- Home
- /
- लाइफ स्टाइल
- /
- फूलों से लद जाएगा...
लाइफ स्टाइल
फूलों से लद जाएगा गुड़हल का पौधा, बस अपनाएं ये आसान ट्रिक
Rajeshwari Nishad
26 Oct 2026 12:02 PM IST

x
Gardening Tips: अगर आपके घर में गुड़हल का पौधा लगा है और उसमें हरी-भरी पत्तियां तो निकल रही हैं, लेकिन फूल नहीं खिल रहे हैं, तो यह खबर आपके काम की हो सकती है। गुड़हल का पौधा अपनी खूबसूरती और रंग-बिरंगे फूलों के लिए जाना जाता है। लाल, पीले, गुलाबी और सफेद रंग के गुड़हल के फूल घर के बगीचे और बालकनी की सुंदरता बढ़ाते हैं। हालांकि, कई बार अच्छी देखभाल करने के बावजूद पौधे में फूल नहीं आते। ऐसे में बागवानी के जानकार पौधे को संतुलित पोषण देने की सलाह देते हैं। इसके लिए सीवीड टैबलेट एक उपयोगी विकल्प हो सकती है।
सीवीड यानी समुद्री शैवाल से तैयार होने वाली टैबलेट में पौधों के लिए उपयोगी जैव सक्रिय तत्व और कुछ खनिज मौजूद हो सकते हैं। ये पौधे की जड़ों के विकास, पोषक तत्वों के उपयोग और तनाव सहन करने की क्षमता में मदद कर सकते हैं। हालांकि, केवल एक टैबलेट डालने से ढेरों फूल आने की गारंटी नहीं होती। पौधे को पर्याप्त धूप, पानी और सही खाद मिलना भी जरूरी है।
क्या है सीवीड टैबलेट और कैसे करती है काम?
सीवीड टैबलेट समुद्री शैवाल से तैयार किया जाने वाला एक बागवानी उत्पाद है। इसका इस्तेमाल पौधों की बढ़वार और स्वास्थ्य को बेहतर बनाने के लिए किया जाता है। समुद्री शैवाल के अर्क में ऐसे प्राकृतिक यौगिक होते हैं, जो पौधों की शारीरिक प्रक्रियाओं को प्रभावित कर सकते हैं।
बागवानी विशेषज्ञों के अनुसार, सीवीड आधारित उत्पाद पौधों की जड़ों के विकास और प्रतिकूल परिस्थितियों से उबरने में सहायक हो सकते हैं। जब पौधे की जड़ें स्वस्थ होती हैं, तो वह मिट्टी से पानी और जरूरी पोषक तत्व बेहतर तरीके से ग्रहण कर सकता है।हालांकि, सीवीड टैबलेट सामान्य उर्वरक का पूरा विकल्प नहीं है। गुड़हल को अच्छी बढ़वार और फूलों के लिए नाइट्रोजन, फॉस्फोरस, पोटैशियम सहित दूसरे पोषक तत्वों की भी जरूरत होती है।
गुड़हल के गमले में कैसे डालें सीवीड टैबलेट?
सीवीड टैबलेट का इस्तेमाल करते समय सबसे पहले उसके पैकेट पर लिखे निर्देश पढ़ने चाहिए। अलग-अलग कंपनियों के उत्पादों में पोषक तत्वों की मात्रा और इस्तेमाल करने का तरीका अलग हो सकता है।
यदि उत्पाद को मिट्टी में डालने के लिए बनाया गया है, तो निर्धारित मात्रा में टैबलेट को पौधे के मुख्य तने से कुछ दूरी पर मिट्टी में दबाया जा सकता है। इसके बाद आवश्यकता के अनुसार हल्का पानी दें, ताकि उत्पाद मिट्टी में घुलकर अपना प्रभाव दिखा सके।ध्यान रखें कि सभी सीवीड टैबलेट सीधे मिट्टी में डालने के लिए नहीं होतीं। कुछ उत्पादों को पहले पानी में घोलना पड़ता है। इसलिए बिना निर्देश पढ़े किसी भी टैबलेट का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए।
गुड़हल में पत्तियां ज्यादा और फूल कम क्यों आते हैं?
