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Adulterated चाय का भंडाफोड़, इन तरीकों से करें सही पहचान

Lifestyle लाइफ स्टाइल : बाराबंकी में खाद्य सुरक्षा को लेकर एक बड़ी कार्रवाई सामने आई है, जहां एसटीएफ और खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन की संयुक्त टीम ने मिलावट के खिलाफ छापेमारी करते हुए भारी मात्रा में संदिग्ध चायपत्ती बरामद की है। यह कार्रवाई शनिवार को की गई, जिसमें लगभग 800 किलो लाल रंग से रंगी हुई चायपत्ती जब्त की गई।
जांच टीम को मौके से न सिर्फ बड़ी मात्रा में चायपत्ती मिली, बल्कि करीब 5 किलो लाल रंग (केमिकल डाई) और लगभग 15 किलो पैकिंग सामग्री भी बरामद की गई। अधिकारियों के अनुसार यह सामग्री चायपत्ती को आकर्षक लाल रंग देने के लिए इस्तेमाल की जा रही थी, जिससे उसे बाजार में आसानी से बेचा जा सके।छापेमारी के दौरान जब जांच अधिकारियों ने बरामद चायपत्ती की जांच की, तो उन्होंने पाया कि जैसे ही चायपत्ती को पानी में डाला गया, उसमें से लाल रंग का केमिकल अलग होने लगा। इस प्रक्रिया ने मिलावट की आशंका को और मजबूत कर दिया। प्रारंभिक जांच में यह संकेत मिले कि चायपत्ती में सिंथेटिक रंग का उपयोग किया गया था, जो सामान्य खाद्य मानकों के अनुरूप नहीं है।
खाद्य सुरक्षा अधिकारियों के अनुसार, इस तरह के केमिकल युक्त रंगों का उपयोग स्वास्थ्य के लिए हानिकारक हो सकता है। विशेषज्ञों के मुताबिक लंबे समय तक ऐसे पदार्थों के सेवन से शरीर के महत्वपूर्ण अंगों, विशेषकर लीवर और किडनी पर असर पड़ने की आशंका रहती है। हालांकि विस्तृत जांच रिपोर्ट के बाद ही इसकी पुष्टि की जाएगी।इस कार्रवाई के बाद इलाके में मिलावटी खाद्य पदार्थों की आपूर्ति और पैकेजिंग को लेकर सवाल उठने लगे हैं। जांच एजेंसियां अब यह पता लगाने में जुटी हैं कि यह चायपत्ती कहां तैयार की जा रही थी, किस नेटवर्क के जरिए इसे बाजार तक पहुंचाया जा रहा था और इसमें कौन-कौन लोग शामिल हैं।
अधिकारियों ने बताया कि जब्त की गई सामग्री को जांच के लिए प्रयोगशाला भेज दिया गया है। रिपोर्ट आने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल इस मामले को खाद्य सुरक्षा कानून के तहत गंभीर उल्लंघन माना जा रहा है और संबंधित नेटवर्क की तलाश जारी है।यह मामला एक बार फिर इस बात की ओर संकेत करता है कि बाजार में बिकने वाले पैकेट बंद खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता पर लगातार निगरानी की जरूरत है, ताकि उपभोक्ताओं को सुरक्षित और शुद्ध खाद्य सामग्री उपलब्ध कराई जा सके।





