
Assam असम: असम विधानसभा चुनाव के 4 मई को आए शुरुआती रुझानों में भारतीय जनता पार्टी (BJP) के नेतृत्व वाली नेशनल डेमोक्रेटिक अलायंस (NDA) ने मजबूत बढ़त हासिल कर ली है। इन रुझानों ने राज्य में एक बार फिर सत्ता परिवर्तन की संभावना को लगभग खत्म करते हुए मौजूदा मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा के नेतृत्व में लगातार दूसरी बार सरकार बनने के संकेत दिए हैं।
चुनाव आयोग के शुरुआती आंकड़ों के अनुसार, 126 सदस्यीय विधानसभा में NDA गठबंधन कुल 87 सीटों पर आगे चल रहा है। यह स्पष्ट बहुमत के लिए आवश्यक संख्या से काफी अधिक है, जिससे गठबंधन की स्थिति बेहद मजबूत मानी जा रही है।
गठबंधन में शामिल भारतीय जनता पार्टी (BJP) अकेले 71 सीटों पर आगे चल रही है, जो उसे सबसे बड़ी पार्टी के रूप में स्थापित कर रही है। इस प्रदर्शन ने राज्य में पार्टी की पकड़ और मजबूत कर दी है।
इसके अलावा NDA के अन्य सहयोगी दल भी अच्छी स्थिति में नजर आ रहे हैं। बोडोलैंड पीपुल्स फ्रंट (BPF) 9 सीटों पर आगे है, जबकि असम गण परिषद (AGP) 7 सीटों पर बढ़त बनाए हुए है। इन आंकड़ों ने गठबंधन की कुल स्थिति को और मजबूत कर दिया है।
रुझानों के अनुसार, मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा के नेतृत्व में NDA एक बार फिर स्पष्ट बहुमत की ओर बढ़ रही है। यह स्थिति संकेत देती है कि राज्य में राजनीतिक स्थिरता जारी रह सकती है और नेतृत्व परिवर्तन की संभावना बेहद कम है।
चुनाव विश्लेषकों का मानना है कि BJP और उसके सहयोगी दलों ने विभिन्न क्षेत्रों में मजबूत प्रदर्शन किया है, जिसका असर कुल सीटों पर साफ दिखाई दे रहा है। ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में NDA को समर्थन मिलता दिख रहा है।
मतगणना के शुरुआती चरणों में ही NDA की बढ़त ने राजनीतिक समीकरणों को लगभग साफ कर दिया है, हालांकि अंतिम परिणामों के लिए अभी पूरी गिनती का इंतजार किया जा रहा है।
चुनाव आयोग की निगरानी में राज्य भर के मतगणना केंद्रों पर प्रक्रिया जारी है और सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। सभी राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि मतगणना की प्रक्रिया पर नजर बनाए हुए हैं।
फिलहाल रुझानों में मिली बड़ी बढ़त ने असम की राजनीति में NDA के मजबूत जनाधार को एक बार फिर सामने रखा है, जबकि विपक्षी दलों के लिए यह परिणाम निराशाजनक संकेत दे रहे हैं।
अंतिम परिणाम आने के बाद ही स्थिति पूरी तरह स्पष्ट होगी, लेकिन शुरुआती ट्रेंड्स ने लगभग तस्वीर साफ कर दी है कि राज्य में एक बार फिर NDA की सरकार बनने की संभावना मजबूत है।





