व्यापार

2026 में सबसे मजबूत स्थिति में प्रवेश कर रहा है भारत का बैंकिंग सिस्टम: रिपोर्ट

jantaserishta.com
10 Feb 2026 11:00 AM IST
2026 में सबसे मजबूत स्थिति में प्रवेश कर रहा है भारत का बैंकिंग सिस्टम: रिपोर्ट
x
नई दिल्ली: भारत का बैंकिंग क्षेत्र 2026 में अब तक की सबसे मजबूत स्थिति में प्रवेश कर रहा है। मजबूत आर्थिक वृद्धि, बेहतर परिसंपत्ति गुणवत्ता और बैंकों के पास मौजूद पर्याप्त पूंजी भंडार के कारण भारतीय बैंक आने वाली चुनौतियों से निपटने में सक्षम रहेंगे। अंतरराष्ट्रीय रेटिंग एजेंसी मूडीज रेटिंग्स ने भारत के बैंकिंग सिस्टम को लेकर सकारात्मक रुख जताया है और 'स्टेबल आउटलुक' बनाए रखा है। एजेंसी ने कहा है कि अगले 12 से 18 महीनों तक बैंकों के लिए कामकाजी माहौल अनुकूल बना रहेगा, जिसे नीतिगत स्थिरता और घरेलू मांग से समर्थन मिलेगा।
मूडीज ने अनुमान लगाया है कि वित्त वर्ष 2027 में भारत की वास्तविक जीडीपी वृद्धि दर 6.4 प्रतिशत रहेगी, जो जी-20 देशों में सबसे अधिक होगी। इससे बैंकों को कर्ज देने और अपने बैलेंस शीट का विस्तार करने में मदद मिलेगी। एजेंसी का कहना है कि देश की मजबूत आर्थिक स्थिति बैंकिंग सेक्टर के लिए एक मजबूत आधार तैयार कर रही है।
रिपोर्ट के मुताबिक, पूरे बैंकिंग सिस्टम में कर्ज की वृद्धि दर वित्त वर्ष 2027 में बढ़कर 11 से 13 प्रतिशत तक पहुंच सकती है, जबकि वित्त वर्ष 2026 में अब तक यह 10.6 प्रतिशत रही है। उपभोक्ता खर्च में बढ़ोतरी और सरकारी नीतियों के समर्थन से कर्ज मांग में सुधार देखने को मिलेगा। हालांकि, निर्यात से जुड़े कुछ छोटे और मझोले उद्योगों में दबाव की स्थिति बन सकती है, लेकिन मूडीज का मानना है कि बैंकों ने पहले से ही संभावित नुकसान को संभालने के लिए पर्याप्त प्रावधान कर रखे हैं।
मूडीज को उम्मीद है कि बैंकों का खराब कर्ज यानी एनपीएल अनुपात 2 से 2.5 प्रतिशत के दायरे में ही बना रहेगा। खुदरा कर्ज की गुणवत्ता स्थिर रहने की संभावना है, खासकर अच्छे और भरोसेमंद ग्राहकों के बीच। वहीं, बड़ी कंपनियों की मजबूत वित्तीय स्थिति और बेहतर मुनाफे के चलते कॉरपोरेट कर्ज की गुणवत्ता भी अच्छी बनी रहेगी।
एजेंसी के अनुसार, आने वाले समय में बैंकों की लाभप्रदता में भी धीरे-धीरे सुधार होगा। जमा पर ब्याज दरों में समय के साथ कमी आने की संभावना है, जबकि कर्ज पर ब्याज दरें फिलहाल स्थिर रह सकती हैं। भारतीय रिजर्व बैंक द्वारा 2025 में ब्याज दरों में की गई कटौती का असर बैंकों की आय पर सकारात्मक रूप से दिखाई देगा। इसके चलते वित्त वर्ष 2027 में बैंकों का कुल मुनाफा बढ़ सकता है।
मूडीज ने कहा कि भारतीय बैंकों की पूंजी स्थिति मजबूत बनी हुई है। पहले जुटाई गई पूंजी और आंतरिक कमाई के चलते बैंकों को फिलहाल नई पूंजी जुटाने की ज्यादा जरूरत नहीं है। हालांकि, अप्रैल 2027 से नए अंतरराष्ट्रीय लेखा मानकों और बैंकिंग नियमों को लागू किया जाएगा, जिससे पूंजी अनुपात पर थोड़ा असर पड़ सकता है, लेकिन इसका कुल प्रभाव सीमित रहने की उम्मीद है।
रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि बैंकों की फंडिंग और नकदी की स्थिति स्थिर बनी रहेगी। कर्ज और जमा की वृद्धि लगभग समान रहने की संभावना है। साथ ही, मूडीज ने दोहराया कि सरकारी बैंकों को सरकार का मजबूत समर्थन मिलता रहेगा, जिससे वैश्विक जोखिमों के बावजूद भारत का बैंकिंग सिस्टम सुरक्षित और स्थिर बना रहेगा।
jantaserishta.com

jantaserishta.com

भारत के भले ही किसी कोने में आप रह रहे हों, जनता से रिश्ता वेबसाइट पर आपके राज्य की हर छोटी-बड़ी खबर मिलेगी। राजनीति, खेल, चुनाव, बिजनेस, सिनेमा, इस प्लैटफॉर्म पर बस एक क्लिक करते ही हमेशा पाएं ताजा खबरें। उत्तर प्रदेश, बिहार, मध्य प्रदेश, राजस्थान, महाराष्ट्र, गुजरात, छत्तीसगढ़, झारखंड, हिमाचल प्रदेश, पंजाब, हरियाणा, जम्मू-कश्मीर, उत्तराखंड, पश्चिम बंगाल समेत देश के बाकी राज्यों और शहरों की कोई जानकारी हो, हम आपको देते हैं। सियासी रण हो या बजट का मौसम, कहां चल रहा क्या सियासी दांव-पेच, आपके गांव में किसकी सरकार, हर अपडेट यहां आपको मिलेंगे। तो फिर अपने राज्य की हर हलचल के लिए जुड़े रहिए जनता से रिश्ता के साथ।

    Next Story