
काफी लंबे समय से बेपटरी चल रही यातायात व्यवस्था को पटरी पर लाने के लिए शुक्रवार से प्रशासन ने कमर कस ली है। शुक्रवार से शहर के प्रमुख बाजारों की यातायात व्यवस्था को सुधारने के निर्णय को हरी झंडी दे दी गई। गुरुवार को यहां संभागीय आयुक्त नीरज के. पवन की अध्यक्षता में हुई बैठक में विभिन्न विभागों के अधिकारी तथा व्यापार मंडल के पदाधिकारी मौजूद रहे। बैठक में व्यापारियों ने भी यातायात व्यवस्था को सुधारने पर अपनी सहमति दी थी। अब व्यवस्था को सुधारने के लिए जिला प्रशासन ने कमेटी का गठन किया है। इसमें पुुलिस, नगर विकास न्यास, नगर निगम, सार्वजनिक निर्माण विभाग तथा यातायात विभाग के अधिकारियों को शामिल किया गया है।
केईएम रोड को पूरी तरह से खाली कराया जाएगा। फुटपाथ पर फुटकर सामान बेचने वानों तथा ठेले वालों को भी यहां से हटाकर राजीव गांधी मार्ग पर दीवार के सहारे जगह दी जाएगी। यहां से पहले से खड़ी बसों और अन्य वाहनों को हटा दिया गया है। साथ ही कोटगेट व सट्टा बाजार में भी सड़क पर बैठने वाले फुटकर व्यापारियों को हटाया जाएगा। इसके अलावा दुकानों के आगे रखे लोहे के जंगलों को भी हटाया जाएगा।
सट्टा बाजार में एक तरफा (वन वे) यातायात व्यवस्था शुक्रवार से करेगा। कोटगेट से सट्टा बाजार तथा स्टेशन की तरफ जाने वाले वाहन चालक पहले फड़ बाजार पॉइंट की तरफ आएंगे। यहां से सांखला फाटक की तरफ से होते हुए स्टेशन अथवा सट्टा बाजार की तरफ जाएंगे। इसी तरह स्टेशन तथा सट्टा बाजार की तरफ से आने वाले वाहन चालकों को अगर केईएम रोड की तरफ आना है, तो वे कोटगेट की तरफ आकर वापस फड़ बाजार पॉइंट की तरफ मुड़ जाएगा। विकल्प के तौर पर राजीव गांधी मार्ग से भी वाहन चालक कोटगेट की तरफ जा सकेंगे। यहां पर रहेगी पार्किंग व्यवस्था केईएम रोड तथा सट्टा बाजार के दुकानदारों और ग्राहकों के वाहनों को खड़ा करने के लिए स्थान भी तय किए गए हैं। इन वाहनों के लिए पाबू पाठशाला के पास तथा रतनबिहारी पार्क में पार्किंग की व्यवस्था की गई है।





