आंध्र प्रदेश

अनंत अंबानी का बड़ा ऐलान, हर किसान को बनाएंगे उसके खेत का CEO

nidhi
4 Oct 2026 6:26 AM IST
अनंत अंबानी का बड़ा ऐलान, हर किसान को बनाएंगे उसके खेत का CEO
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खेती में आएगा बड़ा बदलाव

नई दिल्ली : आंध्र प्रदेश में कृषि और किसानों के विकास को लेकर रिलायंस ने एक बड़ी पहल की घोषणा की है। राज्य में ‘इंडियन स्कूल ऑफ एग्रीकल्चर’ स्थापित किया जाएगा। इस पहल का उद्देश्य किसानों को आधुनिक खेती, नई तकनीक, बेहतर प्रबंधन और कृषि से जुड़े व्यावसायिक कौशल से जोड़ना है। रिलायंस से जुड़े अनंत अंबानी ने इस पहल को लेकर कहा कि लक्ष्य हर किसान को उसके खेत का ‘सीईओ’ बनाना है।

इंडियन स्कूल ऑफ एग्रीकल्चर के जरिए किसानों को केवल खेती की पारंपरिक जानकारी तक सीमित नहीं रखा जाएगा, बल्कि उन्हें आधुनिक कृषि व्यवस्था के अनुरूप तैयार करने पर जोर होगा। खेती में तकनीक का इस्तेमाल, उत्पादन बढ़ाने के तरीके, लागत का बेहतर प्रबंधन, फसलों की गुणवत्ता और बाजार तक किसानों की पहुंच जैसे विषय इस पहल के केंद्र में रह सकते हैं।
कृषि क्षेत्र में लगातार हो रहे बदलावों के बीच किसानों के सामने उत्पादन लागत, मौसम, बाजार और नई तकनीक को अपनाने जैसी कई चुनौतियां हैं। ऐसे में किसानों को प्रशिक्षण और आधुनिक जानकारी उपलब्ध कराना उनकी आय और उत्पादकता बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है। इंडियन स्कूल ऑफ एग्रीकल्चर इसी दिशा में एक नए मॉडल के तौर पर सामने आ सकता है।
अनंत अंबानी का ‘हर किसान को उसके खेत का सीईओ’ बनाने का बयान खेती को एक उद्यम के रूप में देखने की सोच को सामने रखता है। इसका मतलब किसान केवल फसल पैदा करने तक सीमित न रहे, बल्कि वह अपने खेत की योजना, निवेश, उत्पादन, बिक्री और मुनाफे से जुड़े फैसले भी बेहतर तरीके से कर सके। इसके लिए तकनीकी ज्ञान के साथ वित्तीय और प्रबंधन संबंधी जानकारी भी अहम होगी। इस पहल के माध्यम से किसानों को नई कृषि तकनीकों, संसाधनों के बेहतर इस्तेमाल और बाजार की जरूरतों के मुताबिक उत्पादन की जानकारी मिलने की उम्मीद है। कृषि क्षेत्र में डिजिटल तकनीक, डेटा और आधुनिक मशीनों का इस्तेमाल तेजी से बढ़ रहा है। सही प्रशिक्षण मिलने पर छोटे और मध्यम किसान भी इनका लाभ उठा सकते हैं।
आंध्र प्रदेश देश के प्रमुख कृषि राज्यों में शामिल है। यहां धान, मिर्च, तंबाकू, मूंगफली सहित कई फसलों का बड़े पैमाने पर उत्पादन होता है। इसके अलावा बागवानी, डेयरी और मत्स्य पालन भी ग्रामीण अर्थव्यवस्था में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। ऐसे में राज्य में कृषि से जुड़ी नई शैक्षणिक और प्रशिक्षण व्यवस्था किसानों के लिए उपयोगी साबित हो सकती है। इंडियन स्कूल ऑफ एग्रीकल्चर से युवाओं को भी कृषि क्षेत्र से जोड़ने में मदद मिलने की संभावना है। आधुनिक तकनीक और उद्यमिता आधारित खेती युवाओं के लिए रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसर पैदा कर सकती है। कृषि को लाभकारी व्यवसाय के रूप में विकसित करने के लिए प्रशिक्षण, तकनीक और बाजार के बीच मजबूत तालमेल जरूरी माना जाता है।
रिलायंस की यह पहल यदि व्यापक स्तर पर किसानों तक पहुंचती है तो कृषि क्षेत्र में कौशल विकास और आधुनिक प्रबंधन को बढ़ावा मिल सकता है। खास तौर पर बदलते मौसम और बढ़ती लागत के दौर में किसानों को वैज्ञानिक खेती तथा बेहतर निर्णय लेने की क्षमता देना महत्वपूर्ण है। कुल मिलाकर, आंध्र प्रदेश में प्रस्तावित ‘इंडियन स्कूल ऑफ एग्रीकल्चर’ किसानों को खेती के साथ-साथ प्रबंधन और उद्यमिता की समझ देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के रूप में देखा जा रहा है। अनंत अंबानी का किसानों को अपने खेत का ‘सीईओ’ बनाने का लक्ष्य कृषि को अधिक आधुनिक, संगठित और लाभकारी बनाने की सोच को दर्शाता है।
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