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लाइफ स्टाइल
नॉन-स्टिक पैन इस्तेमाल करते समय न करें ये गलतियां
Rajeshwari Nishad
17 Oct 2026 6:54 PM IST

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नई दिल्ली। आजकल किचन में खाना बनाने के लिए कई तरह के बर्तनों और आधुनिक उपकरणों का इस्तेमाल किया जाता है। इनमें नॉन स्टिक पैन भी काफी लोकप्रिय है। इसकी सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसमें खाना कम तेल में बनाया जा सकता है और भोजन बर्तन की सतह पर आसानी से नहीं चिपकता। यही वजह है कि आमलेट, डोसा, चीला, पैनकेक और कई अन्य व्यंजन बनाने के लिए लोग नॉन स्टिक पैन का इस्तेमाल करना पसंद करते हैं। लेकिन कई बार थोड़े समय इस्तेमाल करने के बाद ही इसकी कोटिंग खराब होने लगती है या जगह-जगह से उतरने लगती है।
अक्सर लोग इसके लिए पैन की गुणवत्ता को जिम्मेदार मानते हैं, जबकि कई बार रोजमर्रा में की जाने वाली छोटी-छोटी गलतियां भी इसकी वजह बनती हैं। तेज आंच पर पैन चढ़ाना, धातु के चम्मच से खाना चलाना, गलत तरीके से सफाई करना और गर्म पैन पर तुरंत ठंडा पानी डालना इसकी सतह को नुकसान पहुंचा सकता है। अगर कुछ जरूरी बातों का ध्यान रखा जाए, तो नॉन स्टिक पैन की कोटिंग को लंबे समय तक बेहतर स्थिति में रखा जा सकता है।
1. खाली पैन को तेज आंच पर गर्म करना
नॉन स्टिक पैन इस्तेमाल करते समय सबसे आम गलती उसे खाली रखकर तेज आंच पर गर्म करना है। कई लोग खाना बनाने से पहले पैन को काफी देर तक गर्म होने के लिए छोड़ देते हैं। इससे पैन का तापमान तेजी से बढ़ सकता है और उसकी कोटिंग पर बुरा असर पड़ सकता है।
अत्यधिक गर्म होने पर कुछ नॉन स्टिक कोटिंग खराब हो सकती हैं और पैन की कार्यक्षमता प्रभावित हो सकती है। इसलिए पैन को लंबे समय तक खाली गर्म करने से बचें। खाना बनाने के लिए मध्यम या धीमी आंच का इस्तेमाल करें और निर्माता की ओर से दिए गए तापमान संबंधी निर्देशों का पालन करें।
2. धातु के चम्मच और स्पैटुला का इस्तेमाल
नॉन स्टिक पैन में खाना बनाते समय स्टील, लोहे या अन्य कठोर धातु से बने चम्मच और स्पैटुला का इस्तेमाल करना भी नुकसानदायक हो सकता है। इनसे पैन की सतह पर खरोंच पड़ सकती है। बार-बार खरोंच लगने से कोटिंग की गुणवत्ता प्रभावित हो सकती है और समय के साथ उसकी परत खराब होने लगती है।
इससे बचने के लिए लकड़ी, सिलिकॉन या निर्माता की ओर से सुरक्षित बताए गए बर्तनों का इस्तेमाल करें। खाना पलटते या चलाते समय पैन की सतह पर जोर से रगड़ने से भी बचें।
3. गर्म पैन पर तुरंत ठंडा पानी डालना
खाना बनाने के तुरंत बाद कई लोग गर्म पैन को सिंक में रखकर उसके ऊपर ठंडा पानी डाल देते हैं। तापमान में अचानक बदलाव से पैन की धातु सिकुड़ सकती है या उसका आकार प्रभावित हो सकता है। इससे कोटिंग पर भी दबाव पड़ सकता है।
बेहतर होगा कि इस्तेमाल के बाद पैन को कुछ देर प्राकृतिक रूप से ठंडा होने दें। जब उसका तापमान सामान्य हो जाए, तब उसे पानी और हल्के डिशवॉशिंग लिक्विड से साफ करें। इससे पैन की सतह को अनावश्यक नुकसान पहुंचने की आशंका कम होती है।
4. खुरदरे स्क्रबर से सफाई करना
