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सेक्शुअल रिलेशन बनाने के बाद जरूर करें ये काम, नहीं होगा बीमारी का खतरा

SANTOSI TANDI
11 Oct 2023 10:02 AM GMT
सेक्शुअल रिलेशन बनाने के बाद जरूर करें ये काम, नहीं होगा बीमारी का खतरा
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जरूर करें ये काम, नहीं होगा बीमारी का खतरा
फिजिकल रिलेशन बनाने के बाद क्या आपको भी जलन और दर्द महसूस होता है? यूरिन पास करने में दिक्कत होती है और ऐसा लगता है कि हमेशा यूट्रस से जुड़ी कोई ना कोई समस्या बढ़ रही है? अधिकतर हाइजीन ठीक से मेंटेन ना करने के कारण या फिर किसी बैक्टीरियल इन्फेक्शन के कारण यूरिनरी ट्रैक्ट इन्फेक्शन का खतरा काफी बढ़ जाता है।
ऐसे किसी भी इन्फेक्शन को लेकर अगर ध्यान ना दिया जाए, तो मुमकिन है कि इसके कारण कोई बड़ी सेक्शुअल ट्रांसमिटेड डिजीज हो जाए।
लैप सर्जन और गायनेकोलॉजिस्ट डॉक्टर गरिमा श्रीवास्तव एमडी (MRCOG (UK)) ने इंस्टाग्राम पर इससे जुड़ी जानकारी शेयर की है। उन्होंने बताया कि किस तरह से यूरिनरी ट्रैक्ट इंफेक्शन से बचा जा सकता है।
डॉक्टर गरिमा के मुताबिक, सेक्शुअल रिलेशन बनाने और इससे जुड़ी हाइजीन को लेकर अधिकतर लोग बात करने से कतराते हैं और यही कारण है कि उन्हें ज्यादा परेशानी होती है।
क्या सेक्शुअल इंटरकोर्स से हो सकता है UTI इन्फेक्शन?
वह बैक्टीरिया जिसकी वजह से यूटीआई हो सकता है वह हमारे शरीर में ही मौजूद होता है। ऐसे में वेजाइनल ओपनिंग के उस बैक्टीरिया के पास आते ही वह आसानी से हमारे ब्लैडर पर असर कर सकता है। महिलाओं के पोस्ट-सेक्स यूटीआई होने की गुंजाइश काफी ज्यादा होती है।
क्या हैं UTI के लक्षण?
यूरिनेशन करते समय जलन होना
यूरिनेशन करने की जरूरत महसूस होना, लेकिन यूरिन ना होना
दर्द होना
बुखार और कंपकंपी छूटना
अपर बैक या पेल्विक रीजन में दर्द होना
यूरिन करते समय बहुत दर्द होना
यूरिन का रंग बदला हुआ सा दिखना या झागदार दिखना
सेक्शुअल रिलेशन के बाद कैसे रोकें UTI
डॉक्टर गरिमा ने पांच ऐसे टिप्स बताएं हैं जो काफी हद तक यूटीआई को कम करने में मदद करेंगे।
1. हाइड्रेशन का ध्यान रखें
शरीर में हाइड्रेशन सही रहता है, तो कई तरह की चीजों से बचाव हो सकता है। सेक्शुअल रिलेशन बनाने के पहले और बाद पानी ठीक से पिएं और अल्कोहल से बचने की कोशिश करें।
2. सेक्शुअल इंटरकोर्स के तुरंत बाद करें यूरिन पास
अगर किसी वजह से आपके वेजाइनल ट्रैक्ट में बैक्टीरिया चला भी गया है, तो सेक्शुअल इंटरकोर्स के तुरंत बाद यूरिन पास करने से काफी हद तक बैक्टीरिया वेजाइनल ओपनिंग से फ्लश आउट हो सकता है। इसे सबसे असरदार तरीका समझा जाता है यूरिनरी ट्रैक्ट इन्फेक्शन को रोकने के लिए।
3. हमेशा ल्यूब्रिकेशन का इस्तेमाल करें
वेजाइनल ओपनिंग में बैक्टीरिया जाने और उसके अंदर पहुंचने या आपको परेशानी होने का कारण कम ल्यूब्रिकेशन भी हो सकता है। सेक्शुअल रिलेशन बनाते समय आपको इस बात का ध्यान रखना है कि ल्यूब्रिकेशन पर्याप्त हो। आप किसी हाइजीनिक ल्यूब्रिकेंट का ही इस्तेमाल करें।
4. हमेशा करें कंडोम का इस्तेमाल
STI और UTI दोनों को ही रोकने के लिए प्रोटेक्शन बहुत जरूरी है। ऐसे में आपके लिए सबसे बेस्ट यही होगा कि आप हमेशा कंडोम जैसी प्रोटेक्शन का इस्तेमाल करें। भले ही आप किसी और तरह के कॉन्ट्रासेप्टिव का प्रयोग कर रही हों फिर भी कंडोम का प्रोटेक्शन बीमारियों से बचने के लिए बहुत जरूरी हो सकता है।
5. हमेशा टिशू का इस्तेमाल सही करें
एनल ओपनिंग में यूटीआई पैदा करने वाला खतरनाक बैक्टीरिया और अन्य बीमारियों को पैदा करने वाला ई.कोली जैसा बैक्टीरिया मौजूद होता है। अगर आप एनल से वेजाइनल ओपनिंग तक टिशू लेकर जाती हैं, तो आपको बीमारी होने का खतरा होगा। इसलिए डॉक्टर गरिमा सजेस्ट करती हैं कि हमेशा टिशू को वेजाइनल ओपनिंग से पीछे की ओर लेकर जाएं। सेक्शुअल रिलेशन बनाने के बाद भी इसी तकनीक को अपनाना जरूरी है।
अगर आपको कोई निजी समस्या हो रही है, तो उसके बारे में पहले डॉक्टर से संपर्क करें। ऐसी समस्याओं के बारे में झिझकने से कोई गंभीर बीमारी होने का खतरा बना रहता है।
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