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New Delhi: विजय शाह की टिप्पणी पर सुप्रीम कोर्ट ने कड़ी प्रतिक्रिया जताई, SIT गठन का आदेश

Admindelhi1
19 May 2025 3:43 PM IST
New Delhi: विजय शाह की टिप्पणी पर सुप्रीम कोर्ट ने कड़ी प्रतिक्रिया जताई, SIT गठन का आदेश
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"सुप्रीम कोर्ट को मंजूर नहीं विजय शाह की माफी"

नई दिल्ली: मध्य प्रदेश सरकार में मंत्री कुंवर विजय शाह को सेना की अधिकारी कर्नल सोफिया कुरैशी पर विवादित टिप्पणी मामले में सुप्रीम कोर्ट से बड़ा झटका लगा है। सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को इस मामले में आईपीएस अधिकारियों की विशेष जांच समिति (एसआईटी) बनाने का आदेश दिया है। साथ ही पीठ ने विजय शाह की याचिका पर मध्य प्रदेश सरकार को भी नोटिस जारी किया है।

दरअसल, सुप्रीम कोर्ट में जस्टिस सूर्यकांत और जस्टिस एन कोटिश्वर सिंह की बेंच ने कर्नल सोफिया कुरैशी पर विवादित टिप्पणी मामले में सुनवाई करते हुए विजय शाह के वकील से पूछा कि हाई कोर्ट ने एफआईआर दर्ज करने का आदेश दिया था। उसके बाद इस मामले में क्या हुआ? क्या जांच हुई है? उन्होंने यह भी पूछा कि आपने क्या क्षमा याचना की है? इस पर विजय शाह के वकील ने कहा कि वे माफी मांग चुके हैं। इसके बाद सर्वोच्च अदालत ने पूछा कि आपने किस तरह की माफी मांगी है। कई बार लोग नतीजे से बचने के लिए माफी का दिखावा करते हैं।

हम जानना चाहते हैं कि आपने किस तरह की माफी मांगी है। कोर्ट ने विजय शाह के वकील से पूछा कि आपने बताया कि उन्होंने (विजय शाह) माफी मांग ली है, तो वह माफी कहां है, वह वीडियो कहां है? कोर्ट ने आगे कहा कि कुछ लोग तो इशारों से माफी मांगते हैं। कुछ घड़ियाली आंसू बहाते हैं। लेकिन, हम जानना चाहते हैं। पीठ ने कहा कि हमें ऐसी माफी नहीं चाहिए। आप पहले गलती करते हैं, फिर कोर्ट चले आते हैं। आप जिम्मेदार राजनेता हैं। आपको सोच-समझकर बोलना चाहिए, लेकिन आपने बहुत घटिया भाषा अपनाई है। इस पर विजय शाह के वकील मनिंदर सिंह ने कहा कि वह माफी मांग चुके हैं और माफी का वीडियो भी जारी कर चुके हैं।

इस पर कोर्ट ने कहा, “माफी किस तरह से मांगी गई है, इस पर निर्भर करता है। आपकी भाषा और अंदाज से नहीं लग रहा कि आप लज्जित हैं। आप कह रहे हैं कि किसी को ठेस पहुंची हो तो आप क्षमा चाहते हैं। हम आपकी माफी की अपील खारिज करते हैं। आपने सिर्फ इसलिए माफी मांगी है, क्योंकि कोर्ट ने कहा है। आपने 12 मार्च को ये बयान दिया, आपको पता था कि जब जनता की भावनाएं सेना के पराक्रम और देश के साथ थीं, तब आपने ऐसी घटिया भाषा सार्वजनिक तौर पर अपनाई।” कोर्ट ने मध्य प्रदेश से बाहर के तीन वरिष्ठ आईपीएस अधिकारियों की विशेष जांच समिति (एसआईटी) बनाने को कहा है। साथ ही अदालत ने मध्य प्रदेश सरकार को इस मामले में नोटिस भी जारी किया है। सुप्रीम कोर्ट इस मामले पर निगरानी भी रखेगा। साथ ही उन्होंने स्टेटस रिपोर्ट मांगी है। कोर्ट ने इस मामले में 28 मई तक स्टेटस रिपोर्ट जमा करने को कहा है।

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