दिल्ली-एनसीआर

पश्चिम बंगाल में मुख्यमंत्री चेहरे को लेकर BJP की अहम बैठक

Kavita2
8 May 2026 10:37 AM IST
पश्चिम बंगाल में मुख्यमंत्री चेहरे को लेकर BJP की अहम बैठक
x

Delhi दिल्ली: पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव के बाद मुख्यमंत्री पद को लेकर भारतीय जनता पार्टी (BJP) के भीतर मंथन तेज हो गया है। शुक्रवार को कोलकाता में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की मौजूदगी में पार्टी नेताओं की एक महत्वपूर्ण बैठक होने जा रही है, जिसमें राज्य के अगले मुख्यमंत्री के नाम पर अंतिम निर्णय लिए जाने की संभावना है।

सूत्रों के अनुसार, इस दौड़ में सबसे आगे सुवेंदु अधिकारी का नाम माना जा रहा है। अधिकारी ने पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में दो महत्वपूर्ण सीटों—भवानीपुर और नंदीग्राम—से जीत दर्ज की है और उन्हें राज्य में BJP की ऐतिहासिक जीत का प्रमुख चेहरा माना जा रहा है।

सुवेंदु अधिकारी ने इस चुनाव में TMC के 15 साल के शासन को चुनौती देते हुए पार्टी की जीत में अहम भूमिका निभाई है। खास तौर पर नंदीग्राम सीट पर उनकी जीत को काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है, जहां उन्होंने 2021 में भी मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को हराया था। इस बार उन्होंने भवानीपुर सीट पर भी बनर्जी को 15,000 से अधिक वोटों के अंतर से पराजित किया।

हालांकि, BJP ने अभी तक आधिकारिक रूप से मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार की घोषणा नहीं की है, लेकिन पार्टी के भीतर चर्चा है कि सुवेंदु अधिकारी इस पद के सबसे मजबूत दावेदार हैं। उनकी राजनीतिक पकड़ और लगातार दो बड़े चुनावी मुकाबलों में जीत ने उन्हें पार्टी नेतृत्व के सामने एक प्रमुख विकल्प बना दिया है।

इसी बीच, BJP ने राज्य में सरकार गठन की तैयारियां भी तेज कर दी हैं। पार्टी ने 9 मई को कोलकाता के ब्रिगेड परेड ग्राउंड में मुख्यमंत्री पद के शपथ ग्रहण समारोह का आयोजन तय किया है। इस कार्यक्रम को बड़े स्तर पर आयोजित करने की योजना बनाई जा रही है।

सूत्रों के अनुसार, इस शपथ ग्रहण समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, BJP अध्यक्ष नितिन नवीन सहित NDA शासित राज्यों के सभी मुख्यमंत्रियों के शामिल होने की संभावना है। यह आयोजन पार्टी के लिए शक्ति प्रदर्शन के रूप में भी देखा जा रहा है।

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि पश्चिम बंगाल में सत्ता परिवर्तन के बाद BJP राज्य में अपनी पकड़ मजबूत करने की कोशिश कर रही है, और मुख्यमंत्री पद का चयन इस रणनीति का अहम हिस्सा होगा।

फिलहाल सभी की नजर कोलकाता में होने वाली बैठक पर टिकी है, जहां यह तय होगा कि राज्य की कमान किस नेता को सौंपी जाएगी।

Next Story