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Raja हत्याकांड में मेघालय सरकार की याचिका पर SC का फैसला टला

Ratna Netam
14 July 2026 4:43 PM IST
Raja  हत्याकांड में मेघालय सरकार की याचिका पर SC का फैसला टला
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New Delhi नई दिल्ली : इंदौर के ट्रांसपोर्ट कारोबारी राजा रघुवंशी की हनीमून के दौरान हुई हत्या के मामले में आरोपी पत्नी सोनम रघुवंशी को मिली जमानत को चुनौती देने वाली मेघालय सरकार की याचिका पर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई टल गई है। अब इस मामले में अगली सुनवाई 21 जुलाई को होगी।

सुप्रीम कोर्ट में मेघालय सरकार की ओर से दाखिल याचिका पर सुनवाई होनी थी, जिसमें राज्य सरकार ने सोनम रघुवंशी को दी गई जमानत का विरोध किया है। अदालत ने पिछली सुनवाई के दौरान सोनम रघुवंशी को नोटिस जारी कर जवाब मांगा था। अब मामले की अगली सुनवाई में उनके जवाब और राज्य सरकार की दलीलों पर विचार किया जाएगा।

मेघालय सरकार की ओर से पेश हुए सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने पिछली सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट में कहा था कि सोनम रघुवंशी को जमानत देने का आधार केवल गिरफ्तारी की धारा में हुई टाइपोग्राफिकल मिस्टेक को माना गया है, जबकि मामले की गंभीरता और जांच के अन्य पहलुओं पर भी विचार किया जाना चाहिए था।

राज्य सरकार का कहना है कि हत्या जैसे गंभीर अपराध में आरोपी को राहत देने से पहले सभी तथ्यों और जांच की स्थिति को ध्यान में रखना जरूरी है। सरकार ने अदालत से जमानत आदेश पर पुनर्विचार करने की मांग की है।

इससे पहले 3 जुलाई को सुप्रीम कोर्ट ने सोनम रघुवंशी की जमानत पर रोक लगाने से इनकार कर दिया था। हालांकि, अदालत ने मामले की सुनवाई जारी रखते हुए राज्य सरकार की याचिका पर आरोपी को नोटिस जारी किया था।

गौरतलब है कि राजा रघुवंशी हत्याकांड देशभर में चर्चा का विषय बना था। इंदौर के रहने वाले राजा रघुवंशी की मेघालय में हनीमून के दौरान हत्या कर दी गई थी। इस मामले में पुलिस जांच के दौरान कई अहम तथ्य सामने आए और हत्या की साजिश को लेकर आरोपी पत्नी सोनम रघुवंशी समेत कई लोगों के नाम सामने आए।

जांच एजेंसियों के अनुसार, मामले में हत्या की साजिश, आरोपियों की भूमिका और घटनाक्रम को लेकर जांच की गई। इसके बाद आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई आगे बढ़ी।

सोनम रघुवंशी को निचली अदालत से जमानत मिलने के बाद मेघालय सरकार ने इसे चुनौती देते हुए सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया। राज्य सरकार का तर्क है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए जमानत आदेश पर दोबारा विचार किया जाना चाहिए।

वहीं, आरोपी पक्ष की ओर से जमानत को उचित ठहराने की कोशिश की जा रही है। अब सुप्रीम कोर्ट में 21 जुलाई को होने वाली सुनवाई में दोनों पक्षों की दलीलों पर आगे विचार होगा।

फिलहाल सुप्रीम कोर्ट के अगले आदेश पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं। मामले में यह तय होगा कि सोनम रघुवंशी को मिली जमानत बरकरार रहेगी या राज्य सरकार की आपत्ति के बाद अदालत कोई नया फैसला लेगी।

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