वर्ल्ड | एप्रिल फूल्स डे 2025 पर, रेडिट पर एक चर्चा में कुछ ऐसे प्रैंक शेयर किए गए, जो बाद में असली साबित हुए। कई उपयोगकर्ताओं ने बताया कि कैसे कुछ मजाकिया घोषणाओं ने वास्तव में सच्चाई का रूप ले लिया।
इनमें से एक प्रमुख उदाहरण था, जब कुछ साल पहले 'WiiDS' नामक एक कंसोल की घोषणा की गई थी, जो शुरुआत में एक मजाक समझा गया था, लेकिन बाद में यह निन्टेंडो स्विच के रूप में सामने आया। इसके अलावा, गूगल की जीमेल सेवा को भी एप्रिल फूल्स डे पर एक मजाक के रूप में पेश किया गया था, जो अब सबसे लोकप्रिय ईमेल सेवा बन चुकी है।
यह साबित करता है कि कभी-कभी प्रैंक इतनी सटीक होती हैं कि वे असलियत में बदल जाती हैं, और एप्रिल फूल्स डे पर की गई मजाकिया घोषणाओं ने साबित कर दिया कि कुछ मजाक कभी-कभी बहुत हद तक सच भी हो सकते हैं।