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Stock बाजार की धीमी शुरुआत, मिडकैप और स्मॉलकैप इंडेक्स चढ़े

Ratna Netam
21 July 2026 2:29 PM IST
Stock  बाजार की धीमी शुरुआत, मिडकैप और स्मॉलकैप इंडेक्स चढ़े
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Mumbai मुंबई : भारतीय शेयर बाजार ने मंगलवार को कारोबार की शुरुआत सपाट रुख के साथ की। शुरुआती कारोबार में प्रमुख सूचकांक मामूली गिरावट के साथ खुले, हालांकि व्यापक बाजार में खरीदारी का रुझान देखने को मिला। निवेशकों ने चुनिंदा सेक्टरों में खरीदारी जारी रखी, जिसके चलते मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में मजबूती देखने को मिली।

शुरुआती कारोबार में बीएसई सेंसेक्स 58 अंक यानी 0.08 प्रतिशत की गिरावट के साथ 77,649 के स्तर पर कारोबार कर रहा था। वहीं एनएसई निफ्टी 22 अंक यानी 0.09 प्रतिशत की कमजोरी के साथ 24,216 के स्तर पर पहुंच गया। बाजार में शुरुआती घंटों में उतार-चढ़ाव देखने को मिला और निवेशक वैश्विक संकेतों तथा घरेलू आर्थिक गतिविधियों पर नजर बनाए हुए हैं।

सेक्टोरल इंडेक्स की बात करें तो बाजार में अलग-अलग क्षेत्रों में अलग-अलग रुझान देखने को मिला। कुछ प्रमुख सेक्टरों में खरीदारी का माहौल रहा, जबकि कुछ इंडेक्स दबाव में नजर आए। निफ्टी पीएसयू बैंक, निफ्टी मेटल, निफ्टी कमोडिटीज, निफ्टी पीएसई, निफ्टी एनर्जी, निफ्टी इन्फ्रा और निफ्टी ऑयल एंड गैस जैसे इंडेक्स हरे निशान में कारोबार कर रहे थे।

दूसरी ओर, कुछ सेक्टरों के शेयरों में बिकवाली का दबाव देखने को मिला। निफ्टी इंडिया डिफेंस, निफ्टी कंज्यूमर ड्यूरेबल्स, निफ्टी फार्मा, निफ्टी मीडिया, निफ्टी हेल्थकेयर और निफ्टी रियल्टी जैसे इंडेक्स लाल निशान में कारोबार कर रहे थे। इन क्षेत्रों में निवेशकों की सतर्कता का असर देखने को मिला।

व्यापक बाजार में हालांकि सकारात्मक रुझान दिखाई दिया। निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स शुरुआती कारोबार में 140 अंक यानी 0.22 प्रतिशत की बढ़त के साथ 62,945 के स्तर पर पहुंच गया। वहीं निफ्टी स्मॉलकैप 100 इंडेक्स भी 71 अंक यानी 0.38 प्रतिशत की मजबूती के साथ 19,399 के स्तर पर कारोबार कर रहा था। इससे संकेत मिलता है कि छोटे और मध्यम आकार की कंपनियों के शेयरों में निवेशकों की दिलचस्पी बनी हुई है।

बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, मौजूदा समय में निवेशक घरेलू और अंतरराष्ट्रीय दोनों स्तरों पर आने वाले संकेतों पर नजर रख रहे हैं। वैश्विक बाजारों की चाल, कच्चे तेल की कीमतों में बदलाव, विदेशी निवेशकों की गतिविधियां और कंपनियों के तिमाही नतीजे बाजार की दिशा तय करने में अहम भूमिका निभा सकते हैं।

हाल के दिनों में भारतीय शेयर बाजार में लगातार उतार-चढ़ाव देखने को मिला है। एक तरफ मजबूत घरेलू अर्थव्यवस्था और कंपनियों के बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद बाजार को समर्थन दे रही है, वहीं दूसरी तरफ वैश्विक अनिश्चितताओं के कारण निवेशक सावधानी बरत रहे हैं।

बैंकिंग, मेटल और ऊर्जा क्षेत्र के शेयरों में खरीदारी से बाजार को सहारा मिला। वहीं फार्मा और रियल्टी जैसे क्षेत्रों में कमजोरी ने प्रमुख सूचकांकों पर दबाव बनाए रखा। निवेशक फिलहाल बाजार में किसी बड़े ट्रेंड का इंतजार कर रहे हैं और चुनिंदा शेयरों पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं।

विशेषज्ञों का मानना है कि बाजार में आगे भी उतार-चढ़ाव जारी रह सकता है। ऐसे में निवेशकों को जल्दबाजी में फैसले लेने के बजाय कंपनियों के फंडामेंटल और लंबी अवधि के प्रदर्शन को ध्यान में रखकर निवेश रणनीति बनानी चाहिए। मंगलवार के शुरुआती कारोबार ने संकेत दिया कि बाजार में खरीदारी और बिकवाली के बीच संतुलन बना हुआ है।

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