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बाबा रामदेव पर कंगना रनौत का पलटवार, बोलीं- महिलाओं पर बयान के लिए सोचने की जरूरत

Kavita2
25 Aug 2026 1:29 PM IST
बाबा रामदेव पर कंगना रनौत का पलटवार, बोलीं- महिलाओं पर बयान के लिए सोचने की जरूरत
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नई दिल्ली। बीजेपी सांसद और अभिनेत्री कंगना रनौत ने योग गुरु बाबा रामदेव के साथ चल रही जुबानी जंग के बीच एक बार फिर उन पर निशाना साधा है। कंगना ने रामदेव के महिलाओं से जुड़े कथित बयानों पर नाराजगी जताते हुए कहा कि उन्हें अपने शब्दों पर विचार करना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि रामदेव ने महिलाओं को लेकर टिप्पणी करते हुए “शालीनता की सारी हदें” पार कर दी हैं।

दोनों के बीच विवाद की शुरुआत तब हुई जब कंगना रनौत ने दिल्ली के जंतर-मंतर पर NEET प्रश्नपत्र लीक के विरोध में प्रदर्शन कर रहे युवाओं के लिए कथित तौर पर “जेनरेशन गटर” जैसे शब्दों का इस्तेमाल किया था। बाबा रामदेव ने कंगना की इस टिप्पणी की आलोचना की और उनके पुराने बयानों तथा गतिविधियों पर भी सवाल उठाए थे। इसके बाद दोनों के बीच सार्वजनिक रूप से आरोप-प्रत्यारोप का सिलसिला शुरू हो गया।

कंगना ने रामदेव को दी सोचने की सलाह

कंगना ने बाबा रामदेव पर पलटवार करते हुए कहा कि उन्हें महिलाओं के बारे में दिए गए अपने बयानों पर विचार करना चाहिए। उन्होंने रामदेव के पहनावे का जिक्र करते हुए भी उन पर निशाना साधा।

कंगना के मुताबिक, महिलाओं के संबंध में रामदेव की टिप्पणियां ऐसी हैं, जिनसे समाज को शर्मिंदगी महसूस होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि गेरुआ वस्त्र पहनने वाले व्यक्ति से इस तरह की भाषा की उम्मीद नहीं की जाती।

कंगना ने तंज करते हुए कहा कि रामदेव ने “शालीनता की सारी हदें पार कर दी हैं”। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि ऐसी टिप्पणियों से उनके पहने हुए गेरुआ वस्त्रों का अपमान होता है।

विवाद की शुरुआत कैसे हुई?

यह विवाद उस समय शुरू हुआ जब कंगना रनौत ने NEET प्रश्नपत्र लीक के विरोध में जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे युवाओं को लेकर टिप्पणी की। प्रदर्शनकारी छात्रों और युवाओं को लेकर उनकी टिप्पणी पर बाबा रामदेव ने कड़ी प्रतिक्रिया दी।

रामदेव ने कंगना की भाषा पर सवाल उठाते हुए उनकी पिछली गतिविधियों का भी जिक्र किया था। उन्होंने सवाल किया था कि आखिर कंगना की पिछली गतिविधियां क्या रही हैं। इसके बाद कंगना ने भी रामदेव पर जवाबी हमला शुरू कर दिया।

दोनों की टिप्पणियों के सामने आने के बाद यह विवाद सोशल मीडिया और राजनीतिक हलकों में चर्चा का विषय बन गया।

महिलाओं से जुड़े बयानों पर आपत्ति

कंगना का ताजा हमला मुख्य रूप से महिलाओं के बारे में बाबा रामदेव की कथित टिप्पणियों पर केंद्रित रहा। उन्होंने कहा कि महिलाओं के सम्मान और गरिमा से जुड़े मामलों में सार्वजनिक जीवन से जुड़े लोगों को ज्यादा जिम्मेदारी के साथ बोलना चाहिए।

बीजेपी सांसद ने रामदेव के बयानों को लेकर अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि उन्हें इस बारे में “सोचना” चाहिए। उनका कहना है कि गेरुआ वस्त्र केवल पहनावा नहीं बल्कि एक आध्यात्मिक और सामाजिक पहचान से भी जुड़ा हुआ है, इसलिए इसे पहनने वाले व्यक्ति के आचरण और शब्दों को लेकर अपेक्षाएं भी अधिक होती हैं।

राजनीतिक और सामाजिक बहस भी तेज

कंगना और रामदेव के बीच जारी बयानबाजी ने सोशल मीडिया पर भी बहस को जन्म दिया है। एक तरफ कंगना के समर्थक उनके बयान को रामदेव की कथित टिप्पणियों का जवाब बता रहे हैं, जबकि दूसरी ओर उनके आलोचक भी इस पूरे विवाद को लेकर सवाल उठा रहे हैं।

यह विवाद ऐसे समय में सामने आया है जब NEET से जुड़े मुद्दे को लेकर देशभर में छात्रों और राजनीतिक दलों के बीच बहस चल रही थी। प्रश्नपत्र लीक और परीक्षा व्यवस्था को लेकर प्रदर्शन कर रहे छात्रों की मांगें राजनीतिक चर्चा का प्रमुख हिस्सा बनी हुई थीं।

कंगना ने प्रदर्शनकारी युवाओं को लेकर टिप्पणी की थी, जिस पर रामदेव ने प्रतिक्रिया दी। अब मामला व्यक्तिगत टिप्पणियों और महिलाओं के सम्मान से जुड़े सवालों तक पहुंच गया है।

सार्वजनिक बयानों की जिम्मेदारी पर सवाल

दोनों के बीच जारी विवाद ने सार्वजनिक जीवन में सक्रिय लोगों की भाषा और जिम्मेदारी को लेकर भी चर्चा छेड़ दी है। राजनीतिक नेताओं, सामाजिक कार्यकर्ताओं और आध्यात्मिक गुरुओं के बयान अक्सर व्यापक स्तर पर लोगों का ध्यान आकर्षित करते हैं। ऐसे में उनकी टिप्पणियों का सामाजिक और राजनीतिक प्रभाव भी पड़ता है।

कंगना ने इसी संदर्भ में रामदेव की टिप्पणियों पर सवाल उठाया है। उन्होंने कहा कि महिलाओं से जुड़े मामलों में सार्वजनिक मंच पर बोलते समय शब्दों का चयन सावधानी से किया जाना चाहिए।

विवाद थमने के बजाय बढ़ा

कंगना रनौत और बाबा रामदेव के बीच यह विवाद फिलहाल थमता नजर नहीं आ रहा है। एक टिप्पणी के जवाब में दूसरी टिप्पणी सामने आने के कारण दोनों के बीच बयानबाजी लगातार बढ़ती जा रही है।

कंगना ने अपने ताजा बयान में रामदेव पर महिलाओं को लेकर कथित आपत्तिजनक टिप्पणियां करने का आरोप लगाया और कहा कि उन्हें अपने बयानों पर आत्ममंथन करना चाहिए। वहीं, विवाद की शुरुआत में रामदेव ने कंगना की युवाओं को लेकर की गई टिप्पणी पर सवाल उठाए थे।

अब यह देखना होगा कि दोनों में से कौन इस मुद्दे को आगे बढ़ाता है या आने वाले दिनों में यह जुबानी जंग शांत होती है। फिलहाल दोनों की टिप्पणियों ने राजनीतिक और सामाजिक हलकों में बहस को जरूर तेज कर दिया है।

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