
व्यापार | भारत में डिजिटल भुगतान का दायरा लगातार बढ़ रहा है। 2024 की दूसरी छमाही में यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (UPI) के जरिए कुल 93.23 अरब लेनदेन हुए, जो साल-दर-साल 42% की वृद्धि दर्शाता है। हालांकि, इस दौरान औसत टिकट साइज में 8% की गिरावट आई, जिससे छोटे-मोटे भुगतान का चलन बढ़ने के संकेत मिलते हैं।
विशेषज्ञों के अनुसार, छोटे व्यापारियों, स्ट्रीट वेंडर्स और आम नागरिकों के बीच UPI भुगतान की लोकप्रियता बढ़ी है, जिससे प्रति लेनदेन की औसत राशि घटी है। वहीं, सरकार की तरफ से डिजिटल ट्रांजेक्शन को बढ़ावा देने के लिए विभिन्न उपाय किए जा रहे हैं।
RBI की एक रिपोर्ट के मुताबिक, वित्तीय वर्ष 2024 में कुल डिजिटल भुगतान में UPI का हिस्सा 75% से ज्यादा हो गया है। वहीं, UPI लोन, क्रेडिट कार्ड लिंकिंग जैसी नई सुविधाएं भी इस ग्रोथ को आगे बढ़ा रही हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले महीनों में छोटे टिकट साइज ट्रांजेक्शन और ज्यादा बढ़ सकते हैं, जिससे डिजिटल इकोनॉमी को और मजबूती मिलेगी।





