- Home
- /
- दिल्ली-एनसीआर
- /
- वियतनाम नाव हादसा: 15...
वियतनाम नाव हादसा: 15 भारतीय पर्यटकों की मौत, जयशंकर ने जताया दुख

New Delhi नई दिल्ली : वियतनाम के प्रसिद्ध पर्यटन स्थल फु क्वोक द्वीप के पास हुए दर्दनाक नाव हादसे में 15 भारतीय पर्यटकों की मौत हो गई। इस हादसे पर विदेश मंत्री एस जयशंकर ने गहरा दुख व्यक्त किया है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट कर मृतकों के परिवारों के प्रति संवेदना जताई और घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना की।
Extremely saddened to learn about the tragic news of a boat accident involving Indian nationals near Phu Quoc, Vietnam.
— Narendra Modi (@narendramodi) July 11, 2026
My sincere condolences to the families who lost their loved ones. My prayers for the early recovery of the injured survivors.
Our Embassy and Consulate are…
विदेश मंत्री जयशंकर ने लिखा, "वियतनाम के फु क्वोक के पास भारतीय नागरिकों के साथ हुए दुर्भाग्यपूर्ण नाव हादसे से बहुत दुखी हूं।" उन्होंने कहा कि इस कठिन समय में उनकी संवेदनाएं शोक संतप्त परिवारों के साथ हैं और वह घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना करते हैं।
नाव पर सवार थे 36 लोग
अधिकारियों के अनुसार, हादसे के समय नाव पर कुल 36 लोग सवार थे। इनमें 32 भारतीय पर्यटक और चार स्थानीय क्रू सदस्य शामिल थे। अचानक हुई दुर्घटना के बाद बचाव अभियान चलाया गया, जिसमें 21 लोगों को सुरक्षित बचा लिया गया।
हालांकि, हादसे में 15 भारतीय पर्यटकों की जान चली गई। दुर्घटना की खबर सामने आने के बाद भारत और वियतनाम दोनों देशों के अधिकारियों ने राहत और बचाव कार्यों की निगरानी शुरू कर दी।
पीएम मोदी और राष्ट्रपति मुर्मू ने भी जताया शोक
वियतनाम में हुए इस हादसे पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और कई राज्यों के मुख्यमंत्रियों ने भी दुख व्यक्त किया है। नेताओं ने मृतकों के परिवारों के प्रति संवेदना प्रकट की और घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना की।
सरकार की ओर से प्रभावित परिवारों की सहायता और आवश्यक मदद उपलब्ध कराने के लिए संबंधित अधिकारियों के संपर्क में रहने की बात कही गई है।
फु क्वोक है लोकप्रिय पर्यटन स्थल
फु क्वोक वियतनाम का सबसे बड़ा द्वीप है और यह दुनिया भर के पर्यटकों के बीच काफी लोकप्रिय है। यह स्थान अपने सफेद रेत वाले समुद्र तटों, खूबसूरत कोरल रीफ और आइलैंड-हॉपिंग जैसी गतिविधियों के लिए जाना जाता है।
हर साल बड़ी संख्या में विदेशी पर्यटक यहां घूमने पहुंचते हैं। भारतीय पर्यटकों की संख्या भी हाल के वर्षों में वियतनाम में बढ़ी है, जिसके चलते फु क्वोक जैसे पर्यटन स्थलों पर भारतीय यात्रियों की मौजूदगी आम हो गई है।
हादसे के कारणों की जांच जारी
नाव हादसे के वास्तविक कारणों का अभी पता लगाया जा रहा है। स्थानीय प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियां दुर्घटना की जांच कर रही हैं। शुरुआती जानकारी के आधार पर मौसम, समुद्री परिस्थितियों और नाव की स्थिति जैसे पहलुओं की जांच की जा रही है।
अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही हादसे के पीछे की सही वजह सामने आ सकेगी।
बचाव अभियान में जुटी रहीं टीमें
हादसे की जानकारी मिलते ही स्थानीय बचाव दल सक्रिय हो गए थे। समुद्री सुरक्षा एजेंसियों और स्थानीय प्रशासन ने मिलकर बचाव अभियान चलाया। इसमें कई लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला गया।
घायलों को इलाज के लिए अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका उपचार जारी है। अधिकारियों ने बताया कि बचाए गए लोगों की स्थिति पर नजर रखी जा रही है।
भारतीय दूतावास ने शुरू की मदद
भारतीय विदेश मंत्रालय और वियतनाम स्थित भारतीय दूतावास की ओर से भी स्थिति पर नजर रखी जा रही है। दूतावास स्थानीय अधिकारियों के संपर्क में है और प्रभावित भारतीय नागरिकों तथा उनके परिवारों को आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने का प्रयास कर रहा है।
विदेशों में भारतीय नागरिकों से जुड़ी ऐसी घटनाओं में भारतीय मिशन राहत, संपर्क और दस्तावेजी सहायता उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
पर्यटन स्थलों पर सुरक्षा को लेकर उठे सवाल
इस हादसे के बाद समुद्री पर्यटन गतिविधियों में सुरक्षा मानकों को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि नाव संचालन के दौरान यात्रियों की सुरक्षा, मौसम की जानकारी और आपातकालीन सुविधाओं का होना बेहद जरूरी है।
समुद्री पर्यटन स्थलों पर लाइफ जैकेट, प्रशिक्षित चालक दल और सुरक्षा नियमों का पालन दुर्घटनाओं के खतरे को कम कर सकता है।
दुखद हादसे ने परिवारों को झकझोरा
वियतनाम में हुए इस हादसे ने कई परिवारों को गहरे सदमे में डाल दिया है। छुट्टियां मनाने गए पर्यटकों के साथ हुई इस दुर्घटना ने सभी को झकझोर दिया है।
भारत सरकार और वियतनामी प्रशासन की ओर से प्रभावित लोगों को सहायता देने के प्रयास किए जा रहे हैं। फिलहाल सभी की नजर हादसे की जांच और राहत कार्यों पर है।
यह दुर्घटना एक बार फिर याद दिलाती है कि अंतरराष्ट्रीय यात्राओं के दौरान सुरक्षा नियमों और सावधानियों का पालन कितना महत्वपूर्ण है।





