आंध्र प्रदेश

आंध्र प्रदेश: 15 प्रतिशत विकास दर हासिल करने के लिए ठोस प्रयास करें, सीएम चंद्रबाबू नायडू के निर्देश

SHIDDHANT
16 April 2026 9:17 PM IST
आंध्र प्रदेश: 15 प्रतिशत विकास दर हासिल करने के लिए ठोस प्रयास करें, सीएम चंद्रबाबू नायडू के निर्देश
x
Amravati अमरावती। आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन चंद्रबाबू नायडू ने गुरुवार को अधिकारियों को राज्य में 15 प्रतिशत विकास दर हासिल करने के लिए ठोस प्रयास करने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों से राज्य के सकल घरेलू उत्पाद (जीएसडीपी) लक्ष्यों को प्राप्त करने के लिए सूक्ष्म (माइक्रो) और व्यापक (मैक्रो) स्तर की योजना रणनीतियों को लागू करने को कहा। मुख्यमंत्री ने विभिन्न क्षेत्रों में बेहतर उत्पादकता हासिल करने के लिए अल्पकालिक, मध्यमकालिक और दीर्घकालिक योजनाओं की आवश्यकता पर जोर दिया।
वित्त विभाग की समीक्षा बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि 15 प्रतिशत विकास दर के लक्ष्य को पाने के लिए जमीनी स्तर पर योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन बेहद जरूरी है। मुख्यमंत्री कार्यालय (सीएमओ) के अनुसार, उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि योजनाओं को गांव स्तर तक प्रभावी ढंग से लागू किया जाए। सीएम ने कहा कि राज्य पहले से ही कृषि और उद्योग क्षेत्रों को पानी और बिजली जैसी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध करा रहा है, लेकिन उत्पादकता बढ़ाने के लिए और अधिक केंद्रित प्रयासों की जरूरत है।
उन्होंने बताया कि वित्तीय दबाव के बावजूद सरकार ने बिजली दरों में वृद्धि नहीं की है और पिछली सरकार के फैसलों के कारण 4,600 करोड़ रुपये का अतिरिक्त बोझ भी वहन कर रही है।
मुख्यमंत्री ने राजस्व बढ़ाने वाले विभागों को बिना जनता पर अतिरिक्त बोझ डाले अपने लक्ष्य हासिल करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अमरावती और पोलावरम जैसी प्रमुख परियोजनाओं के पूरा होने से राज्य में संपत्ति सृजन को बड़ा बढ़ावा मिलेगा।
उन्होंने भरोसा दिलाया कि प्राथमिकता वाली परियोजनाओं के लिए धन की कोई कमी नहीं है और केंद्र सरकार के सहयोग से इन परियोजनाओं को जल्द पूरा कर विकास को गति दी जाएगी। साथ ही उन्होंने अधिकारियों से ‘पूर्वोदय’ और ‘एसएएससीआई’ जैसी केंद्र सरकार की योजनाओं का बेहतर उपयोग कर विकास कार्यों को आगे बढ़ाने को कहा।
मुख्यमंत्री ने दोहराया कि कल्याणकारी योजनाएं वेलफेयर कैलेंडर के अनुसार लागू की जाएंगी। उन्होंने अधिकारियों को आंध्र प्रदेश पुनर्गठन अधिनियम के तहत राज्य को मिलने वाले फंड को सुनिश्चित करने पर भी ध्यान देने को कहा।
पिछली सरकार पर निशाना साधते हुए उन्होंने अन्ना कैंटीन बंद करने के फैसले की आलोचना की और कहा कि वर्तमान सरकार चुनौतियों के बावजूद राज्यभर में 269 अन्ना कैंटीनों के जरिए गरीबों को भोजन उपलब्ध करा रही है।
उन्होंने निवेश आकर्षित करने और राजस्व बढ़ाने के लिए सरकारी विभागों में कार्यकुशलता बढ़ाने और प्रक्रियाओं को सरल बनाने की आवश्यकता पर भी जोर दिया।
इस समीक्षा बैठक में वित्त मंत्री पय्यावुला केशव, मुख्य सचिव जी साई प्रसाद, वित्त विभाग के प्रमुख सचिव पीयूष कुमार सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।
Next Story