बिहार

BJP प्रत्याशी अभिषेक की जाति और सियासी समीकरण

Saba Naaz
7 July 2026 8:38 PM IST
BJP प्रत्याशी अभिषेक की जाति और सियासी समीकरण
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बिहार : बांकीपुर विधानसभा सीट पर होने वाले उपचुनाव को लेकर सियासी हलचल तेज हो गई है। भारतीय जनता पार्टी ने इस हाईप्रोफाइल सीट से अभिषेक कुमार ‘बंटी’ को अपना उम्मीदवार बनाया है। उम्मीदवार घोषित होते ही सबसे ज्यादा चर्चा इस बात को लेकर शुरू हो गई कि अभिषेक कुमार किस जाति से आते हैं और बीजेपी ने उन्हें ही मैदान में क्यों उतारा है। अभिषेक कुमार ‘बंटी’ कायस्थ समाज से आते हैं। बांकीपुर विधानसभा क्षेत्र में कायस्थ मतदाताओं की अच्छी पकड़ मानी जाती है। इसी सामाजिक समीकरण को देखते हुए बीजेपी ने अभिषेक कुमार पर भरोसा जताया है। खास बात यह है कि इस सीट पर लंबे समय तक बीजेपी के वरिष्ठ नेता नितिन नवीन का दबदबा रहा है, जो खुद कायस्थ समाज से आते हैं।

उम्मीदवार बनाए जाने के बाद अभिषेक कुमार ने पार्टी नेतृत्व का आभार जताया। उन्होंने कहा कि बीजेपी की खासियत है कि वह अपने मेहनती कार्यकर्ताओं को आगे बढ़ने का मौका देती है। प्रशांत किशोर के चुनाव मैदान में उतरने को लेकर अभिषेक ने कहा कि वह उनके लिए कोई चुनौती नहीं हैं और जनता काम के आधार पर फैसला करेगी। अभिषेक कुमार लंबे समय से बीजेपी संगठन से जुड़े हुए हैं। वर्तमान में वह भारतीय जनता युवा मोर्चा (BJYM) के बिहार प्रदेश उपाध्यक्ष हैं। इससे पहले वह पटना महानगर युवा मोर्चा के अध्यक्ष की जिम्मेदारी भी संभाल चुके हैं। करीब 26 वर्षों से संगठन में सक्रिय अभिषेक की पहचान एक जमीनी कार्यकर्ता के रूप में रही है।

बांकीपुर विधानसभा सीट पटना की सबसे चर्चित सीटों में शामिल है। यहां व्यापारी वर्ग, नौकरीपेशा लोग, पेशेवर और मध्यम वर्ग के मतदाताओं के साथ कायस्थ समाज की भी महत्वपूर्ण भूमिका मानी जाती है। राजनीतिक जानकारों का कहना है कि बीजेपी ने उम्मीदवार चयन में संगठनात्मक अनुभव और सामाजिक समीकरण दोनों का ध्यान रखा है। बांकीपुर सीट पर नितिन नवीन का राजनीतिक प्रभाव काफी मजबूत रहा है। वह करीब दो दशक तक इस क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करते रहे हैं। वर्ष 2006 में उन्होंने अपने पिता के निधन के बाद पटना पश्चिम विधानसभा सीट से उपचुनाव जीतकर राजनीति में कदम रखा था। वर्ष 2008 के परिसीमन के बाद इस सीट का नाम बदलकर बांकीपुर विधानसभा कर दिया गया।

इसके बाद नितिन नवीन ने 2010, 2015, 2020 और 2025 के विधानसभा चुनावों में लगातार जीत दर्ज की। 2025 के चुनाव में उन्होंने राष्ट्रीय जनता दल की उम्मीदवार रेखा कुमारी को बड़े अंतर से हराया था। यही वजह है कि बांकीपुर को बीजेपी का मजबूत गढ़ माना जाता है। अभिषेक कुमार को नितिन नवीन का करीबी भी माना जाता है। उन्होंने लंबे समय तक उनके साथ संगठनात्मक कार्यक्रमों और पार्टी अभियानों में काम किया है। बूथ स्तर से लेकर प्रदेश स्तर तक संगठन में जिम्मेदारियां निभाने के कारण उनकी कार्यकर्ताओं के बीच अच्छी पकड़ बताई जाती है।

अभिषेक कुमार ने पाटलिपुत्र मंडल, कृष्णा मंडल, पटना महानगर युवा मोर्चा और बिहार प्रदेश युवा मोर्चा में अलग-अलग पदों पर काम किया है। पार्टी के सदस्यता अभियान, जनसंपर्क कार्यक्रमों और संगठन विस्तार में भी उनकी सक्रिय भूमिका रही है। बांकीपुर उपचुनाव इस बार काफी दिलचस्प माना जा रहा है क्योंकि जन सुराज पार्टी के संस्थापक प्रशांत किशोर भी मैदान में हैं। ऐसे में मुकाबला त्रिकोणीय होने की संभावना जताई जा रही है। बीजेपी ने अभिषेक कुमार के जरिए संगठन की ताकत, युवा चेहरा और कायस्थ वोट बैंक को साधने की रणनीति अपनाई है।

अब देखना होगा कि बीजेपी का यह दांव कितना सफल होता है और क्या अभिषेक कुमार लंबे समय से चले आ रहे पार्टी के गढ़ को बचाने में कामयाब हो पाते हैं।

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