
Assam असम: असम में हाल ही में हुए विधानसभा चुनाव में खराब प्रदर्शन के बाद भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस ने अपनी संगठनात्मक और चुनावी स्थिति की समीक्षा करने का फैसला किया है। पार्टी ने 9 मई को गुवाहाटी में एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक बुलाई है, जिसमें सभी जिला इकाइयों के नेताओं को उपस्थित रहने के निर्देश दिए गए हैं।
असम प्रदेश कांग्रेस कमेटी के संगठन महासचिव रामेन बरुआ द्वारा जारी सर्कुलर में कहा गया है कि यह बैठक चुनाव परिणामों का विस्तृत विश्लेषण करने और पार्टी की भविष्य की रणनीति तय करने के उद्देश्य से आयोजित की जा रही है। बैठक में पार्टी की संगठनात्मक संरचना और चुनावी प्रदर्शन दोनों पर गंभीर चर्चा की जाएगी।
जारी नोटिस के अनुसार, इस बैठक में प्रदेश कांग्रेस कमेटी (PCC) के सभी पदाधिकारी, जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष, प्रभारी अध्यक्ष और वरिष्ठ उपाध्यक्षों की उपस्थिति अनिवार्य की गई है। सभी नेताओं को गुवाहाटी में निर्धारित समय पर मौजूद रहने का निर्देश दिया गया है।
बैठक का मुख्य फोकस 2026 के असम विधानसभा चुनाव परिणामों के विश्लेषण पर रहेगा। पार्टी यह समझने का प्रयास करेगी कि किन कारणों से विपक्षी गठबंधन को भारी हार का सामना करना पड़ा और संगठनात्मक स्तर पर किन कमियों के कारण प्रदर्शन प्रभावित हुआ।
गौरतलब है कि 126 सदस्यीय असम विधानसभा में कांग्रेस के नेतृत्व वाले विपक्षी गठबंधन को केवल 19 सीटों पर ही जीत हासिल हुई, जबकि भारतीय जनता पार्टी के नेतृत्व वाले NDA गठबंधन ने 102 सीटें जीतकर स्पष्ट बहुमत प्राप्त किया।
इस भारी हार के बाद कांग्रेस में आत्ममंथन की प्रक्रिया शुरू हो गई है। पार्टी नेतृत्व यह जानने की कोशिश कर रहा है कि चुनावी रणनीति, संगठनात्मक ढांचा और जमीनी स्तर पर कार्यकर्ताओं की सक्रियता में कहां कमी रही।
इसी बीच, असम कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष गौरव गोगोई ने मंगलवार को पार्टी उम्मीदवारों के साथ एक वर्चुअल बैठक भी की। इस बैठक में चुनाव परिणामों पर फीडबैक लिया गया और हार के संभावित कारणों पर विस्तार से चर्चा की गई।
पार्टी सूत्रों के अनुसार, आने वाली 9 मई की बैठक को बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि इसमें भविष्य की राजनीतिक दिशा और संगठनात्मक सुधारों पर निर्णय लिए जा सकते हैं।
कांग्रेस नेतृत्व का मानना है कि इस समीक्षा प्रक्रिया के माध्यम से पार्टी अपनी कमजोरियों की पहचान कर उन्हें सुधारने का प्रयास करेगी, ताकि आने वाले चुनावों में बेहतर प्रदर्शन किया जा सके।





