
नालंदा न्यूज़: नालंदा में सैकड़ों लोग वायरल फीवर से ग्रसित हैं. इनके लक्षण बहुत हद तक एच3एन2 यानि इनफ्लूएंजा टाइप ए से मिलते जुलते हैं. फिलहाल यहां स्वाइन फ्लू (एच1एन1) के एक भी मामले नहीं मिले हैं. बावजूद स्वास्थ्य विभाग इस पर पैनी नजर बनाए हुए है.
वायरल फीवर को लेकर स्वास्थ्य विभाग ने संक्रमित लोगों से कोविड गाइडलाइन का पालन करने की अपील की है. सीएस डॉ. अविनाश कुमार सिंह ने बताया कि इसे लेकर घबराने जैसी कोई बात नहीं है. वायरल फीवर वाले लोग सतर्कता बरतें. डॉक्टर से इलाज करा नियमित दवाएं लें. वे ठीक हो जाएंगे. वायरल फीवर को लेकर सभी अस्पतालों को अलर्ट रहने को कहा गया है. संक्रमित लोग दो गज की दूरी, मास्क है जरूरी, बाहर से आने पर हाथ धोएं, अनावश्यक तौर से बाहर न निकलें, खांसते व छिंकते वक्त मुंह पर रुमाल अवश्य रखें.
उन्होंने कहा कि पहले भी बदलते मौसम में इस तरह के वायरल फीवर होते रहे हैं. इस बार यह बीमारी थोड़ी देर से ठीक हो रही है.अभी जांच कराने संबंधित किसी तरह का आदेश नहीं आया है. उन्होंने कहा कि आदेश आने पर आगे जांच समेत अन्य व्यवस्था को दुरुस्त किया जाएगा.





