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36 की उम्र में टाइगर श्रॉफ की फिटनेस का राज, जानिए

Ashish verma
6 Oct 2026 3:35 PM IST
36 की उम्र में टाइगर श्रॉफ की फिटनेस का राज, जानिए
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Entertainment : बॉलीवुड एक्टर टाइगर श्रॉफ अपनी फिटनेस, एक्शन और डांसिंग स्किल्स के लिए जाने जाते हैं। 36 साल की उम्र में भी उनकी बॉडी बेहद लीन, मस्कुलर और एथलेटिक दिखाई देती है। फिल्मों में मुश्किल एक्शन सीन्स और स्टंट खुद करने वाले टाइगर अपनी फिटनेस को सिर्फ जिम तक सीमित नहीं रखते। उनकी दिनचर्या में कार्डियो, मार्शल आर्ट्स, जिम्नास्टिक, वेट ट्रेनिंग और डांस सभी शामिल हैं। यही वजह है कि उनकी बॉडी सिर्फ दिखने में मजबूत नहीं, बल्कि
फंक्शनल
और फ्लेक्सिबल भी है।
टाइगर श्रॉफ कई इंटरव्यू में बता चुके हैं कि उनके लिए फिटनेस एक लाइफस्टाइल है। वह सुबह उठने के बाद अक्सर ट्रेडमिल पर करीब 45 मिनट दौड़ते हैं। इसका मकसद शरीर को वार्म-अप करना और ब्लड फ्लो बढ़ाना होता है। इसके बाद वह दिन के हिसाब से मार्शल आर्ट्स, जिम्नास्टिक या डांस की ट्रेनिंग करते हैं। दोपहर में खाना खाने के बाद वह जिम में वेट ट्रेनिंग करते हैं और अलग-अलग दिनों में अलग बॉडी पार्ट्स पर फोकस करते हैं।
टाइगर का फिटनेस रूटीन पारंपरिक बॉडीबिल्डिंग से काफी अलग है। वह सिर्फ भारी वजन उठाने पर ध्यान नहीं देते, बल्कि अपनी स्पीड, बैलेंस, फ्लेक्सिबिलिटी और बॉडी कंट्रोल को भी उतना ही महत्व देते हैं। उनके वर्कआउट में स्क्वैट्स, लंजेस, स्टेप-अप्स, डेडलिफ्ट, बेंच प्रेस और फ्री-वेट स्क्वैट्स जैसी एक्सरसाइज शामिल रहती हैं। इसके साथ ही वह मार्शल आर्ट्स और जिम्नास्टिक के जरिए शरीर को फुर्तीला बनाए रखते हैं।
मार्शल आर्ट्स टाइगर की फिटनेस का बेहद अहम हिस्सा है। वह लंबे समय से ताइक्वांडो और वुशु जैसी विधाओं की
प्रैक्टिस
करते रहे हैं। इनसे उनकी किकिंग पावर, बॉडी कोऑर्डिनेशन और रिफ्लेक्स बेहतर होते हैं। यही ट्रेनिंग उन्हें फिल्मों में हाई-किक, फ्लिप और कॉम्बैट सीन्स करने में मदद करती है। उनकी ट्रेनिंग में जिम्नास्टिक भी शामिल रहती है, जिससे बॉडी की फ्लेक्सिबिलिटी और कंट्रोल मजबूत होता है।
टाइगर के लिए डांस भी एक तरह का कार्डियो है। उन्होंने बताया है कि लगातार डांस करने से काफी कैलोरी बर्न होती है और शरीर सक्रिय रहता है। ट्रेडमिल पर लगातार दौड़ना कभी-कभी बोरिंग लग सकता है, ऐसे में डांस कार्डियो का बेहतर और मजेदार विकल्प बन जाता है। टाइगर फिल्मों और डांस परफॉर्मेंस के लिए घंटों रिहर्सल करते हैं, जिससे उनकी स्टैमिना और मोबिलिटी दोनों बेहतर बनी रहती हैं।
उनकी ट्रेनिंग की सबसे बड़ी खासियत है कि वह एक ही तरह के वर्कआउट पर निर्भर नहीं रहते। एक दिन मार्शल आर्ट्स, दूसरे दिन डांस और इसके साथ वेट ट्रेनिंग का कॉम्बिनेशन उनकी फिटनेस को बैलेंस्ड रखता है। यही कारण है कि मसल्स बनाने के बावजूद उनकी बॉडी भारी या स्टिफ नहीं दिखती। वह तेजी से दौड़ सकते हैं, जंप कर सकते हैं और जटिल स्टंट आसानी से कर लेते हैं।