नॉन स्टिक पैन को साफ करने के लिए स्टील वूल, धातु के जूने या बहुत खुरदरे स्क्रबर का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए। इनसे कोटिंग पर खरोंच आ सकती है। कई बार जले हुए भोजन को हटाने के लिए लोग सतह को जोर-जोर से रगड़ते हैं, जिससे पैन की परत धीरे-धीरे खराब होने लगती है।
पैन साफ करने के लिए मुलायम स्पंज और हल्के साबुन का इस्तेमाल करें। यदि खाना चिपक गया हो, तो पैन में गुनगुना पानी डालकर कुछ देर छोड़ दें। इससे भोजन के अवशेष नरम हो जाएंगे और उन्हें बिना ज्यादा रगड़े हटाया जा सकेगा।
5. बहुत ज्यादा तापमान पर खाना बनाना
नॉन स्टिक पैन का मतलब यह नहीं है कि उसमें हर तरह का खाना तेज आंच पर बनाया जा सकता है। अधिक तापमान पर लंबे समय तक खाना पकाने से कोटिंग को नुकसान पहुंच सकता है। खासकर जब पैन खाली हो या उसमें बहुत कम सामग्री हो, तब उसका तापमान तेजी से बढ़ सकता है।
इसलिए खाना बनाने के लिए जरूरत के अनुसार धीमी या मध्यम आंच चुनें। यदि किसी विशेष व्यंजन के लिए तेज तापमान जरूरी हो, तो पैन के निर्माता के निर्देश देखें और सुनिश्चित करें कि बर्तन उस तापमान के लिए उपयुक्त है।
6. पैन को गलत तरीके से स्टोर करना
किचन में जगह बचाने के लिए कई लोग एक पैन के ऊपर दूसरा पैन या भारी बर्तन रख देते हैं। यदि बर्तनों के बीच सुरक्षा की परत न हो, तो उनकी सतह आपस में रगड़ खा सकती है। इससे नॉन स्टिक कोटिंग पर खरोंच आने का खतरा रहता है।
पैन को स्टोर करते समय उसके ऊपर भारी बर्तन रखने से बचें। यदि कई बर्तनों को एक साथ रखना जरूरी हो, तो उनके बीच मुलायम कपड़ा या पैन प्रोटेक्टर रखें। इससे सतह पर रगड़ कम होगी और कोटिंग को सुरक्षित रखने में मदद मिलेगी।
7. कोटिंग खराब होने के बाद भी इस्तेमाल जारी रखना
कई बार पैन की कोटिंग पर खरोंच आने या उसके कुछ हिस्से उखड़ने के बावजूद लोग उसका इस्तेमाल करते रहते हैं। लेकिन यदि सतह से कोटिंग साफ तौर पर उतर रही हो, पैन बुरी तरह खरोंच गया हो या उसमें असामान्य बदलाव दिखाई दे रहे हों, तो उसे बदलने पर विचार करना चाहिए।
विशेष रूप से यदि भोजन बार-बार चिपकने लगे या पैन की सतह असमान हो जाए, तो निर्माता के निर्देशों के अनुसार उसकी स्थिति जांचें। क्षतिग्रस्त पैन को इस्तेमाल करते रहना उचित नहीं है।
नॉन स्टिक पैन की उम्र बढ़ाने के आसान तरीके
नॉन स्टिक पैन को लंबे समय तक इस्तेमाल करने के लिए कुछ साधारण आदतें अपनाई जा सकती हैं। खाना बनाने के दौरान मध्यम आंच का इस्तेमाल करें, लकड़ी या सिलिकॉन के सुरक्षित बर्तनों से भोजन चलाएं और सफाई के लिए मुलायम स्पंज चुनें। पैन को अचानक ठंडा करने से बचें और उसे स्टोर करते समय दूसरी सतहों से रगड़ न लगने दें।
इसके अलावा, पैन पर तेल या अन्य सामग्री लगाने और उसे साफ करने के संबंध में निर्माता के निर्देशों का पालन करना भी जरूरी है। हर नॉन स्टिक पैन की कोटिंग और तापमान सहने की क्षमता एक जैसी नहीं होती।
कुल मिलाकर, नॉन स्टिक पैन की कोटिंग खराब होने के पीछे कई वजहें हो सकती हैं, लेकिन गलत इस्तेमाल और सफाई की आदतें इसकी उम्र कम कर सकती हैं। थोड़ी सावधानी बरतकर न सिर्फ पैन को लंबे समय तक बेहतर रखा जा सकता है, बल्कि किचन में खाना बनाना भी आसान बनाया जा सकता है।
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