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कई कर्ज चल रहे हैं तो घबराएं नहीं इन उपायों से संभलेगा बजट

Ratna Netam
30 Aug 2026 4:52 PM IST
कई कर्ज चल रहे हैं तो घबराएं नहीं इन उपायों से संभलेगा बजट
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बिजनेस : आज के समय में लोन लेना आम बात हो गई है। घर खरीदने के लिए होम लोन, गाड़ी के लिए ऑटो लोन, पढ़ाई के लिए एजुकेशन लोन, जरूरतों के लिए पर्सनल लोन और क्रेडिट कार्ड की बकाया राशि जैसी कई आर्थिक जिम्मेदारियां एक साथ चल सकती हैं। शुरुआत में छोटी लगने वाली ईएमआई (EMI) धीरे-धीरे महीने के बजट पर बड़ा दबाव डालने लगती है।
कई लोगों की सबसे बड़ी परेशानी यह होती है कि अलग-अलग तारीखों पर कई लोन की किस्तें जमा करनी पड़ती हैं। इससे भुगतान में गलती होने का खतरा बढ़ जाता है और ब्याज का बोझ भी बढ़ सकता है। ऐसे में सही प्लानिंग के जरिए कई लोन को भी आसानी से मैनेज किया जा सकता है।
अगर आपके ऊपर भी एक से ज्यादा लोन चल रहे हैं तो कुछ स्मार्ट तरीके अपनाकर आप अपने बजट को संतुलित रख सकते हैं।
1. सबसे पहले सभी लोन की पूरी जानकारी तैयार करें
कई लोग सबसे बड़ी गलती यही करते हैं कि उन्हें अपने कुल कर्ज का सही अंदाजा नहीं होता। इसलिए सबसे पहले एक लिस्ट बनाएं जिसमें हर लोन की जानकारी शामिल हो।
इस लिस्ट में लिखें:
* लोन की कुल राशि
* बची हुई रकम
* ब्याज दर
* हर महीने की EMI
* भुगतान की अंतिम तारीख
जब आपके सामने पूरी तस्वीर होगी तो आपको पता चलेगा कि कौन सा लोन ज्यादा महंगा पड़ रहा है और किसे पहले खत्म करना जरूरी है।
2. ज्यादा ब्याज वाले लोन को पहले खत्म करें
सभी लोन एक जैसे नहीं होते। कुछ लोन पर ब्याज बहुत ज्यादा होता है, जैसे क्रेडिट कार्ड बकाया या कुछ पर्सनल लोन। ऐसे कर्ज लंबे समय तक आपकी जेब पर भारी पड़ सकते हैं।
इसलिए कोशिश करें कि पहले ज्यादा ब्याज वाले लोन का भुगतान तेजी से किया जाए। इसे "डेट एवेलांच" रणनीति कहा जाता है, जिसमें सबसे ज्यादा ब्याज वाले कर्ज को प्राथमिकता दी जाती है।
उदाहरण के तौर पर अगर आपके पास:
* क्रेडिट कार्ड का 40 हजार रुपये बकाया है
* पर्सनल लोन चल रहा है
* कार लोन चल रहा है
तो पहले क्रेडिट कार्ड जैसे महंगे कर्ज को खत्म करना फायदेमंद हो सकता है।
3. लोन को एक जगह मिलाने पर विचार करें
अगर आपके पास कई छोटे-छोटे लोन हैं और हर महीने अलग-अलग EMI भरनी पड़ रही है, तो आप डेट कंसोलिडेशन यानी कई कर्ज को एक लोन में बदलने के विकल्प पर विचार कर सकते हैं।
इसमें कई पुराने लोन को चुकाकर एक नया लोन लिया जाता है, जिसकी एक ही EMI होती है। इससे भुगतान आसान हो सकता है और कई बार ब्याज का बोझ भी कम हो सकता है। हालांकि नया लोन लेने से पहले ब्याज दर, प्रोसेसिंग फीस और कुल भुगतान की तुलना जरूर करनी चाहिए।
4. नया कर्ज लेने से पहले बनाएं नियम
कई लोग पुराने लोन का बोझ कम नहीं कर पाते क्योंकि वे उसी दौरान नया लोन ले लेते हैं। इससे कर्ज का चक्र चलता रहता है।
अगर आपके ऊपर पहले से कई EMI चल रही हैं तो:
* गैर जरूरी खरीदारी से बचें
* क्रेडिट कार्ड का सीमित इस्तेमाल करें
* ऑफर देखकर तुरंत लोन लेने से बचें
* पहले पुराने कर्ज को कम करने पर ध्यान दें
याद रखें कि हर नई EMI आपके भविष्य की कमाई का हिस्सा पहले ही तय कर देती है।
5. हर महीने का बजट बनाकर चलें
कर्ज को नियंत्रित करने के लिए सबसे जरूरी है कि आपकी कमाई और खर्च का सही हिसाब हो।
महीने की शुरुआत में तय करें:
* कितनी रकम EMI में जाएगी
* कितना पैसा घर के खर्च के लिए चाहिए
* कितना पैसा बचत में रखना है
बजट बनाने से आपको पता चलता है कि कहां अनावश्यक खर्च हो रहा है और कहां कटौती की जा सकती है।
EMI भरने के लिए इमरजेंसी फंड जरूरी
कई बार अचानक नौकरी जाने, बीमारी या किसी बड़े खर्च की वजह से EMI भरना मुश्किल हो सकता है। इसलिए कोशिश करें कि धीरे-धीरे एक इमरजेंसी फंड तैयार करें।
अगर आपके पास कुछ महीनों के खर्च के बराबर बचत होगी तो अचानक आने वाली परेशानी में नया लोन लेने की जरूरत कम पड़ेगी।
छोटी बचत से भी बड़ा फर्क पड़ता है
कर्ज खत्म करने के दौरान छोटी-छोटी बचत भी महत्वपूर्ण होती है।
जैसे:
* बाहर खाने का खर्च कम करना
* गैर जरूरी सब्सक्रिप्शन बंद करना
* खरीदारी से पहले जरूरत समझना
* अतिरिक्त आय के साधन तलाशना
इन छोटी आदतों से बचा पैसा सीधे लोन चुकाने में लगाया जा सकता है।
कर्ज खत्म करने के लिए अनुशासन सबसे जरूरी
कई लोन होना हमेशा समस्या नहीं है, लेकिन बिना योजना के कर्ज लेना परेशानी जरूर बन सकता है। सही रणनीति, नियमित भुगतान और खर्चों पर नियंत्रण रखकर बड़े से बड़ा कर्ज भी धीरे-धीरे खत्म किया जा सकता है।
सबसे जरूरी बात यह है कि लोन को बोझ नहीं बल्कि एक जिम्मेदारी की तरह देखें। समय पर EMI भुगतान, सही बजट और समझदारी भरे फैसले आपकी आर्थिक स्थिति को मजबूत बना सकते हैं।
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