
Business बिजनेस : भारतीय शेयर बाजार में मंगलवार को भारी बिकवाली देखने के बाद बुधवार को मजबूत रिकवरी दर्ज की गई। दोपहर 2 बजे तक बाजार में चौतरफा खरीदारी का माहौल बना रहा, जिससे प्रमुख सूचकांकों में तेज उछाल देखने को मिला।
कारोबार के दौरान बीएसई सेंसेक्स करीब 1,000 अंक यानी 1.3 प्रतिशत से अधिक की बढ़त के साथ 77,190 के स्तर तक पहुंच गया। वहीं एनएसई का निफ्टी 50 भी 1 प्रतिशत से अधिक चढ़कर 24,090 के दिन के उच्चतम स्तर पर पहुंच गया। इस तेजी ने निवेशकों के बीच सकारात्मक माहौल बना दिया।
मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में भी हल्की तेजी दर्ज की गई। निफ्टी मिडकैप 100 और स्मॉलकैप 100 इंडेक्स में करीब आधे प्रतिशत की बढ़त देखने को मिली, जिससे यह संकेत मिला कि बाजार में केवल बड़ी कंपनियां ही नहीं, बल्कि मिड और स्मॉल सेगमेंट में भी खरीदारी का रुझान बना हुआ है।
इस तेजी का सीधा असर निवेशकों की संपत्ति पर पड़ा। बीएसई पर सूचीबद्ध कंपनियों का कुल मार्केट कैपिटलाइजेशन पिछले सत्र के लगभग ₹475 लाख करोड़ से बढ़कर ₹477 लाख करोड़ से अधिक हो गया। इस तरह एक ही दिन में निवेशकों की संपत्ति में करीब ₹2 लाख करोड़ का इजाफा हुआ।
बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, इस उछाल के पीछे कई कारण हैं। वैश्विक बाजारों में स्थिरता, घरेलू स्तर पर मजबूत खरीदारी और चुनिंदा सेक्टरों में रिकवरी ने बाजार को सपोर्ट दिया है। इसके अलावा विदेशी निवेशकों (FII) की लगातार खरीदारी ने भी बाजार की धारणा को मजबूत किया है। रिपोर्ट के अनुसार, विदेशी निवेशक लगातार तीसरे दिन भारतीय इक्विटी बाजार में शुद्ध खरीदार बने रहे।
पिछले सत्र में हुई तेज बिकवाली के बाद यह उछाल निवेशकों के लिए राहत भरा माना जा रहा है। विशेषज्ञों का कहना है कि बाजार में अभी भी उतार-चढ़ाव जारी रह सकता है, लेकिन लॉन्ग टर्म में भारतीय इक्विटी बाजार को लेकर सकारात्मक रुझान बना हुआ है।
फिलहाल निवेशकों की नजरें आगामी आर्थिक आंकड़ों, वैश्विक संकेतों और कंपनियों के तिमाही नतीजों पर टिकी हुई हैं। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में बाजार की दिशा इन्हीं कारकों से तय होगी।
कुल मिलाकर बुधवार का कारोबार भारतीय शेयर बाजार के लिए मजबूत रिकवरी का दिन साबित हुआ, जहां सेंसेक्स और निफ्टी दोनों में तेज उछाल के साथ निवेशकों को बड़ी राहत मिली।





