व्यापार

ऑटोमेशन एनीवेयर ने पेश की नई AI क्षमताएं, कंपनियों को ऑटोनॉमस एंटरप्राइज बनाने पर जोर

Kavita2
13 July 2026 11:46 AM IST
ऑटोमेशन एनीवेयर ने पेश की नई AI क्षमताएं, कंपनियों को ऑटोनॉमस एंटरप्राइज बनाने पर जोर
x

Business बिजनेस: एजेंटिक प्रोसेस ऑटोमेशन (APA) क्षेत्र में काम करने वाली वैश्विक टेक्नोलॉजी कंपनी ऑटोमेशन एनीवेयर ने कंपनियों को भविष्य के ऑटोनॉमस एंटरप्राइज में बदलने के लिए नई क्षमताएं पेश की हैं। कंपनी का कहना है कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और ऑटोमेशन के बढ़ते प्रभाव के बीच कारोबारी संस्थानों को ऐसी तकनीक की जरूरत है, जो न केवल काम को आसान बनाए बल्कि खुद निर्णय लेने और प्रक्रियाओं को संचालित करने में भी सक्षम हो।

ऑटोमेशन एनीवेयर का APA प्लेटफॉर्म दुनिया भर में हेल्थकेयर, फाइनेंशियल सर्विसेज और अन्य प्रमुख क्षेत्रों की हजारों संस्थाओं द्वारा इस्तेमाल किया जा रहा है। कंपनी अब अपने प्लेटफॉर्म में नई AI आधारित सुविधाएं जोड़कर संगठनों को अधिक तेज, स्मार्ट और आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में काम कर रही है।

बेंगलुरु में आयोजित कंपनी के AI और ऑटोमेशन इवेंट IMAGINE 2026 के दौरान कंपनी के को-फाउंडर और चीफ ऑपरेटिंग ऑफिसर (COO) अंकुर कोठारी तथा चीफ AI एंड डेवलपमेंट ऑफिसर आदि कुरुगंती ने कंपनी की नई रणनीति और AI के भविष्य को लेकर चर्चा की।

उन्होंने बताया कि मौजूदा दौर में कंपनियां केवल सामान्य ऑटोमेशन से आगे बढ़कर एजेंटिक ऑटोमेशन की ओर बढ़ रही हैं। पारंपरिक ऑटोमेशन में जहां पहले से तय नियमों के आधार पर काम किया जाता था, वहीं एजेंटिक AI सिस्टम परिस्थितियों को समझकर बेहतर निर्णय लेने और कार्यों को पूरा करने में सक्षम होते हैं।

अंकुर कोठारी ने कहा कि आने वाले समय में एंटरप्राइज कंपनियों के काम करने का तरीका पूरी तरह बदल सकता है। AI एजेंट्स कर्मचारियों के साथ मिलकर जटिल प्रक्रियाओं को संभालेंगे और व्यवसायों को अधिक प्रभावी तरीके से संचालन करने में मदद करेंगे।

उन्होंने कहा कि कंपनियों के लिए अब सबसे बड़ी जरूरत ऐसी तकनीक की है, जो केवल कार्यों को स्वचालित न करे, बल्कि बिजनेस की जरूरतों को समझते हुए बेहतर परिणाम भी दे सके।

कंपनी के अनुसार, AI आधारित ऑटोमेशन का सबसे बड़ा फायदा उन क्षेत्रों में देखने को मिलेगा, जहां बड़ी मात्रा में डेटा और दोहराए जाने वाले कार्य होते हैं। हेल्थकेयर और फाइनेंशियल सेक्टर जैसे क्षेत्रों में दस्तावेजों की जांच, ग्राहक सेवा, डेटा प्रोसेसिंग और अनुपालन से जुड़े कामों को AI की मदद से अधिक तेज और सटीक बनाया जा सकता है।

आदि कुरुगंती ने कहा कि AI को अपनाते समय सुरक्षा और भरोसे का ध्यान रखना जरूरी है। कंपनियों को ऐसे AI समाधान चाहिए जो डेटा की सुरक्षा सुनिश्चित करें और नियमों के अनुसार काम करें।

उन्होंने बताया कि ऑटोमेशन एनीवेयर का फोकस ऐसे AI सिस्टम विकसित करने पर है, जो कंपनियों को डिजिटल वर्कफोर्स तैयार करने में मदद करें। इससे कर्मचारी अधिक रणनीतिक और रचनात्मक कार्यों पर ध्यान दे सकेंगे, जबकि नियमित प्रक्रियाओं को AI संभाल सकेगा।

IMAGINE 2026 कार्यक्रम में AI, ऑटोमेशन और डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन से जुड़े कई मुद्दों पर चर्चा की गई। उद्योग विशेषज्ञों ने बताया कि आने वाले वर्षों में AI केवल तकनीकी विभाग तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि हर बिजनेस यूनिट के कामकाज का अहम हिस्सा बन जाएगा।

भारत में भी AI और ऑटोमेशन को लेकर कंपनियों की रुचि तेजी से बढ़ रही है। बैंकिंग, बीमा, आईटी, मैन्युफैक्चरिंग और हेल्थकेयर जैसे क्षेत्रों में डिजिटल समाधान अपनाने की गति तेज हुई है।

विशेषज्ञों का मानना है कि एजेंटिक AI कंपनियों को प्रतिस्पर्धा में आगे रहने में मदद कर सकता है। हालांकि, इसके लिए संगठनों को कर्मचारियों को नई तकनीकों के लिए तैयार करना होगा और AI के जिम्मेदार इस्तेमाल पर ध्यान देना होगा।

ऑटोमेशन एनीवेयर लंबे समय से रोबोटिक प्रोसेस ऑटोमेशन (RPA) और अब एजेंटिक प्रोसेस ऑटोमेशन के क्षेत्र में काम कर रही है। कंपनी का लक्ष्य संगठनों को ऐसी तकनीक उपलब्ध कराना है, जिससे वे अपने कामकाज को अधिक डिजिटल और स्वचालित बना सकें।

कंपनी का मानना है कि भविष्य के एंटरप्राइज केवल ऑटोमेटेड नहीं होंगे, बल्कि AI की मदद से खुद निर्णय लेने और बदलती परिस्थितियों के अनुसार काम करने में सक्षम होंगे।

ऑटोमेशन एनीवेयर की नई AI क्षमताएं इसी दिशा में एक कदम मानी जा रही हैं। कंपनी को उम्मीद है कि इन तकनीकों के जरिए दुनिया भर के संगठन अपनी उत्पादकता बढ़ा सकेंगे और डिजिटल युग की नई चुनौतियों का सामना बेहतर तरीके से कर पाएंगे।

Next Story