
अलीगंज (जमुई)। चंद्रदीप थाना क्षेत्र के हाबूनगर गांव में सोमवार देर शाम एक किसान की बेरहमी से हत्या कर दी गई। मृतक की पहचान 50 वर्षीय अमिरक यादव के रूप में हुई है। अपराधियों ने धारदार हथियार से हमला कर उनकी जान ले ली और दोनों पैर काटकर अलग कर दिए। घटना की जानकारी मिलते ही पूरे इलाके में दहशत फैल गई। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी।
परिजनों के अनुसार, अमिरक यादव सोमवार शाम अपने घर से करीब एक किलोमीटर दूर मानपुर बहियार स्थित खेत में चल रहे मोटर पंप को देखने गए थे। रोजमर्रा के काम की तरह वह खेत की ओर निकले थे, लेकिन देर शाम तक वापस घर नहीं लौटे।
काफी समय बीतने के बाद परिवार के लोगों को चिंता होने लगी। मृतक की पत्नी शरफी देवी ने बताया कि जब उनके पति घर नहीं लौटे तो उन्होंने परिवार के अन्य सदस्यों के साथ खेत की ओर जाकर तलाश शुरू की।
खेत के पास पहुंचने पर कुछ दूरी पर अमिरक यादव का शव पड़ा दिखाई दिया। शव देखते ही शरफी देवी बेसुध हो गईं। उनके शोर की आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण भी मौके पर पहुंच गए।
घटना की भयावहता देखकर ग्रामीणों में अफरा-तफरी मच गई। इसके बाद तुरंत पुलिस को सूचना दी गई। सूचना मिलते ही चंद्रदीप थाना पुलिस घटनास्थल पर पहुंची और पूरे इलाके को घेरकर जांच शुरू कर दी।
प्रारंभिक जानकारी में सामने आया है कि किसान पर धारदार हथियार से कई वार किए गए। हमलावरों ने उनके दोनों पैर काटकर अलग कर दिए थे। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि इतनी बेरहमी से हत्या करने के पीछे अपराधियों की क्या मंशा थी।
हत्या किसने की और इसके पीछे पुरानी रंजिश, जमीन विवाद, आपसी दुश्मनी या कोई अन्य कारण था, फिलहाल इसका खुलासा नहीं हो सका है।
पुलिस ने परिजनों और आसपास के ग्रामीणों से पूछताछ शुरू कर दी है। यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि अमिरक यादव का हाल के दिनों में किसी से विवाद हुआ था या उन्हें किसी तरह की धमकी मिली थी।
घटनास्थल की स्थिति को देखते हुए पुलिस इस संभावना की भी जांच कर रही है कि हत्या योजनाबद्ध तरीके से की गई हो। जिस तरह से किसान के शरीर पर हमला किया गया और दोनों पैर काटे गए, उससे मामला सामान्य विवाद से अधिक गंभीर दिखाई दे रहा है।
पुलिस अब मृतक के मोबाइल फोन, संपर्कों और दिनभर की गतिविधियों के बारे में भी जानकारी जुटा सकती है। घटना से पहले किसान की किन लोगों से मुलाकात हुई थी, इसे समझना जांच के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
मानपुर बहियार क्षेत्र में शाम के समय लोगों की आवाजाही अपेक्षाकृत कम रहती है। इसका फायदा उठाकर अपराधियों ने वारदात को अंजाम दिया हो सकता है। पुलिस आसपास के संभावित रास्तों और घटनास्थल तक पहुंचने के मार्गों की भी जांच कर रही है।
ग्रामीणों से यह भी पूछा जा रहा है कि उन्होंने घटना के समय किसी संदिग्ध व्यक्ति या वाहन को इलाके में देखा था या नहीं।
अमिरक यादव की हत्या की खबर फैलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण घटनास्थल के आसपास जमा हो गए। लोग घटना से बेहद आक्रोशित और भयभीत हैं।
परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है। पत्नी शरफी देवी लगातार बेसुध हो रही थीं। परिजनों के लिए यह समझ पाना मुश्किल हो रहा है कि आखिर अमिरक की इतनी बेरहमी से हत्या क्यों की गई।
ग्रामीणों का कहना है कि किसान सामान्य रूप से अपने खेत और खेती-बाड़ी के काम में लगे रहते थे। इसलिए हत्या के पीछे के कारणों को लेकर गांव में तरह-तरह की चर्चाएं हो रही हैं।
हालांकि पुलिस ने लोगों से किसी तरह की अफवाह पर ध्यान न देने और जांच में सहयोग करने की अपील की है।
मामले में पुलिस का पहला फोकस अपराधियों की पहचान पर है। साथ ही हत्या में इस्तेमाल हथियार की तलाश भी की जा रही है।
यदि घटनास्थल या आसपास से कोई अन्य सबूत मिलता है तो उसे जांच के लिए सुरक्षित किया जाएगा। पुलिस यह भी देख रही है कि संघर्ष के कोई निशान मौजूद हैं या किसान पर अचानक हमला किया गया।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट से हत्या के समय, चोटों की प्रकृति और हमले से जुड़े महत्वपूर्ण तथ्य सामने आने की उम्मीद है। इससे पुलिस को जांच की दिशा तय करने में मदद मिल सकती है।
घटना ने क्षेत्र की कानून-व्यवस्था को लेकर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। ग्रामीणों ने अपराधियों की जल्द गिरफ्तारी और कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है और आरोपियों की पहचान के लिए सभी संभावित सुराग जुटाए जा रहे हैं।
किसान की हत्या के बाद हाबूनगर गांव में तनाव और भय का माहौल बना हुआ है। पुलिस की मौजूदगी से स्थिति नियंत्रित है, लेकिन लोग अभी भी घटना से सहमे हुए हैं।
फिलहाल यह स्पष्ट नहीं हो सका है कि हत्या कितने लोगों ने मिलकर की और किसान को खेत में ही निशाना बनाया गया या किसी अन्य स्थान से वहां लाया गया।
जांच पूरी होने के बाद ही हत्या की असली वजह और आरोपियों की पहचान सामने आ सकेगी। पुलिस परिजनों के बयान और घटनास्थल से मिले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई कर रही है।





