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मार्केट में जल्द आएंगे OLA के इलेक्ट्रिक स्कूटर, कंपनी ने बढ़ाया एक और बड़ा कदम

Tara Tandi
12 July 2021 12:16 PM GMT
मार्केट में जल्द आएंगे OLA के इलेक्ट्रिक स्कूटर, कंपनी ने बढ़ाया एक और बड़ा कदम
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ओला स्कूटर्स को लेकर किया जा रहा ग्राहकों का इंतजार बहुत ही जल्द खत्म होने वाला है.

जनता से रिश्ता वेबडेस्क | ओला स्कूटर्स को लेकर किया जा रहा ग्राहकों का इंतजार बहुत ही जल्द खत्म होने वाला है. कंपनी इस फेज में लगातार प्रोगेस कर रही है. हाल ही में इलेक्ट्रिक वाहन (ईवी) की पेशकश करने वाली दिग्गज कंपनी ओला की ब्रांच, ओला इलेक्ट्रिक ने बैंक ऑफ बड़ौदा से 10 साल के लिए 100 मिलियन डॉलर (करेंट कन्वर्जन रेट पर लगभग 744 करोड़ रुपए) का कर्ज उठाया है.

एएनआई टेक्नोलॉजीज के तहत ओला और ओला इलेक्ट्रिक दो अलग-अलग बिजनेस हैं. ओला राइड हीलिंग बिजनेस पर फोकस करती है, जबकि ओला इलेक्ट्रिक इलेक्ट्रिक स्कूटर डेवलपमेंट और बिक्री में प्रवेश करना चाह रही है. पिछले साल, ओला इलेक्ट्रिक ने घोषणा की थी कि वह तमिलनाडु में अपनी पहली इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर फैक्ट्री स्थापित करने के लिए 2,400 करोड़ (करेंट कन्वर्जन रेट पर 322 मिलियन डॉलर) का निवेश करेगी. फैक्ट्री 500 एकड़ में बनाई जाएगी और कंपनी को सालाना 10 मिलियन वाहन बनाने की उम्मीद है.

कंपनी का टारगेट 2022 की गर्मियों तक दुनिया के 15% ई-स्कूटर का निर्माण करने का है और कंपनी इन स्कूटर्स का निर्यात भी करना चाहती है. जबकि ओला मई 2020 में रेवेन्यू में 96% की गिरावट के कारण 1,400 कर्मचारियों की छंटनी कर रही थी, ओला इलेक्ट्रिक ने स्कूटर की अपनी लाइन लॉन्च करने के लिए एम्स्टर्डम स्थित इलेक्ट्रिक स्कूटर कंपनी Etergo BV का अधिग्रहण किया था.

मार्केट में जल्द आएंगे OLA के इलेक्ट्रिक स्कूटर

ओला इलेक्ट्रिक का ईवी मैन्युफैक्चरिंग प्लांट दुनिया में सबसे बड़ा बताया जाता है. एएनआई टेक्नोलॉजीज के मुख्य कार्यकारी अधिकारी भाविश अग्रवाल ने पिछले महीने घोषणा की, कि ओला इलेक्ट्रिक की स्कूटर फैक्ट्री पूरी होने वाली है और कंपनी को जल्द ही वाहनों को शुरू करने की उम्मीद है.

वाहन बनाने में इस्तेमाल होंगे 100 मिलियन डॉलर

100 मिलियन डॉलर के लोन का उपयोग इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहनों के लिए कंपनी की डेवलपमेंट यूनिट ओला फ्यूचरफैक्ट्री के फेज 1 के फंडिंग और फाइनेंशियल क्लोजर के लिए किया जाएगा. ई-मोबिलिटी फर्म ने कहा कि सोमवार (12 जुलाई) को ओला इलेक्ट्रिक और बैंक ऑफ बड़ौदा के बीच हस्ताक्षरित सौदा भारतीय ईवी सेगमेंट में सबसे बड़ा लॉन्ग टर्म डेबिट फाइनेंसिंग एग्रीमेंट है.

भाविश अग्रवाल ने कहा, "ओला और बैंक ऑफ बड़ौदा के बीच लॉन्ग टर्म लोन फंडिंग के लिए आज का समझौता रिकॉर्ड समय में दुनिया की सबसे बड़ी दोपहिया कारखाने के निर्माण की हमारी योजनाओं में संस्थागत उधारदाताओं के विश्वास का संकेत देता है."

राइड हीलिंग दिग्गज ओला ने टेमासेक और वारबर्ग पिंकस से अपनी इनीशियल पब्लिक ऑफरिंग (आईपीओ) से पहले 50 करोड़ डॉलर जुटाए थे. कंपनी के चीफ एग्जीक्यूटिव और को-फाउंडर भाविश अग्रवाल ने भी इस दौर में एक अज्ञात राशि का निवेश किया है.

बता दें ओला इलेक्ट्रिक की स्थापना 2017 में हुई थी और 2019 में इसने यूनिकॉर्न क्लब में एंटर किया, जो सबसे तेज इंडियन यूनिकॉर्न बन गया. इसने टाइगर ग्लोबल मैनेजमेंट, सॉफ्टबैंक, टाटा संस, मैट्रिक्स पार्टनर्स, हुंडई मोटर और इसकी सहायक किआ मोटर्स जैसे कुछ प्रमुख निवेशकों से अब तक लगभग 307 मिलियन डॉलर जुटाए हैं. यूनिकॉर्न एक निजी कंपनी है जिसका मूल्य $ 1 बिलियन से अधिक है.


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