दिल्ली-एनसीआर

दिल्ली CEO ने SIR पर दी सफाई

Kiran
23 Sept 2026 10:47 AM IST
दिल्ली CEO ने SIR पर दी सफाई
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Delhi दिल्ली के मुख्य निर्वाचन अधिकारी (CEO) के कार्यालय ने मंगलवार को साफ़ किया कि वोटर लिस्ट के 'स्पेशल इंटेंसिव रिविज़न' (SIR) के दौरान नोटिस जारी करने का मतलब वोटर का नाम हटाना नहीं है, क्योंकि इस प्रक्रिया के दौरान 1.3 लाख से ज़्यादा दावे और आपत्तियां मिली हैं। ताज़ा स्टेटस रिपोर्ट के अनुसार, 31 अगस्त से 21 सितंबर के बीच नाम जुड़वाने के लिए 51,471 'फॉर्म-6' आवेदन और नाम हटाने या आपत्ति जताने के लिए 1,555 'फॉर्म-7' आवेदन मिले। इसी दौरान पता बदलने या सुधार के लिए 36,276 'फॉर्म-8' आवेदन भी मिले।
CEO कार्यालय ने कहा कि नोटिस उन मामलों में जारी किए जा रहे हैं जहां वोटर का पिछले SIR की वोटर लिस्ट से संबंध स्थापित नहीं हो सका या जहां तार्किक विसंगतियां पाई गईं। कार्यालय ने कहा, "सही प्रक्रिया का पालन किए बिना ड्राफ़्ट वोटर लिस्ट से कोई नाम नहीं हटाया जाएगा। संबंधित व्यक्ति को अपना पक्ष रखने और अपील करने का मौका दिया जाएगा।" सबसे ज़्यादा 'फॉर्म-6' आवेदन वेस्ट दिल्ली (12,459) में मिले, इसके बाद नॉर्थ वेस्ट दिल्ली (10,336) और ईस्ट दिल्ली (9,959) का नंबर रहा। 'फॉर्म-7' के लिए नॉर्थ ईस्ट दिल्ली 4,487 आवेदनों के साथ सबसे आगे रहा।
दावे और आपत्तियों के लिए विंडो 30 सितंबर तक खुली रहेगी और नोटिस का निपटारा 29 अक्टूबर तक किया जाएगा। फ़ाइनल वोटर लिस्ट 4 नवंबर को जारी की जाएगी। CEO कार्यालय 27 सितंबर को सभी पोलिंग स्टेशनों पर स्पेशल कैंप लगाएगा। बेघर लोगों, ट्रांसजेंडर और सेक्स वर्करों के लिए 23 और 24 सितंबर को DUSIB नाइट शेल्टर में भी कैंप लगाए जाएंगे। नोटिस और दावों के निपटारे में आसानी के लिए विधानसभा क्षेत्रों में अतिरिक्त AERO तैनात किए जा रहे हैं।
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