
Bihar बिहार: भीषण गर्मी और लगातार बढ़ते तापमान का असर ऐतिहासिक एवं धार्मिक पर्यटन स्थल मंदार पर साफ दिखाई देने लगा है। तेज धूप और लू के कारण इन दिनों पूरे परिसर में सन्नाटा पसरा हुआ है और दोपहर के समय यह क्षेत्र लगभग पूरी तरह सुनसान नजर आता है।
गर्मी बढ़ने के साथ ही मंदार आने वाले पर्यटकों की संख्या में भारी गिरावट दर्ज की गई है। जहां पहले बड़ी संख्या में लोग यहां घूमने और धार्मिक गतिविधियों के लिए पहुंचते थे, वहीं अब पर्यटकों की आवाजाही काफी कम हो गई है।
पर्यटकों की कमी का सीधा असर मंदार की प्रमुख आकर्षण रोप-वे सेवा पर भी पड़ा है। रोप-वे संचालक मुकेश कुमार ने बताया कि सामान्य दिनों में प्रतिदिन लगभग 400 से 500 पर्यटक रोप-वे का आनंद लेते थे, लेकिन वर्तमान में यह संख्या घटकर केवल 100 से 200 के बीच रह गई है।
उन्होंने बताया कि गर्मी और लू के कारण लोग दिन के समय बाहर निकलने से बच रहे हैं, जिसका असर पर्यटन गतिविधियों पर स्पष्ट रूप से देखा जा रहा है। हालांकि रविवार और छुट्टी के दिनों में थोड़ी भीड़ देखने को मिल रही है, लेकिन वह भी पहले की तुलना में काफी कम है।
स्थानीय व्यापारियों का कहना है कि पर्यटकों की कमी से उनका कारोबार भी प्रभावित हुआ है। मंदार क्षेत्र में छोटे दुकानदार, फूड स्टॉल और अन्य सेवाओं पर निर्भर लोग कम भीड़ के कारण आर्थिक नुकसान का सामना कर रहे हैं।
पर्यटन से जुड़े लोगों का कहना है कि यदि मौसम इसी तरह गर्म बना रहा तो आने वाले दिनों में पर्यटकों की संख्या और भी कम हो सकती है। उन्होंने प्रशासन से अपील की है कि गर्मी से बचाव के लिए पानी, छाया और अन्य सुविधाओं की व्यवस्था को और बेहतर किया जाए।
मंदार, जो धार्मिक और ऐतिहासिक दृष्टि से महत्वपूर्ण स्थान माना जाता है, गर्मी के मौसम में पर्यटकों के लिए चुनौतीपूर्ण बन गया है। दोपहर के समय तेज धूप और लू के कारण लोग यहां रुकने से बच रहे हैं और केवल सुबह या शाम के समय ही कुछ पर्यटक पहुंच रहे हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि मौसम में सुधार होता है तो पर्यटन गतिविधियों में फिर से बढ़ोतरी देखने को मिलेगी। फिलहाल भीषण गर्मी ने मंदार के पर्यटन पर गहरा असर डाला है और क्षेत्र में सन्नाटा पसरा हुआ है।





