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Wangchuk's के अनशन पर सीजेपी सख्त, सरकार से संवाद की जगह तय करने की मांग

Ratna Netam
22 July 2026 6:46 PM IST
Wangchuks   के अनशन पर सीजेपी सख्त, सरकार से संवाद की जगह तय करने की मांग
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New Delhi नई दिल्ली : कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) और केंद्र सरकार के बीच बातचीत को लेकर गतिरोध बना हुआ है। सीजेपी ने सरकार की ओर से दिए गए बातचीत के प्रस्ताव को ठुकराते हुए साफ कर दिया है कि यदि सरकार वास्तव में संवाद करना चाहती है तो उसे जंतर-मंतर या उसके आसपास किसी तटस्थ स्थान पर आकर बातचीत करनी होगी। पार्टी नेताओं ने कहा कि वे किसी मंत्री के आवास या सरकारी कार्यालय में जाकर बातचीत नहीं करेंगे।

जंतर-मंतर पर चल रहा सीजेपी का आंदोलन बुधवार को 33वें दिन भी जारी रहा। इस दौरान प्रदर्शन स्थल पर बड़ी संख्या में समर्थक मौजूद रहे। आंदोलन को देखते हुए दिल्ली पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां सतर्क रहीं। सुरक्षा व्यवस्था के मद्देनजर दिल्ली के 16 मेट्रो स्टेशनों को कुछ समय के लिए अस्थायी रूप से बंद किया गया।

सीजेपी के प्रवक्ता सौरव दास ने बताया कि बुधवार सुबह दिल्ली पुलिस की ओर से उन्हें जानकारी दी गई थी कि भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा बातचीत के लिए इच्छुक हैं और उन्हें अपने आवास पर बुलाया गया है। हालांकि सीजेपी नेताओं ने इस प्रस्ताव को स्वीकार करने से इनकार कर दिया।

सौरव दास ने कहा कि पार्टी का रुख स्पष्ट है कि बातचीत जनता के बीच और खुले स्थान पर होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि अगर सरकार छात्रों और आंदोलनकारियों की मांगों को लेकर गंभीर है तो उसे जंतर-मंतर पर आकर अपनी बात रखनी चाहिए। उन्होंने दावा किया कि पहले भी बातचीत के नाम पर उन्हें लंबे समय तक इंतजार कराया गया, इसलिए अब वे किसी सरकारी कार्यालय या नेता के निजी आवास पर नहीं जाएंगे।

सीजेपी नेताओं का कहना है कि उनका आंदोलन छात्रों से जुड़े मुद्दों और शिक्षा व्यवस्था में जवाबदेही की मांग को लेकर जारी है। पार्टी ने अपनी प्रमुख मांगों को दोहराते हुए कहा कि जब तक उनकी मांगों पर ठोस कदम नहीं उठाए जाते, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।

गौरतलब है कि सीजेपी की ओर से पेपर लीक और परीक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता को लेकर आंदोलन शुरू किया गया था। इसके बाद यह प्रदर्शन लगातार चर्चा में बना हुआ है। संसद मार्च के दौरान हुई पुलिस कार्रवाई को लेकर भी विवाद बढ़ा था। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया था कि उनके साथ बल प्रयोग किया गया, जबकि प्रशासन ने कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक कदम उठाने की बात कही थी।

इस बीच केंद्र सरकार की ओर से बातचीत की पहल किए जाने की बात सामने आई थी। हालांकि दोनों पक्षों के बीच बातचीत का स्थान और तरीका तय नहीं हो सका है। सरकार का कहना है कि वह बातचीत के लिए तैयार है, लेकिन सीजेपी की ओर से रखी गई शर्तों के कारण मामला अभी आगे नहीं बढ़ पाया है।

दिल्ली में आंदोलन को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था लगातार कड़ी रखी जा रही है। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि संवेदनशील क्षेत्रों में निगरानी बढ़ाई गई है और किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए पर्याप्त इंतजाम किए गए हैं।

फिलहाल सीजेपी अपने रुख पर कायम है और जंतर-मंतर से ही बातचीत की मांग कर रही है। वहीं, सरकार और आंदोलनकारियों के बीच संवाद शुरू होने को लेकर सभी की नजरें आगे की रणनीति पर टिकी हुई हैं।

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