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देश के हीरो अभिनंदन की नई उड़ान गोवा की कंपनी में मिली जिम्मेदारी

Ratna Netam
3 Sept 2026 2:28 PM IST
देश के हीरो अभिनंदन की नई उड़ान गोवा की कंपनी में मिली जिम्मेदारी
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दिल्ली : भारतीय वायुसेना के वीर योद्धा और 2019 के बालाकोट एयरस्ट्राइक के दौरान पाकिस्तान के F-16 लड़ाकू विमान को मार गिराने वाले ग्रुप कैप्टन अभिनंदन वर्धमान अब वायुसेना का हिस्सा नहीं हैं। उन्होंने अपनी सैन्य सेवा से विदाई लेकर नागरिक विमानन क्षेत्र में नई शुरुआत की है। रिपोर्टों के मुताबिक अभिनंदन अब गोवा की निजी क्षेत्र की क्षेत्रीय एयरलाइन FLY91 से बतौर कमर्शियल पायलट जुड़ गए हैं।
अभिनंदन वर्धमान का नाम देश के हर नागरिक के लिए गर्व और साहस का प्रतीक है। साल 2019 में पुलवामा आतंकी हमले के बाद भारतीय वायुसेना ने पाकिस्तान के बालाकोट में आतंकी ठिकानों पर एयरस्ट्राइक की थी। इसके अगले दिन पाकिस्तानी लड़ाकू विमानों ने भारतीय सीमा में घुसने की कोशिश की थी। इसी हवाई संघर्ष के दौरान अभिनंदन ने अपने मिग-21 बाइसन विमान से पाकिस्तान के अत्याधुनिक F-16 लड़ाकू विमान को मार गिराया था।
इस दौरान उनका विमान भी दुर्घटनाग्रस्त हो गया था और वे पैराशूट के जरिए पाकिस्तान अधिकृत क्षेत्र में जा गिरे थे। पाकिस्तानी सेना ने उन्हें हिरासत में ले लिया था, लेकिन भारत के कूटनीतिक दबाव के बाद करीब 60 घंटे के अंदर उनकी सुरक्षित वापसी हुई थी। उनकी बहादुरी के लिए उन्हें वर्ष 2021 में वीर चक्र से सम्मानित किया गया था।
वायुसेना छोड़ने की वजह क्या है?
अभिनंदन वर्धमान के वायुसेना छोड़ने की असली वजह को लेकर कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। हालांकि रिपोर्टों के अनुसार उन्होंने करीब 22 साल की सेवा के बाद समय से पहले रिटायरमेंट लिया है। विशेषज्ञों का मानना है कि वरिष्ठ स्तर पर पहुंचने के बाद कई सैन्य पायलटों के लिए करियर का अगला चरण अलग हो सकता है, जहां उड़ान की जिम्मेदारियों के साथ प्रशासनिक भूमिकाएं बढ़ जाती हैं।
ऐसे में यह कहना सही नहीं होगा कि उन्होंने किसी विवाद या किसी एक कारण से वायुसेना छोड़ी है। भारतीय सेना और वायुसेना के कई अनुभवी अधिकारी सेवा के बाद नागरिक क्षेत्र में अपने अनुभव का इस्तेमाल करते हैं। खासतौर पर सैन्य पायलटों के लिए कमर्शियल एविएशन एक बड़ा विकल्प माना जाता है।
क्या पैसा वजह है?
अभिनंदन के फैसले को लेकर सोशल मीडिया पर कई तरह की चर्चाएं चल रही हैं। कुछ लोग इसे बेहतर आर्थिक अवसरों से जोड़ रहे हैं, लेकिन इसकी कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। किसी अधिकारी के निजी करियर फैसले के पीछे कई कारण हो सकते हैं, जिसमें व्यक्तिगत पसंद, परिवार, भविष्य की योजनाएं और नए अवसर शामिल होते हैं।
सैन्य पायलटों को नागरिक विमानन में जाने के बाद भी अपनी विशेषज्ञता और अनुभव के आधार पर अच्छे अवसर मिलते हैं। हालांकि अभिनंदन के वेतन या निजी अनुबंध से जुड़ी कोई जानकारी सार्वजनिक नहीं की गई है।
अब लड़ाकू विमान नहीं यात्री विमान उड़ाएंगे
वायुसेना में अभिनंदन का काम देश की सुरक्षा से जुड़ा था, जहां हर मिशन में जोखिम और चुनौती होती थी। अब नागरिक विमानन में उनकी भूमिका पूरी तरह अलग होगी। वह यात्रियों को सुरक्षित एक स्थान से दूसरे स्थान तक पहुंचाने वाले कमर्शियल पायलट के तौर पर काम करेंगे।
गोवा स्थित FLY91 एक क्षेत्रीय एयरलाइन है, जो छोटे शहरों को हवाई नेटवर्क से जोड़ने के उद्देश्य से काम कर रही है। रिपोर्टों के मुताबिक अभिनंदन इसी एयरलाइन से जुड़े हैं और अब वह यात्री विमान उड़ाने की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं।
मिग-21 से ATR विमान तक का सफर
अभिनंदन वर्धमान का करियर बदलाव बेहद खास माना जा रहा है। एक तरफ उन्होंने मिग-21 जैसे लड़ाकू विमान में दुश्मन का सामना किया, वहीं अब वह ATR जैसे यात्री विमान में सैकड़ों यात्रियों की सुरक्षा की जिम्मेदारी संभालेंगे।
लड़ाकू विमान उड़ाने वाले पायलटों के लिए कमर्शियल विमान उड़ाना एक अलग तरह की चुनौती होती है। यहां गति और युद्ध कौशल से ज्यादा यात्रियों की सुरक्षा, समय प्रबंधन और नियमों का पालन सबसे महत्वपूर्ण होता है।
देश के लिए प्रेरणा बने अभिनंदन
अभिनंदन वर्धमान ने अपने पूरे करियर में साहस और कर्तव्यनिष्ठा की मिसाल पेश की है। 2019 की घटना के बाद वह देश के युवाओं के लिए प्रेरणा बन गए थे। अब उनकी नई पारी भी विमानन क्षेत्र में अनुभव और अनुशासन के साथ आगे बढ़ने की कहानी है।
उनका वायुसेना से नागरिक विमानन की ओर जाना इस बात का उदाहरण है कि सैन्य सेवाओं में हासिल कौशल और अनुभव जीवन के दूसरे क्षेत्रों में भी उपयोगी साबित हो सकते हैं। फिलहाल उनकी नई भूमिका को लेकर देशभर में लोग उन्हें शुभकामनाएं दे रहे हैं।
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