गुड़हल के पौधे में फूल नहीं आने के कई कारण हो सकते हैं। इनमें पर्याप्त धूप का अभाव सबसे प्रमुख कारणों में शामिल है। गुड़हल को सामान्यतः प्रतिदिन लगभग 6 घंटे या उससे अधिक सीधी धूप मिलने पर अच्छी फूलों की बढ़वार हो सकती है।
इसके अलावा मिट्टी में नाइट्रोजन की अधिक मात्रा होने से पौधे में पत्तियों और शाखाओं की बढ़वार तेज हो सकती है, जबकि फूल कम आ सकते हैं। इसी तरह जरूरत से ज्यादा पानी देने पर जड़ों को नुकसान पहुंच सकता है।कई बार पौधे में कीट लगने, गमला छोटा होने या मौसम में बदलाव के कारण भी फूलों की संख्या घट जाती है। इसलिए केवल खाद बदलने के बजाय पौधे की पूरी स्थिति पर ध्यान देना जरूरी है।
गुड़हल में ज्यादा फूल पाने के लिए अपनाएं ये उपाय
गुड़हल के पौधे को ऐसी जगह रखें, जहां पर्याप्त धूप आती हो। अगर पौधा बालकनी में रखा है, तो उसे ऐसी दिशा में रखें जहां दिन में कई घंटे सूर्य की रोशनी मिल सके।पौधे की मिट्टी में जल निकासी की अच्छी व्यवस्था होनी चाहिए। गमले में पानी जमा रहने से जड़ें सड़ सकती हैं। पानी तभी दें, जब मिट्टी की ऊपरी परत कुछ सूखी महसूस हो।
इसके साथ ही पौधे को जरूरत के अनुसार संतुलित उर्वरक दें। फूलों वाले पौधों के लिए उपयुक्त खाद का चुनाव करना फायदेमंद हो सकता है। समय-समय पर सूखी और रोगग्रस्त शाखाओं को हटाना भी जरूरी है।गुड़हल के पौधे में एफिड्स, मिलीबग और अन्य कीटों का हमला हो सकता है। ये कीट नई कलियों और कोमल पत्तियों को नुकसान पहुंचाते हैं। इसलिए पौधे की नियमित जांच करनी चाहिए।
कितने दिनों में दिख सकता है असर?
सीवीड टैबलेट इस्तेमाल करने के बाद असर दिखने का समय पौधे की स्थिति, मौसम, मिट्टी और उत्पाद के अनुसार अलग-अलग हो सकता है। स्वस्थ पौधे में नई बढ़वार दिखाई दे सकती है, लेकिन फूल आने के लिए अनुकूल परिस्थितियां जरूरी हैं।
अगर पौधे में पहले से पोषक तत्वों की कमी है, तो केवल सीवीड टैबलेट पर्याप्त नहीं होगी। ऐसी स्थिति में उचित खाद और मिट्टी की देखभाल भी करनी पड़ेगी।
ज्यादा टैबलेट डालने की गलती न करें
कुछ लोग जल्दी फूल पाने के चक्कर में गमले में जरूरत से ज्यादा खाद या ग्रोथ सप्लीमेंट डाल देते हैं। ऐसा करना पौधे के लिए नुकसानदायक हो सकता है। अधिक मात्रा में इस्तेमाल करने से मिट्टी का पोषक संतुलन बिगड़ सकता है।
इसलिए सीवीड टैबलेट का इस्तेमाल हमेशा उत्पाद पर बताई गई मात्रा और अंतराल के अनुसार करें। अगर पौधा कमजोर है या उसकी जड़ें खराब हो रही हैं, तो पहले समस्या की पहचान करना जरूरी है।
Next Story





