Hollywood's का सबसे जोखिम भरा शूट, एक सीन के लिए दांव पर लगी जान

Mumbai मुंबई : हॉलीवुड की चर्चित फिल्मों में शामिल ‘टर्मिनेटर 2: जजमेंट डे’ आज भी अपनी शानदार तकनीक, एक्शन और रोमांचक दृश्यों के लिए याद की जाती है। फिल्म के कई सीन्स ने उस दौर में दर्शकों को हैरान कर दिया था, क्योंकि 1991 में जिस तरह के विजुअल इफेक्ट्स और एक्शन सीक्वेंस इस फिल्म में दिखाए गए थे, वे उस समय के लिए बेहद चुनौतीपूर्ण माने जाते थे।
फिल्ममेकर्स अक्सर अपनी कल्पना को पर्दे पर उतारने के लिए जोखिम उठाते हैं। आज के दौर में आधुनिक तकनीक, कंप्यूटर ग्राफिक्स और विजुअल इफेक्ट्स की मदद से ऐसे कई मुश्किल सीन आसानी से बनाए जा सकते हैं, लेकिन 90 के दशक की शुरुआत में स्थिति अलग थी। उस समय कई खतरनाक दृश्यों को वास्तविक तरीके से शूट करना पड़ता था, जिसमें काफी खर्च के साथ-साथ जान का जोखिम भी रहता था।ऐसा ही एक मुश्किल सीन ‘टर्मिनेटर 2: जजमेंट डे’ में शामिल था, जिसे शूट करना फिल्म की टीम के लिए बड़ी चुनौती बन गया था। रिपोर्ट्स के मुताबिक, जब इस खास एक्शन सीक्वेंस के बारे में कैमरा क्रू को बताया गया तो उन्होंने शुरुआत में इसे शूट करने से इनकार कर दिया था।
दरअसल, फिल्म के मेकर्स एक ऐसा दृश्य फिल्माना चाहते थे, जिसमें एक हेलिकॉप्टर तेज रफ्तार से एक कार का पीछा करते हुए एक टनल के अंदर जाता दिखाई दे। इस सीन में हेलिकॉप्टर और कार दोनों को एक साथ अलग-अलग एंगल से शूट करना था। इसके अलावा हवा की तेज रफ्तार, कम जगह और कैमरा मूवमेंट को नियंत्रित करना बेहद मुश्किल काम था।कैमरा टीम को चिंता थी कि टनल के अंदर हेलिकॉप्टर उड़ाने और इतने करीब से एक्शन शूट करने में बड़ा खतरा हो सकता है। हेलिकॉप्टर की गति, हवा का दबाव और सीमित जगह इस शूट को बेहद जोखिम भरा बना रहे थे। यही वजह थी कि कई लोगों ने इस सीन को करने से मना कर दिया।
हालांकि, फिल्म के निर्देशक जेम्स कैमरून अपने विजन को लेकर काफी दृढ़ थे। उन्होंने इस चुनौतीपूर्ण सीन को वास्तविक तरीके से शूट करने का फैसला किया। टीम ने कई सुरक्षा उपायों के साथ इस सीक्वेंस को फिल्माया और आखिरकार यह सीन फिल्म के सबसे यादगार हिस्सों में शामिल हो गया।
‘टर्मिनेटर 2: जजमेंट डे’ की सफलता में इसके शानदार एक्शन सीन्स का बड़ा योगदान रहा। फिल्म में इस्तेमाल की गई तकनीक और वास्तविक स्टंट्स ने उस समय के सिनेमा को एक नई दिशा दी। इस फिल्म ने साबित किया कि बड़े सपने और जोखिम उठाने की क्षमता किसी भी फिल्म को ऐतिहासिक बना सकती है।आज जब आधुनिक तकनीक की मदद से बड़े से बड़े एक्शन सीन बनाए जा सकते हैं, तब भी ‘टर्मिनेटर 2’ जैसे फिल्मों के वास्तविक स्टंट और मेहनत को खास सम्मान दिया जाता है। इस फिल्म के कई दृश्य आज भी फिल्म निर्माण की कला और तकनीकी साहस का उदाहरण माने जाते हैं।





