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शेयर बाजार में बड़ा खेल विदेशी निवेशकों ने जिन 5 कंपनियों पर लगाया दांव
Ratna Netam
24 Aug 2026 7:50 PM IST

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नई दिल्ली। भारतीय शेयर बाजार में कई ऐसे छोटे और मझोले शेयर हैं, जिन्होंने पिछले एक साल में निवेशकों को शानदार रिटर्न दिया है। कुछ कंपनियों के शेयरों ने तो 700 फीसदी से ज्यादा का रिटर्न देकर निवेशकों को चौंका दिया है। खास बात यह है कि इन मल्टीबैगर स्टॉक्स में विदेशी संस्थागत निवेशकों (FII) ने भी अपनी हिस्सेदारी बढ़ाई है। इससे इन कंपनियों को लेकर बाजार में निवेशकों की दिलचस्पी और बढ़ गई है।
शेयर बाजार में किसी कंपनी में FII की बढ़ती हिस्सेदारी को अक्सर निवेशकों के भरोसे के संकेत के रूप में देखा जाता है। हालांकि, केवल FII निवेश के आधार पर किसी शेयर में पैसा लगाना सही रणनीति नहीं मानी जाती। कंपनी के फंडामेंटल, भविष्य की संभावनाओं और जोखिमों को समझना भी जरूरी होता है।
मल्टीबैगर स्टॉक्स में बढ़ी विदेशी निवेशकों की रुचि
पिछले कुछ समय में कई छोटे शेयरों ने बाजार में जबरदस्त प्रदर्शन किया है। इनमें से कुछ कंपनियों ने एक साल में कई गुना रिटर्न दिया है। इन कंपनियों में विदेशी निवेशकों की हिस्सेदारी बढ़ने से बाजार में इनके प्रति सकारात्मक धारणा बनी है।
FII आमतौर पर किसी कंपनी में निवेश करने से पहले उसके कारोबार, ग्रोथ क्षमता और वित्तीय स्थिति का विश्लेषण करते हैं। ऐसे में जब विदेशी निवेशक किसी कंपनी में अपनी हिस्सेदारी बढ़ाते हैं तो खुदरा निवेशकों की नजर भी उस स्टॉक पर जाती है।
1. इलेक्ट्रोथर्म (इंडिया) लिमिटेड
इलेक्ट्रोथर्म उन कंपनियों में शामिल रही है, जिसने पिछले एक साल में निवेशकों को मजबूत रिटर्न दिया है। कंपनी इंडस्ट्रियल इलेक्ट्रिक इक्विपमेंट और मेटल प्रोसेसिंग से जुड़े कारोबार में सक्रिय है।
इस शेयर में तेजी के पीछे कंपनी के कारोबार में सुधार और निवेशकों की बढ़ती दिलचस्पी को कारण माना गया है। FII की हिस्सेदारी में बदलाव ने भी इस स्टॉक को चर्चा में ला दिया है।
2. बीएसई लिमिटेड
बीएसई लिमिटेड शेयर बाजार से जुड़ी प्रमुख कंपनी है। एक्सचेंज कारोबार में बढ़ती गतिविधियों और नए सेगमेंट में विस्तार के कारण कंपनी के शेयरों ने पिछले कुछ समय में शानदार प्रदर्शन किया है।
विदेशी निवेशकों की नजर भी इस कंपनी पर बनी हुई है। बाजार में बढ़ती भागीदारी और डिजिटल निवेश के विस्तार से कंपनी को फायदा मिला है।
3. जीआरएम ओवरसीज
जीआरएम ओवरसीज खाद्य क्षेत्र की कंपनी है, जो मुख्य रूप से चावल निर्यात कारोबार से जुड़ी हुई है। कंपनी ने अपने कारोबार विस्तार और अंतरराष्ट्रीय बाजार में मौजूदगी बढ़ाने पर जोर दिया है।
पिछले एक साल में इस शेयर ने निवेशकों को अच्छा रिटर्न दिया है। विदेशी निवेशकों की हिस्सेदारी में बढ़ोतरी ने भी इसे चर्चा में रखा है।
4. प्रीमियर एक्सप्लोसिव्स
प्रीमियर एक्सप्लोसिव्स रक्षा और औद्योगिक विस्फोटक क्षेत्र से जुड़ी कंपनी है। भारत में रक्षा क्षेत्र पर बढ़ते खर्च और घरेलू उत्पादन को बढ़ावा मिलने से इस सेक्टर की कंपनियों को फायदा मिला है।
कंपनी के शेयरों में तेजी के पीछे रक्षा क्षेत्र की बढ़ती मांग को एक बड़ा कारण माना जाता है। FII की रुचि भी इस कंपनी में देखने को मिली है।
5. जेएनके इंडिया
जेएनके इंडिया औद्योगिक क्षेत्र की कंपनी है, जो इंजीनियरिंग और ऊर्जा क्षेत्र से जुड़े समाधान उपलब्ध कराती है। कंपनी के कारोबार में विस्तार की संभावनाओं को देखते हुए निवेशकों का ध्यान इस पर गया है।
इस शेयर ने भी पिछले एक साल में मजबूत प्रदर्शन किया है और संस्थागत निवेशकों की गतिविधियों के कारण चर्चा में बना हुआ है।
FII निवेश क्यों माना जाता है महत्वपूर्ण?
विदेशी संस्थागत निवेशक बाजार में बड़ी पूंजी के साथ निवेश करते हैं। उनके निवेश के फैसले अक्सर व्यापक रिसर्च और लंबी अवधि की रणनीति पर आधारित होते हैं। इसलिए किसी कंपनी में FII की हिस्सेदारी बढ़ना बाजार में सकारात्मक संकेत माना जाता है।
हालांकि, निवेशकों को यह समझना चाहिए कि FII कभी भी अपनी रणनीति बदल सकते हैं। इसलिए केवल विदेशी निवेशकों की खरीदारी देखकर निवेश करना जोखिम भरा हो सकता है।
मल्टीबैगर शेयरों में जोखिम भी ज्यादा
जिन शेयरों ने कम समय में कई गुना रिटर्न दिया है, उनमें उतार-चढ़ाव भी ज्यादा देखने को मिलता है। छोटे और मझोले शेयरों में तेजी के साथ गिरावट का जोखिम भी अधिक रहता है।
ऐसे में निवेशकों को किसी भी स्टॉक में निवेश करने से पहले कंपनी की आय, कर्ज, प्रबंधन और भविष्य की योजनाओं का अध्ययन करना चाहिए।
बाजार विशेषज्ञों की सलाह
विशेषज्ञों का कहना है कि मल्टीबैगर स्टॉक में निवेश करने के लिए धैर्य और सही जानकारी जरूरी है। बाजार में तेजी देखकर जल्दबाजी में निवेश करने से नुकसान भी हो सकता है।
अच्छी कंपनियों की पहचान, लंबी अवधि का नजरिया और जोखिम प्रबंधन निवेश में सफलता की कुंजी मानी जाती है।
कुल मिलाकर, जिन पांच शेयरों में FII की हिस्सेदारी बढ़ी है और जिन्होंने शानदार रिटर्न दिया है, वे बाजार में चर्चा का विषय बने हुए हैं। लेकिन निवेशकों को किसी भी फैसले से पहले पूरी जानकारी जुटानी चाहिए और अपनी वित्तीय स्थिति के अनुसार ही निवेश करना चाहिए।
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