वर्कआउट के अलावा टाइगर अपनी डाइट को भी फिटनेस का सबसे जरूरी हिस्सा मानते हैं। उनका मानना है कि एब्स सिर्फ जिम में नहीं, बल्कि किचन में बनते हैं। वह अपनी डाइट को रोल और बॉडी गोल के हिसाब से बदलते हैं। जब किसी फिल्म के लिए उन्हें ज्यादा मस्कुलर दिखना होता है तो वह कैलोरी और प्रोटीन इनटेक बढ़ाते हैं। वहीं लीन और रipped लुक के लिए भोजन में ज्यादा नियंत्रण रखते हैं।
उनकी डाइट में आमतौर पर हाई-प्रोटीन फूड को प्राथमिकता दी जाती है। अंडे का सफेद हिस्सा, चिकन, मछली और हरी सब्जियां उनके खाने का हिस्सा हो सकती हैं। वह जरूरत के हिसाब से कार्बोहाइड्रेट भी लेते हैं, खासकर तब जब उन्हें ज्यादा एनर्जी की जरूरत होती है। शाम के बाद वह अक्सर भारी और स्टार्च वाले कार्बोहाइड्रेट कम करने की बात करते रहे हैं।
टाइगर चीनी और ज्यादा तले-भुने खाने को भी सीमित रखते हैं। हालांकि उन्हें मिठाइयां, आइसक्रीम और चॉकलेट पसंद हैं और उन्होंने खुद बताया है कि कभी-कभी वह चीट डे भी लेते हैं। पुराने इंटरव्यू में उन्होंने रविवार को चीट डे रखने की बात कही थी। उनके ट्रेनर के मुताबिक अगर कभी वह ज्यादा कैलोरी वाला खाना खा लेते हैं तो उसके बाद ट्रेनिंग और अनुशासन पर ज्यादा ध्यान देते हैं।
उनकी फिटनेस का एक और अहम नियम है कंसिस्टेंसी। टाइगर लंबे समय से लगभग रोजाना किसी न किसी तरह की शारीरिक गतिविधि करते हैं। उनकी ट्रेनिंग सिर्फ फिल्म की शूटिंग के समय नहीं बढ़ती, बल्कि वह ऑफ-सीजन में भी एक्टिव रहते हैं। इसी वजह से उन्हें किसी नए प्रोजेक्ट के लिए शुरुआत से बॉडी बनाने की जरूरत नहीं पड़ती।
टाइगर मानसिक फिटनेस को भी महत्वपूर्ण मानते हैं। उनके अनुसार खुश रहना और स्ट्रेस कम रखना शरीर पर भी सकारात्मक असर डालता है। वह फिटनेस को केवल मसल्स और सिक्स-पैक से नहीं जोड़ते, बल्कि एनर्जी, मूड और ओवरऑल हेल्थ का हिस्सा मानते हैं।
हालांकि टाइगर श्रॉफ जैसी फिटनेस पाने के लिए उनके वर्कआउट को आंख बंद करके कॉपी करना सही नहीं होगा। उनका रूटीन वर्षों की ट्रेनिंग, प्रोफेशनल कोचिंग और फिल्मी जरूरतों के मुताबिक तैयार किया गया है। किसी भी व्यक्ति को अपनी उम्र, फिटनेस लेवल और स्वास्थ्य के अनुसार एक्सरसाइज चुननी चाहिए। भारी वेट ट्रेनिंग, जिम्नास्टिक या मार्शल आर्ट्स शुरू करने से पहले ट्रेनर की सलाह लेना बेहतर है।
कुल मिलाकर टाइगर श्रॉफ की फिटनेस का राज घंटों जिम में रहने से ज्यादा उनके अनुशासन, नियमित ट्रेनिंग, साफ-सुथरी डाइट और अलग-अलग तरह की एक्सरसाइज के कॉम्बिनेशन में छिपा है। कार्डियो, डांस, मार्शल आर्ट्स, जिम्नास्टिक और स्ट्रेंथ ट्रेनिंग को साथ लेकर चलने से उन्होंने ऐसी बॉडी बनाई है जो मजबूत होने के साथ तेज और फ्लेक्सिबल भी है।
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