बिहार

सीएम नीतीश कुमार को मुखिया संघ की चेतावनी, बोले- 'सरकार के विकास कार्यों का करेंगे बहिष्कार'

Kunti Dhruw
1 April 2022 6:34 PM GMT
सीएम नीतीश कुमार को मुखिया संघ की चेतावनी, बोले- सरकार के विकास कार्यों का करेंगे बहिष्कार
x
बिहार में विकास की नींव माने जाने वाले पंचायती राज विभाग से जुड़े स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने सरकार के विकास कार्यों का बहिष्कार करने का फैसला लिया है.

बिहार में विकास की नींव माने जाने वाले पंचायती राज विभाग से जुड़े स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने सरकार के विकास कार्यों का बहिष्कार करने का फैसला लिया है. हाल में प्रदेश के जिलों से आने वाली मुखिया की हत्या की खबरों ने जनप्रतिनिधियों को अलर्ट कर दिया है. अब वे सरकार से आर-पार की लड़ाई लड़ने के मूड में हैं. बिहार सरकार ने पहले वायदा किया कि था कि मुखिया यदि सुरक्षा की मांग करते हैं और खतरा होने पर सुरक्षा गार्ड और हथियार के लाइसेंस की मांग करते हैं, तो उन्हें दिया जाएगा, लेकिन ऐसा बिल्कुल नहीं हो रहा है. बिहार में आए दिन मुखिया और स्थानीय जनप्रतिनिधियों की हत्या की खबरें आ रही हैं.

बिहार का मुखिया संघ अब सरकार से आर-पार की लड़ाई लड़ेगा. इसके लिए मुखिया संघ ने सरकार को चेतावनी जारी करते हुए कहा है कि अगर किसी भी मुखिया और पंचायत प्रतिनिधि की हत्या हुई, तो ग्रामीण कार्य विकास के तमाम कार्यों का वे बहिष्कार करेंगे. मुखिया संघ ने पटना में एक बैठक के बाद ये एलान किया है कि पंचायत प्रतिनिधियों की सुरक्षा की गारंटी सरकार ले और सुरक्षा प्रदान करे अन्यथा वे किसी भी कल्याणकारी योजना का समर्थन नहीं करेंगे और विकास योजनाओं का बहिष्कार करेंगे. मुखिया संघ का आरोप है कि बिहार में पंचायत प्रतिनिधियों की लगातार हत्याएं हो रही हैं. सरकार इसे लेकर कोई ठोस कदम नहीं उठा रही है. प्रशासन पूरी तरह से बेखबर बना हुआ है. अपराधियों का मनोबल ऊंचा हो गया है.
बिहार मुखिया संघ के प्रदेश अध्यक्ष मिथिलेश कुमार राय ने कहा कि ग्राम पंचायतों की मुखिया की लगातार हत्या से संघ काफी दुखी है. भागलपुर के कुमैठा पंचायत की मुखिया अनीता देवी की हत्या. सीवान के हुसैनगंज में मुखिया प्रतिनिधि विश्वकर्मा बिंद की हत्या और उसके भगीना की हत्या. सारण के एकमा के पचुआ मुखिया श्यामकिशोर तिवारी पर जानलेवा हमला कर अपराधियों ने पंचायत प्रतिनिधियों को दहशत में डाल दिया है.
संघ ने साफ चेतावनी दी है कि अगर बिहार सरकार समय रहते सही फैसला नहीं लेती है, तो पंचायत जनप्रतिनिधि सड़कों पर उतरेंगे, तो सरकार मुश्किल में आ जाएगी. राज्य में दर्जनों पंचायत प्रतिनिधियों की हत्या हो गई है. अभी तक कोई भी अपराधी पकड़ा नहीं गया है. इतना ही नहीं, मृतक के परिवार को कोई मुआवजा नहीं दिया गया है.
पंचायती राज विभाग के मंत्री के उस बयान की चर्चा करते हुए मुखिया संघ ने कहा कि मंत्री ने प्रतिनिधियों को हथियार का लाइसेंस देने की पहल की थी, लेकिन अभी तक कुछ नहीं हुआ. सरकार प्रतिनिधियों को उचित सुरक्षा और मृतक के परिजनों को 20 लाख रुपया मुआवजा दे, वरना आंदोलन किया जाएगा.
Next Story
© All Rights Reserved @ 2022Janta Se Rishta