क्षेत्रों में लोगों को राहत की उम्मीद है। हालांकि पिछले 24 घंटों के आंकड़ों ने साफ कर दिया है कि बिहार में मानसून की सक्रियता मजबूत रही और कई जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश दर्ज की गई।





