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पटना पहुंचीं यामी गौतम, ‘नई नवेली’ और सिनेमा पर खुलकर की बात

nidhi
3 Oct 2026 10:26 AM IST
पटना पहुंचीं यामी गौतम, ‘नई नवेली’ और सिनेमा पर खुलकर की बात
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फिल्मों से किरदारों तक खुलकर बोलीं
पटना: बॉलीवुड अभिनेत्री यामी गौतम ने पटना में सिनेमा, अपने किरदारों और फिल्मी सफर को लेकर कई दिलचस्प बातें साझा कीं। इस दौरान उन्होंने ‘भाभी डायन है’ से लेकर ‘नई नवेली’ और अलग-अलग तरह के दमदार किरदारों पर खुलकर बात की। यामी ने बताया कि उनके लिए किसी फिल्म में केवल स्क्रीन पर दिखाई देना महत्वपूर्ण नहीं है, बल्कि किरदार में कुछ ऐसा होना चाहिए जो दर्शकों पर अपनी छाप छोड़ सके।
यामी गौतम पिछले कुछ वर्षों में अलग-अलग तरह के किरदारों के जरिए अपनी पहचान मजबूत करती नजर आई हैं। रोमांटिक फिल्मों से शुरुआत करने के बाद उन्होंने थ्रिलर, सामाजिक विषयों और गंभीर कहानियों में भी काम किया। पटना में बातचीत के दौरान भी उनका जोर इसी बात पर रहा कि कलाकार को खुद को एक ही तरह की भूमिकाओं तक सीमित नहीं रखना चाहिए।
‘भाभी डायन है’ जैसे दिलचस्प नाम और उससे जुड़े किरदार को लेकर भी चर्चा हुई। यामी ने अपने अभिनय और किरदारों की पसंद के बारे में बात करते हुए बताया कि कहानी में कलाकार के लिए कुछ नया करने की गुंजाइश होना जरूरी है। किसी किरदार का अलग होना ही उसे चुनौतीपूर्ण और यादगार बना सकता है।
यामी ने ‘नई नवेली’ को लेकर भी कई बातें साझा कीं। नए विषय और अलग तरह की कहानी के जरिए दर्शकों तक पहुंचने को लेकर उन्होंने उत्साह जताया। उनका मानना है कि आज दर्शक केवल बड़े नाम या भव्य सेट देखकर फिल्म पसंद नहीं करते, बल्कि कहानी और किरदारों पर भी उतना ही ध्यान देते हैं।
सिनेमा में आए बदलाव को लेकर यामी ने कहा कि अब महिला कलाकारों के लिए भी मजबूत भूमिकाएं लिखी जा रही हैं। फिल्मों में महिला किरदार केवल कहानी को आगे बढ़ाने तक सीमित नहीं रह गए हैं, बल्कि कई फिल्मों की पूरी कहानी उन्हीं के आसपास घूमती है। यह बदलाव अभिनेत्रियों को अलग-अलग तरह की भूमिकाएं निभाने का अवसर देता है।
यामी के फिल्मी सफर की बात करें तो उन्होंने कई ऐसी फिल्मों में काम किया है, जिनमें उनका किरदार कहानी का महत्वपूर्ण हिस्सा रहा। अलग-अलग भूमिकाओं को चुनने के कारण उनकी पहचान उन अभिनेत्रियों में बनी है जो लगातार प्रयोग करना पसंद करती हैं।
पटना में हुई बातचीत के दौरान उन्होंने दर्शकों से मिलने वाले प्यार का भी जिक्र किया। कलाकार के लिए दर्शकों की प्रतिक्रिया महत्वपूर्ण होती है, क्योंकि किसी फिल्म या किरदार की असली परीक्षा रिलीज के बाद ही होती है। दर्शक जब किसी किरदार को लंबे समय तक याद रखते हैं तो कलाकार के लिए यह बड़ी उपलब्धि होती है।
बदलते सिनेमा और डिजिटल प्लेटफॉर्म ने भी कलाकारों के लिए नए अवसर पैदा किए हैं। अब दर्शकों के पास मनोरंजन के कई विकल्प मौजूद हैं। ऐसे में फिल्म निर्माताओं और कलाकारों के सामने ऐसी कहानी पेश करने की चुनौती है जो दर्शकों को शुरुआत से अंत तक जोड़े रख सके।
यामी गौतम ने अभिनय में लगातार नई चुनौतियों को स्वीकार करने और अलग-अलग किरदार निभाने की इच्छा जाहिर की। उनका मानना है कि एक कलाकार के रूप में हर नई फिल्म कुछ सीखने का मौका देती है। यही वजह है कि वह अपनी भूमिकाओं में विविधता बनाए रखने पर जोर देती हैं।
पटना में यामी गौतम की मौजूदगी और सिनेमा पर उनकी बातचीत ने उनके प्रशंसकों का ध्यान खींचा। ‘भाभी डायन है’ से लेकर ‘नई नवेली’ और दमदार किरदारों तक हुई चर्चा के बीच उन्होंने साफ किया कि आने वाले समय में भी दर्शकों को उनके अभिनय के अलग-अलग रंग देखने को मिल सकते हैं।
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