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दिल्ली में अवैध निर्माण पर MCD का बड़ा एक्शन 29 जगह तोड़फोड़

Ratna Netam
29 Sept 2026 7:31 PM IST
दिल्ली में अवैध निर्माण पर MCD का बड़ा एक्शन 29 जगह तोड़फोड़
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New दिल्ली : दिल्ली नगर निगम (MCD) ने मंगलवार को खतरनाक इमारतों, अवैध निर्माणों और दिल्ली मास्टर प्लान (MPD) तथा बिल्डिंग बाय-लॉज़ के उल्लंघन के खिलाफ अपना प्रवर्तन अभियान जारी रखा। निगम की ओर से शहर के सभी 12 जोन में एक साथ कार्रवाई की गई। इस दौरान 29 स्थानों पर तोड़फोड़ की कार्रवाई की गई, 10 संपत्तियों को सील किया गया और भवन नियमों के उल्लंघन के मामलों में सात तोड़फोड़ आदेश भी जारी किए गए।
MCD का कहना है कि यह कार्रवाई भवन निर्माण से जुड़े नियमों का पालन सुनिश्चित करने और आम लोगों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए की जा रही है। निगम के अनुसार, अवैध निर्माण और कमजोर या खतरनाक इमारतें न केवल नियमों का उल्लंघन हैं, बल्कि आसपास रहने वाले लोगों के लिए भी जोखिम पैदा कर सकती हैं।
मंगलवार की कार्रवाई को MCD के व्यापक प्रवर्तन अभियान का हिस्सा बताया गया है। निगम के सभी 12 जोन में संबंधित टीमों ने चिन्हित स्थानों पर पहुंचकर निर्माण कार्यों और भवन संरचनाओं की जांच की। जहां नियमों का उल्लंघन पाया गया, वहां तत्काल कार्रवाई की गई।
इस सघन अभियान के तहत 29 स्थानों पर अवैध निर्माणों को ध्वस्त या आंशिक रूप से हटाया गया। इनमें ऐसे निर्माण शामिल थे जो स्वीकृत भवन योजना से अलग बताए गए या जहां बिना अनुमति निर्माण कार्य किया जा रहा था। निगम ने कई स्थानों पर निर्माण के हिस्सों को हटाने के साथ संबंधित संपत्ति मालिकों को नियमों का पालन करने के निर्देश भी दिए।
इसके अलावा 10 संपत्तियों को सील किया गया। सीलिंग की कार्रवाई उन मामलों में की गई जहां भवन निर्माण नियमों का कथित उल्लंघन पाया गया और तत्काल उपयोग या निर्माण गतिविधि रोकना जरूरी समझा गया। संपत्ति सील होने के बाद संबंधित मालिक या उपयोगकर्ता बिना अनुमति वहां निर्माण या उपयोग नहीं कर सकता।
MCD ने सात मामलों में तोड़फोड़ के आदेश भी जारी किए हैं। इन आदेशों का मतलब है कि संबंधित संपत्तियों में पाए गए अवैध निर्माण को तय प्रक्रिया के तहत हटाया जाएगा। आदेश जारी होने के बाद संबंधित पक्षों को नियमानुसार आगे की कार्रवाई का सामना करना पड़ सकता है।
निगम का कहना है कि अवैध निर्माण के खिलाफ कार्रवाई केवल किसी एक इलाके तक सीमित नहीं है। सभी 12 जोन में समान रूप से निगरानी की जा रही है। इससे यह सुनिश्चित करने की कोशिश की जा रही है कि किसी भी क्षेत्र में भवन नियमों के उल्लंघन को नजरअंदाज न किया जाए।
दिल्ली जैसे घनी आबादी वाले शहर में भवन सुरक्षा एक बड़ा मुद्दा है। कई इलाकों में पुराने भवन, संकरी गलियां और अनधिकृत निर्माण बड़ी चुनौती बने रहते हैं। ऐसी स्थिति में किसी कमजोर या अवैध संरचना के कारण हादसे का खतरा बढ़ सकता है। इसी वजह से MCD समय-समय पर खतरनाक इमारतों और अवैध निर्माण के खिलाफ कार्रवाई करता है।
दिल्ली मास्टर प्लान और बिल्डिंग बाय-लॉज़ में निर्माण से जुड़े कई नियम तय किए गए हैं। इनमें भवन की ऊंचाई, सेटबैक, उपयोग, संरचनात्मक सुरक्षा और अन्य तकनीकी प्रावधान शामिल होते हैं। इन नियमों का उद्देश्य शहर के नियोजित विकास और लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।
MCD की टीमों ने मंगलवार को कार्रवाई के दौरान उन संपत्तियों पर विशेष ध्यान दिया जहां पहले भी नियमों के उल्लंघन की शिकायतें या नोटिस सामने आए थे। कई स्थानों पर निर्माण की स्थिति का निरीक्षण किया गया और रिकॉर्ड के आधार पर आगे की कार्रवाई तय की गई।
निगम ने यह भी स्पष्ट किया है कि अवैध निर्माण करने वालों के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा। जिन संपत्तियों में नियमों का उल्लंघन पाया जाएगा, वहां नोटिस, सीलिंग, तोड़फोड़ या अन्य कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।
प्रवर्तन अभियान के दौरान स्थानीय स्तर पर सुरक्षा व्यवस्था भी बनाए रखी गई। तोड़फोड़ और सीलिंग जैसी कार्रवाई में किसी प्रकार की बाधा न आए, इसके लिए संबंधित विभागों और स्थानीय प्रशासन के बीच समन्वय किया गया।
MCD का फोकस उन इमारतों पर भी है जिन्हें संरचनात्मक रूप से खतरनाक माना गया है। ऐसी इमारतों की पहचान के बाद मालिकों को मरम्मत या आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए जाते हैं। गंभीर स्थिति में भवन खाली कराने या उसका हिस्सा हटाने जैसी कार्रवाई भी की जा सकती है।
दिल्ली में अवैध निर्माण का मुद्दा लंबे समय से प्रशासनिक चुनौती बना हुआ है। तेजी से बढ़ती आबादी और निर्माण गतिविधियों के बीच भवन नियमों का पालन सुनिश्चित करना निगम के लिए महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है। इसी को देखते हुए MCD ने सभी 12 जोन में निगरानी और कार्रवाई को तेज किया है।
मंगलवार के अभियान के आंकड़े बताते हैं कि निगम ने एक ही दिन में बड़े स्तर पर प्रवर्तन कार्रवाई की। 29 स्थानों पर तोड़फोड़, 10 संपत्तियों की सीलिंग और सात तोड़फोड़ आदेश जारी किए जाने से साफ है कि MCD भवन नियमों के उल्लंघन को लेकर सख्त रुख अपना रहा है।
निगम ने लोगों से भी अपील की है कि किसी भी निर्माण से पहले संबंधित नियमों और अनुमति प्रक्रिया का पालन करें। अनधिकृत निर्माण बाद में सीलिंग या तोड़फोड़ जैसी कार्रवाई का कारण बन सकता है।
कुल मिलाकर MCD का मौजूदा अभियान दिल्ली में सुरक्षित और नियमबद्ध निर्माण सुनिश्चित करने पर केंद्रित है। सभी 12 जोन में चल रही कार्रवाई के जरिए निगम अवैध निर्माण और खतरनाक इमारतों पर नियंत्रण लगाने की कोशिश कर रहा है। आने वाले दिनों में भी ऐसे अभियान जारी रहने की संभावना है।
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